Bitcoin माइनिंग के लिए ‘कोयले की राख’ से बिजली पैदा कर रही यह अमेरिकी कंपनी

कंपनी का मकसद अमेरिका के नेशनल एनर्जी नेटवर्क को नुकसान ना पहुंचाते हुए एक बायप्रोडक्‍ट को इस्‍तेमाल करना है।

Bitcoin माइनिंग के लिए ‘कोयले की राख’ से बिजली पैदा कर रही यह अमेरिकी कंपनी

कंपनी दशकों पुराने बिजली संयंत्रों द्वारा छोड़ी गई कोयले की राख का इस्‍तेमाल करके बिजली बनाती है।

ख़ास बातें
  • स्ट्रॉन्गहोल्ड डिजिटल माइनिंग नाम की कंपनी ने यह तरीका खोजा है
  • कंपनी दशकों पुराने बिजली संयंत्रों द्वारा छोड़ी गई कोयले की राख जुटाती है
  • इसे पेंसिल्वेनिया में पास की ही एक खदान से इकट्ठा किया जाता है
विज्ञापन
क्रिप्‍टोकरेंसी (cryptocurrency) माइनिंग में बेतहाशा बिजली खर्च होती है, जो दुनियाभर की सरकारों के लिए चिंता का बड़ा विषय है। हाल के महीनों में कई देशों को इस वजह से बिजली संकट से जूझना पड़ा। इसके बाद वहां की सरकारों ने क्रिप्‍टो माइनिंग को लेकर सख्‍त फैसले लिए। जॉर्जिया के सवेनेती शहर के लोगों को पवित्र शपथ दिलाई गई, ताकि वो क्रिप्‍टो माइनिंग ना करें। रूस के इरकुत्स्क रीजन और कजाकिस्‍तान में क्रिप्‍टो माइनिंग करने वालों पर कार्रवाई हुई। हालांकि कुछ उदाहरण ऐसे भी हैं, जो क्रिप्‍टो माइनिंग के दूसरे विकल्‍प इस्‍तेमाल कर रहे हैं। 

अमेरिका के पेंसिल्वेनिया में स्थित क्रिप्टोकरेंसी माइनिंग कंपनी ‘स्ट्रॉन्गहोल्ड डिजिटल माइनिंग' अपने सैकड़ों सुपर कंप्यूटरों को बिजली देने के लिए कोयले के कचरे (कोल वेस्‍ट) का इस्तेमाल करती है। कंपनी का मकसद अमेरिका के नेशनल एनर्जी नेटवर्क को नुकसान ना पहुंचाते हुए एक बायप्रोडक्‍ट को इस्‍तेमाल करना है। 

cryptopotato ने रिपोर्ट में बताया है कि स्ट्रॉन्गहोल्ड डिजिटल माइनिंग ने अपने संचालन के लिए बिजली पैदा करने का वैकल्पिक तरीका खोजा है। कंपनी दशकों पुराने बिजली संयंत्रों द्वारा छोड़ी गई कोयले की राख का इस्‍तेमाल करके बिजली बनाती है। इसे पेंसिल्वेनिया में पास की ही एक खदान से इकट्ठा किया जाता है। प्रोसेस होने के बाद राख को बायप्रोडक्ट बॉयलर बिल्डिंग में पहुंचाया जाता है, जहां इससे बिजली पैदा की जाती है और वह बिजली सैकड़ों सुपर कंप्यूटरों तक पहुंचकर क्रिप्‍टोकरेंसी माइनिंग करती है। 

कंपनी की इस कोशिश से कोयले की राख को पेंसिल्वेनिया की आबादी तक पहुंचने से रोकने में भी मदद मिली है। गौरतलब है कि अगर कोयले की राख को आइसोलेट नहीं किया गया, तो यह ग्राउंड वॉटर में मिल सकती है और प्रदूषण बढ़ा सकती है। कोयले की राख में हैवी मेटल्‍स होते हैं, जिन्हें कार्सिनोजेनिक माना जाता है।

इस बारे में कंपनी के चीफ एग्‍जीक्‍यूटिव ऑफ‍िसर ग्रेग बियर्ड ने कहा कि बिटकॉइन माइनिंग नेटवर्क दुनिया का सबसे बड़ा डीसेंट्रलाइज्‍ड कंप्यूटर नेटवर्क है। इसमें बेतहाशा बिजली खर्च होती है। इसीलिए बिटकॉइन माइनिंग के लिए सही पावर प्लांट का पता लगाना बहुत मायने रखता है।

बिटकॉइन माइनिंग को लेकर ‘स्ट्रॉन्गहोल्ड डिजिटल माइनिंग' की पहल अच्‍छी है। लेकिन हर कोई ऐसा नहीं कर रहा। इस साल की शुरुआत में आठ अमेरिकी सांसदों ने बिटकॉइन माइनिंग करने वालीं कंपनियों से यह बताने के लिए कहा था कि वो इस काम में कितनी बिजली इस्‍तेमाल करती हैं। 6 कंपनियों को लेटर भेजा गया था। कंपन‍ियों से पूछा गया था कि वो कितनी बिजली का इस्‍तेमाल करती हैं। वह बिजली कहां से आती है और कंपनियां बिजली उत्‍पादन बढ़ाने के लिए क्‍या योजना बना रही हैं। 
 

भारतीय एक्सचेंजों में क्रिप्टोकरेंसी की कीमतें

Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Poco X8 Pro सीरीज जल्द होगी लॉन्च, दो मॉडल हो सकते हैं शामिल 
  2. 6,300mAh की बैटरी के साथ लॉन्च हुआ Realme Note 80, जानें प्राइस, स्पेसिफिकेशंस
  3. Hisense ने भारत में लॉन्च किए मोबाइल कनेक्टिविटी और AI स्मार्ट मोड वाले नए AC, जानें कीमत
  4. OnePlus 15T में होगा कॉम्पैक्ट डिजाइन, 6.32 इंच फ्लैट डिस्प्ले
  5. 200MP कैमरा और 7000mAh बैटरी वाला Vivo V70 FE लॉन्च, जानें कीमत
  6. Oppo Find N6 जल्द होगा इंटरनेशनल मार्केट में लॉन्च, AI Pen के लिए मिलेगा सपोर्ट
  7. अंगूठी के साइज में 1TB स्टोरेज! Sandisk का नया USB-C फ्लैश ड्राइव लॉन्च, कीमत Rs 2 हजार से शुरू
  8. Vivo X300s में मिलेगा 6.78 इंच डिस्प्ले, जल्द लॉन्च की तैयारी
  9. e-PAN डाउनलोड के नाम पर आ रहे फर्जी ईमेल, PIB फैक्ट चेक ने किया सावधान, न करें क्लिक
  10. iQOO Z11 का टीजर जारी, 9020mAh की विशाल बैटरी के साथ दमदार गेमिंग फीचर्स से लैस
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »