Tencent ने सरकार की सख्ती के डर से बंद किया NFT ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म

इसे बंद करने का प्रमुख कारण चीन सरकार की सख्त पॉलिसीज हैं जिनके तहत डिजिटल कलेक्टिबल्स को खरीदने के बाद सेकेंडरी मार्केट में बेचने पर रोक है

Tencent ने सरकार की सख्ती के डर से बंद किया NFT ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म

इस प्लेटफॉर्म को बंद करने की प्रक्रिया लगभग दो महीने पहले शुरू हुई थी

ख़ास बातें
  • इस प्लेटफॉर्म से जुड़े सीनियर एग्जिक्यूटिव्स को ट्रांसफर किया गया है
  • इसे बंद करने का प्रमुख कारण चीन सरकार की सख्त पॉलिसीज हैं
  • NFT का कारोबार बढ़ने के साथ इससे जुड़े स्कैम के मामलों में भी तेजी आई है
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चीन की बड़ी टेक कंपनियों में शामिल Tencent ने अपने दो नॉन-फंजिबल टोकन (NFT) मार्केटप्लेसेज में से एक को बंद कर दिया है। इस प्लेटफॉर्म से जुड़े सीनियर एग्जिक्यूटिव्स को ट्रांसफर किया गया है। इसे बंद करने का प्रमुख कारण चीन सरकार की सख्त पॉलिसीज हैं जिनके तहत डिजिटल कलेक्टिबल्स को खरीदने के बाद सेकेंडरी मार्केट में बेचने पर रोक है।

एक स्थानीय समाचार पत्र की रिपोर्ट के अनुसार, इस प्लेटफॉर्म को बंद करने की प्रक्रिया लगभग दो महीने पहले शुरू हुई थी। इस महीने की शुरुआत में डिजिटल कलेक्टिबल सेक्शन को Tencent के न्यूज ऐप से हटा दिया गया था। इस प्लेटफॉर्म से ट्रांसफर किए गए एग्जिक्यूटिव्स में Tencent की न्यूज डिविजन के पूर्व इंचार्ज Wang Shimu शामिल हैं। चीन में सरकार की ओर से कड़े कदम उठाने के डर से कुछ सोशल मीडिया कंपनियों ने अपने डिजिटल कलेक्टिबल्स बिजनेस को समेट दिया है। इनमें Alibaba, Weibo और WeChat शामिल हैं। 

हाल ही में चीन के सबसे लोकप्रिय इंस्टेंट मैसेजिंग और कॉलिंग ऐप WeChat ने अपने प्लेटफॉर्म पर क्रिप्टो से जुड़ी एक्टिविटीज पर रोक लगा दी थी। WeChat ने इसे अवैध कारोबार की कैटेगरी में डाल दिया है। NFT में ब्लॉकचेन टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल से यूनीक आइटम्स के टोकन्स को ऑथेंटिकेट किया जाता है जो दोबारा प्रोड्यूस किए जा सकने वाले डिजिटल एसेट्स से जुड़े होते हैं। इनमें आर्ट, म्यूजिक, इन-गेम आइटम्स और वीडियो शामिल हो सकते हैं। इनकी ऑनलाइन ट्रेडिंग की जा सकती है लेकिन इन्हें डुप्लिकेट नहीं किया जा सकता। 

इस सेगमेंट में कारोबार बढ़ने के साथ ही स्कैम के मामलों में भी तेजी आई है। ऐसे कुछ मामलों में NFT खरीदने वालों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। अमेरिका में इस सेगमेंट से जुड़े धोखाधड़ी के कुछ बड़े मामलों का खुलासा हुआ है। इनमें कुछ आरोपियों को गिरफ्तार भी किया गया है। इन मामलों से इस सेगमेंट में ट्रेडिंग को लेकर आशंका बढ़ी है। NFT की लोकप्रियता में भी बढ़ोतरी हो रही है। स्पोर्ट्स क्लब, ऑटोमोबाइल कंपनियां और पॉप स्टार्स भी इस कारोबार में उतर रहे हैं। हाल ही में चीन में फाइनेंशियल और सिक्योरिटी ऑर्गनाइजेशंस ने NFT से जुड़े वित्तीय जोखिमों के खिलाफ चेतावनी दी थी। फाइनेंशियल सर्विसेज कंपनी मास्टरकार्ड की ओर से हाल ही में 40 देशों में लगभग 35,000 लोगों के एक सर्वे में पता चला था कि इनमें से लगभग 45 प्रतिशत लोगों ने NFT खरीदे हैं या खरीद सकते हैं।  
 
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