Apple Layoff : ऐपल में बहुत बड़ी छंटनी, 600 कर्मचारियों को निकाला गया, जानें वजह

Apple Layoff : छंटनी हुए कर्मचारियों में से 87 ने नेक्‍स्‍ट-जेनरेशन स्‍क्रीन डेवलपमेंट पर काम किया था। बाकी कर्मचारी ऐपल के कार प्रोजेक्‍ट से जुड़े थे और कंपनी की अलग-अलग बिल्डिंगों में काम करते थे।

Apple Layoff : ऐपल में बहुत बड़ी छंटनी, 600 कर्मचारियों को निकाला गया, जानें वजह

फरवरी महीने के आखिर में ही ऐपल ने दोनों प्रोजेक्‍ट्स को बंद करना शुरू कर दिया था।

ख़ास बातें
  • ऐपल में हुई बहुत बड़ी छंटनी
  • 600 लोगों को निकाला गया
  • कार और डिस्‍प्‍ले प्रोजेक्‍ट से जुड़े थे
विज्ञापन
Apple Layoff : टेक दिग्‍गज ऐपल (Apple) में बड़ी छंटनी हुई है। एक रिपोर्ट के अनुसार, ऐपल ने कैलिफोर्निया में 600 से ज्‍यादा कर्मचारियों को निकाल दिया है। यह फैसला कार और स्‍मार्टवॉच डिस्‍प्‍ले प्रोजेक्‍ट्स को बंद करने के तहत लिया गया है। इसका यह मतलब भी है कि ऐपल कार प्रोजेक्‍ट अब अनिश्चितताओं से घिर गया है। एनडीटीवी ने ब्‍लूमबर्ग के हवाले से यह रिपोर्ट पब्लिश की है। कर्मचारियों की छंटनी की जानकारी कैलिफोर्निया एम्‍प्‍लॉयमेंट डेवलपमेंट डिपार्टमेंट की फाइलिंग से हुई है।  

रिपोर्ट के अनुसार, छंटनी हुए कर्मचारियों में से 87 ने नेक्‍स्‍ट-जेनरेशन स्‍क्रीन डेवलपमेंट पर काम किया था। बाकी कर्मचारी ऐपल के कार प्रोजेक्‍ट से जुड़े थे और कंपनी की अलग-अलग बिल्डिंगों में काम करते थे। रिपोर्ट कहती है कि फरवरी महीने के आखिर में ही ऐपल ने दोनों प्रोजेक्‍ट्स को बंद करना शुरू कर दिया था। 

कार प्रोजेक्‍ट को रद्द करने की एक वजह इसमें आने वाली लागत को बताया जा रहा है। अधिकारी इस प्रोजेक्‍ट को लेकर ठोस फैसला नहीं कर पाए। डिस्‍प्‍ले प्रोग्राम को बंद करने की वजह इंजीनियरिंग, सप्‍लायर और लागत से जुड़ी चुनौतियों को बताया जा रहा है।   

रिपोर्टों के अनुसार, कैलिफोर्निया के सांता क्‍लारा में स्थित ऐपल के मुख्‍य कार संबंधी ऑफ‍िस से ही 371 कर्मचारियों को बाहर किया गया है। इसके अलावा तमाम सैटेलाइट ऑफ‍िसेज से भी छंटनी की गई है। कार प्रोजेक्‍ट से जुड़े कई कर्मचारियों को कंपनी ने दूसरे डिपार्टमेंट में शिफ्ट भी किया है जैसे- आर्टिफ‍िशियल इंटेलिजेंस और पर्सनल रोबोटिक्‍स। 

कितने कर्मचारियों को छंटनी के तहत निकाला गया है, इस पर कमेंट देने से ऐपल के प्रवक्‍ता ने इनकार कर दिया। 

इस साल की शुरुआत में खबर आई थी कि Apple ने इलेक्ट्रिक वीकल (EV) के लॉन्च की अपनी योजना में बदलाव किया है। यह प्रोजेक्ट लगभग एक दशक पहले शुरू हुआ था, जिसके 2028 से पहले लॉन्च होने की संभावना नहीं है। ऐसी रिपोर्ट थी कि कंपनी के बोर्ड ने प्रोटोटाइप के बिना हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर पर लाखों डॉलर खर्च करने के बाद इसके मैनेजमेंट पर प्रेशर डाला। 
 

Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Oppo F35 सीरीज में मिलेगा 50 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा, अगले सप्ताह भारत में लॉन्च
  2. Samsung Galaxy Tab S12 Ultra, Galaxy Tab S12+ लॉन्च, 11600mAh की बड़ी बैटरी और 16GB तक RAM
  3. Jio का तगड़ा ऑफर, ₹1,499 वाला JioBharat 4G फोन पड़ेगा सिर्फ ₹299, जानें सबकुछ
  4. Google Pixel 11a में मिल सकती है डुअल रियर कैमरा यूनिट, जल्द लॉन्च की तैयारी
  5. Oppo K15s हुआ लॉन्च, 8000mAh बैटरी के साथ मिलिट्री-ग्रेड प्रोटेक्शन का दावा; जानें कीमत और फीचर्स
  6. Apple के फोल्डेबल स्मार्टफोन की घट सकती है सप्लाई, मैन्युफैक्चरिंग में देरी का असर
  7. Google Fitbit Air: दिल के मरीजों के लिए मददगार, हार्ट रेट ट्रैकिंग करेगा, बैटरी चलेगी 7 दिन तक
  8. Vivo X Fold 6 के इंटरनेशनल मार्केट में लॉन्च की तैयारी, यूरोप में हुई लिस्टिंग
  9. कल 1 अक्टूबर से बदल रहा LPG सिलेंडर बुकिंग का नियम, नहीं किया e-KYC तो महंगा मिलेगा सिलेंडर
  10. Oppo K14 Plus 5G vs Vivo T5x 5G vs OnePlus Nord CE6 Lite: खरीदने से पहले जानें किसके फीचर्स बेस्ट?
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »