बड़ी टेक कंपनियों ने की हजारों जॉब्स में कटौती

अमेरिका में टेक कंपनियों ने 45,000 से अधिक वर्कर्स की छंटनी की है। कुछ कंपनियों ने जॉब्स में कमी करने और अन्यों ने हायरिंग पर रोक लगाने की जानकारी दी है

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Written by आकाश आनंद, अपडेटेड: 8 नवंबर 2022 14:25 IST
ख़ास बातें
  • कुछ कंपनियों ने जॉब्स घटाने और अन्यों ने हायरिंग रोकने की जानकारी दी है
  • स्लोडाउन के कारण कस्टमर्स ने खर्च में कटौती की है
  • टेक कंपनियों को रेवेन्यू में कमी होने की आशंका है

​Microsoft ने बताया है कि रेवेन्यू में कमी की आशंका के कारण अतिरिक्त वर्कर्स को हटाया गया है

दुनिया भर में इंटरेस्ट रेट्स बढ़ने, कंज्यूमर्स के खर्च घटाने और स्लोडाउन के कारण बहुत सी टेक कंपनियों ने हायरिंग पर रोक लगा दी है। अमेरिका में टेक कंपनियों ने 45,000 से अधिक वर्कर्स की छंटनी की है। कुछ कंपनियों ने जॉब्स में कमी करने और अन्यों ने हायरिंग पर रोक लगाने की जानकारी दी है। 

इनमें से बहुत सी कंपनियों ने महामारी के दौरान ऑनलाइन खर्च में तेजी आने के कारण काफी ग्रोथ की थी। इन कंपनियों के सीनियर एग्जिक्यूटिव्स का कहना है कि उन्होंने जरूरत से अधिक हायरिंग की थी। हार्ड ड्राइव मेकर Seagate Technology ने पिछले महीने अपनी वर्कफोर्स को 8 प्रतिशत घटाने की घोषणा की थी। कंपनी ने इसके लिए इकोनॉमिक स्थिति अनिश्चित होने और इसके पार्ट्स की डिमांड कम होने जैसे कारण बताए थे। ​Seagate के  CEO, Dave Mosley ने बताया था कि कस्टमर्स के पास अतिरिक्त इनवेंटरी है और इससे ऑर्डर्स पर असर पड़ रहा है। 

चिप्स बनाने वाली ग्लोबल कंपनी ​Intel अगले वर्ष तीन अरब डॉलर बचाने के लिए नए प्लांट्स पर खर्च कम करने के साथ ही जॉब्स को घटा रही है। पर्सनल कंप्यूटर्स की डिमांड कम होने के कारण कंपनी के चिप्स के लिए ऑर्डर्स घटे हैं और इस वजह से स्टाफ में भी कटौती हो रही है। कंपनी में छंटनी का असर सेल्स और मार्केटिंग टीमों पर अधिक होगा। बड़ी सॉफ्टवेयर कंपनियों में से एक ​Microsoft ने बताया है कि उसके रेवेन्यू में कमी आने की आशंका के कारण अतिरिक्त वर्कर्स को हटाया गया है। कंपनी के विंडोज लाइसेंस की सेल्स घटी है और इससे रेवेन्यू भी कम हो सकता है। 

माइक्रो ब्लॉगिंग साइट Twitter ने अपनी वर्कफोर्स में से लगभग आधे की छंटनी कर दी है। दुनिया के सबसे रईस व्यक्ति Elon Musk के ट्विटर को खरीदने के बाद कंपनी में बड़े बदलाव किए जा रहे हैं। इनमें वर्कफोर्स को घटाना और ट्विटर ब्लू के लिए प्रति माह लगभग आठ डॉलर का चार्ज लेना शामिल है। ट्विटर को बहुत सी कंपनियों ने विज्ञापन देना भी बंद कर दिया है और इससे कंपनी के रेवेन्यू पर बड़ा असर पड़ सकता है। अमेरिकी क्रिप्टो एक्सचेंज ​Coinbase ने स्लोडाउन का कारण बताते हुए अपने स्टाफ में से लगभग 18 प्रतिशत की छंटनी की है। इसके अलावा Netflix, ​Snap और  Shopify जैसी कंपनियां भी अपनी वर्कफोर्स को घटाने की योजना बना रही हैं।  
 
 

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Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी ...और भी

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