• होम
  • इंटरनेट
  • ख़बरें
  • Google Chrome यूजर्स अलर्ट! ब्राउजर में आ रहा ये तगड़ा सिक्योरिटी फीचर, जानें कैसे करेगा काम

Google Chrome यूजर्स अलर्ट! ब्राउजर में आ रहा ये तगड़ा सिक्योरिटी फीचर, जानें कैसे करेगा काम

Google Chrome दुनिया का सबसे ज्यादा इस्तेमाल किया जाना वाला वेब ब्राउजर बताया जाता है जिसका मार्केट शेयर लगभग 70% है।

Google Chrome यूजर्स अलर्ट! ब्राउजर में आ रहा ये तगड़ा सिक्योरिटी फीचर, जानें कैसे करेगा काम

Google Chrome इस्तेमाल करने वाले यूजर्स के लिए बड़ा अपडेट गूगल लेकर आ रहा है।

ख़ास बातें
  • यह यूजर के होम नेटवर्क के लिए एक शील्ड की तरह काम करता है।
  • क्रोम का नया सिक्योरिटी फीचर एक चेकपॉइंट की तरह काम करता है।
  • कंपनी इसकी सिक्योरिटी को अब एक लेयर और पहनाने जा रही है।
विज्ञापन
Google Chrome इस्तेमाल करने वाले यूजर्स के लिए एक बड़ा अपडेट गूगल लेकर आ रहा है। गूगल क्रोम ब्राउजर अब कहीं ज्यादा सेफ होने जा रहा है। इसमें जल्द ही एक ऐसा सिक्योरिटी फीचर आने वाला है जो यूजर के होम नेटवर्क की सुरक्षा करेगा ताकि कोई इसमें सेंध लगाकर अन्य डिवाइसेज के साथ छेड़छाड़ न कर सके। इस सिक्योरिटी फीचर का नाम Private Network Access for Navigation Requests रखा गया है जो कि इसका कोडनेम है। आइए जानते हैं इस नए सेफ्टी फीचर के बारे में। 

गूगल क्रोम का नया सेफ्टी फीचर काफी काम का साबित होने वाला है। क्रोम के इस नए सेफ्टी फीचर को XDA Developers द्वारा स्पॉट किया गया है। रिपोर्ट के मुताबिक Chromstatus पर इस फीचर का जिक्र किया गया है। जिसमें कि फीचर वेबसाइट ब्राउजिंग के दौरान मिलने वाली नेविगेशन रिक्वेस्ट को ब्लॉक कर देता है। जिससे कि यह यूजर के होम नेटवर्क के लिए एक शील्ड की तरह काम करता है। आमतौर पर किसी लिंक पर क्लक करने या किसी नई वेबसाइट पर जाते समय प्रोसेस बड़ा स्मूद दिखता है। लेकिन कुछ वेबसाइट्स ऐसी भी होती हैं जो चुपके से यूजर को ऐसी वेबसाइट्स पर भेज देती हैं जो कि नुकसानदेह हो सकती हैं।

क्रोम का नया सिक्योरिटी फीचर एक चेकपॉइंट की तरह काम करता है जो खतरनाक वेबसाइट्स से प्राप्त होने वाली नेविगेशन रिक्वेस्ट को ब्लॉक कर देता है। तो इससे पहले कि इन वेबसाइट्स के द्वारा आपके अन्य डिवाइसेज को नुकसान पहुंचाया जाए, ये उन्हें वहीं पर रोक देता है। Private Network Access सिक्योरिटी फीचर के तहत ब्राउजर रिक्वेट का ओरिजिन पॉइंट चेक करता है, फिर देखता है कि यह एक सिक्योर सोर्स से आई है या नहीं। उसके बाद यह डेस्टिनेशन वेबसाइट को भी चेक करता है कि इस नेविगेशन रिक्वेस्ट एक्सेप्ट करने का चेकपॉइंट है या नहीं। कुल मिलाकर यह दोनों तरफ से वेबसाइट्स, और डिवाइस को चेक करता है। यह सुनिश्चित करता है कि इसमें किसी तरह का मालवेयर तो नहीं। 

Google Chrome दुनिया का सबसे ज्यादा इस्तेमाल किया जाना वाला वेब ब्राउजर बताया जाता है जिसका मार्केट शेयर लगभग 70% है। Mac, Windows या अन्य ऑपरेटिंग सिस्टम पर पाए जाने वाले ब्राउजर के होते हुए भी यूजर क्रोम को इस्तेमाल करते हैं। जिससे यह एक पॉपुलर ब्राउजर बन जाता है। इसी कारण यह साइबर अटैक के लिए भी हैकर्स की पहली पसंद बन जाता है। इसलिए कंपनी इसकी सिक्योरिटी को अब एक लेयर और पहनाने जा रही है। चूंकि इंटरनेट के युग में घरों में लगभग सभी डिवाइसेज इंटरनेट कनेक्टेड होते हैं, जिसमें घर के सिक्योरिटी लॉक भी शामिल हैं, इस लिहाज से गूगल क्रोम की सिक्योरिटी को लेकर और भी गंभीर नजर आ रही है। 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

हेमन्त कुमार

हेमन्त कुमार Gadgets 360 में सीनियर सब-एडिटर हैं और विभिन्न प्रकार के ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Bitcoin पर ट्रंप के टैरिफ की मार, 63,000 डॉलर से नीचे गिरा प्राइस
  2. iQOO Z11x में मिल सकता है MediaTek Dimensity 7400, Geekbench पर हुई लिस्टिंग
  3. WhatsApp पर यूजर्स की बढ़ेगी प्राइवेसी, डेटा शेयर करने का मिलेगा ऑप्शन
  4. 120Hz डिस्प्ले, Dolby Atmos सपोर्ट वाला 65-इंच Kodak IconiK 4K Mini QD LED TV भारत में लॉन्च, जानें कीमत
  5. Rainbow Six Mobile भारत में खेलने के लिए उपलब्ध, COD: Mobile और BGMI को देगा सीधी टक्कर!
  6. OnePlus 15T में मिल सकती है 8,000mAh तक बैटरी, जल्द लॉन्च की तैयारी
  7. SIM बदली तो WhatsApp एक्सेस हो जाएगा बंद? नए फीचर को टेस्ट कर रहा है प्लेटफॉर्म
  8. Realme P4 Lite की भारत में शुरू हुई बिक्री, जानें प्राइस, ऑफर्स
  9. स्वदेशी कंपनी Ai+ ने भारत में लॉन्च किए सस्ते ईयरबड्स और स्मार्टवॉच, कीमत 699 रुपये से शुरू
  10. Samsung Galaxy S26 Series में मिल सकती है 5,000mAh तक की कैपेसिटी वाली बैटरी
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »