शुक्र ग्रह पर जीवन संभव होने का दावा करने वाले वैज्ञानिकों को झटका! जानें क्‍या कह रही नई रिसर्च

विशेषज्ञों के अनुसार, शुक्र ग्रह की कैमिस्‍ट्री पृथ्वी से काफी अलग है। इसका वातावरण सल्फर से भरपूर है।

विज्ञापन
गैजेट्स 360 स्टाफ, अपडेटेड: 15 जून 2022 19:53 IST
ख़ास बातें
  • शुक्र ग्रह की कैमिस्‍ट्री पृथ्वी से काफी अलग है
  • ग्रह के बादलों में जीवन के अस्तित्व की संभावना नहीं है
  • इस नई रिसर्च से पुरानी रिसर्च को झटका लगा है

कैम्ब्रिज यूनिवर्सिटी के खगोलशास्त्री सीन जॉर्डन के नेतृत्व में स्‍टडी टीम ने शुक्र ग्रह पर जीवन के विचार को लेकर जांच की।

दुनियाभर के खगोलविद और रिसर्चर्स पृथ्‍वी से बाहर जीवन की खोज में लगे हुए हैं। वैज्ञानिकों की एक टीम ने कुछ समय पहले शुक्र ग्रह के बादलों में जीवन के अस्तित्व की संभावना की ओर इशारा किया था। साल 2020 में वैज्ञानिकों ने खुलासा किया था कि उन्हें शुक्र के बादलों में फॉस्फीन गैस मिली थी, जिससे इस ग्रह पर जीवन की संभावना के बारे में अटकलें लगाई जा रही थीं। अन्य वैज्ञानिकों ने भी सुझाव दिया कि शुक्र पर जीवन हो सकता है। हालांकि एक नए विश्लेषण में इन दावों को खारिज कर दिया गया है। इसका सीधा मतलब यह है कि पृथ्वी के इस पड़ोसी पर जीवन के संकेत की खोज नाकाम रही है। 

विशेषज्ञों के अनुसार, शुक्र ग्रह की कैमिस्‍ट्री पृथ्वी से काफी अलग है। इसका वातावरण सल्फर से भरपूर है, जिसकी सांद्रता (concentration) हमारे ग्रह की सांद्रता के 1,00,000 गुना तक पहुंच सकती है। यह स्‍टडी नेचर कम्युनिकेशंस में प्रकाशित हुई है। कैम्ब्रिज यूनिवर्सिटी के खगोलशास्त्री सीन जॉर्डन के नेतृत्व में स्‍टडी टीम ने शुक्र ग्रह पर जीवन के विचार को लेकर जांच की, जिससे यह साबित हो गया कि इस ग्रह पर जीवन की जो संभावनाएं लगाईं जा रही थीं, उनमें कोई दम नहीं है। 

सीन जॉर्डन के अनुसार, उन्होंने शुक्र के वातावरण में सल्फर बेस्‍ड फूड की तलाश की क्योंकि यह मुख्य उपलब्ध ऊर्जा स्रोत है। पृथ्वी पर सल्फर का प्रोडक्‍शन ज्‍वालामुखियों के जरिए होता है। शुक्र ग्रह पर भी इसी तरह से सल्‍फर पैदा होने का अनुमान है। नई स्‍टडी में रिसर्चर्स ने केमिकल रिएक्‍शंस को मॉडल करने की कोशिश की और निष्‍कर्ष निकाला कि  सल्फर आधारित जीवन सल्फर डाइऑक्साइड में कमी लाने में सक्षम था। वैज्ञानिकों ने यह भी कहा कि शुक्र के ऊपरी वायुमंडल में सल्फर डाइऑक्साइड की कमी के लिए जीवन जिम्मेदार नहीं है, लेकिन इसकी जांच की जानी चाहिए। 

गौरतलब है कि वेल्स स्थि‍त कार्डिफ यूनिवर्सिटी Cardiff University के रिसर्चर्स ने शुक्र के वातावरण में फॉस्फीन phosphine के स्रोतों की खोज करके हलचल मचा दी थी। उन्होंने दावा किया था कि पृथ्वी पर कार्बनिक पदार्थों के टूटने से स्वाभाविक रूप से पैदा होने वाली इस गैस का शुक्र पर मिलना वहां जीवन का संकेत हो सकता है। हालांकि तब भी लोगों ने इस पर सवाल उठाया था। दलील दी थी कि शुक्र ग्रह के बादल सल्फ्यूरिक एसिड की बूंदों में उसे ढक रहे हैं। ये बूदें इंसान की त्‍वचा को जला सकती हैं। 
 
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: Venus, Life on Venus, Study, Research, no sign of life venus

द रेजिडेंट बोट । अगर आप मुझे ...और भी

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. ₹1 हजार से कम में ब्लूटूथ, कॉल रिकॉर्डिंग और वायरलेस FM रेडियो! itel Ace 3 Heera फोन लॉन्च
  2. Vivo S2 कल होगा भारत में लॉन्च, 7,050mAh बैटरी, 50 मेगापिक्सल प्राइमरी कैमरा
  3. Redmi K100 Pro में होगी 8,580mAh सिलिकॉन-कार्बन बैटरी, 200 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा
#ताज़ा ख़बरें
  1. Hyundai ने Creta Electric के लिए लॉन्च किया बायबैक प्रोग्राम
  2. Vivo S2 कल होगा भारत में लॉन्च, 7,050mAh बैटरी, 50 मेगापिक्सल प्राइमरी कैमरा
  3. इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर्स के मार्केट में TVS Motor का पहला स्थान बरकरार, जुलाई में बेची 52,000 से ज्यादा यूनिट्स
  4. एडवांस हार्डवेयर का पिटारा, फिर भी दुनिया का सबसे हल्का लैपटॉप! लॉन्च हुआ Huawei MateBook Pro S
  5. Oppo F35 Pro में हो सकती है 10,000mAh की पावरफुल बैटरी, भारत में जल्द होगा लॉन्च
  6. iQOO Z11 में मिलेगा 3D कर्व्ड डिस्प्ले, भारत में जल्द होगा लॉन्च
  7. ₹1 हजार से कम में ब्लूटूथ, कॉल रिकॉर्डिंग और वायरलेस FM रेडियो! itel Ace 3 Heera फोन लॉन्च
  8. Redmi K100 Pro में होगी 8,580mAh सिलिकॉन-कार्बन बैटरी, 200 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा
  9. Zebronics ने 160W साउंड, 2 वायरलेस माइक्रोफोन और RGB लाइट्स के साथ पेश किया पार्टी स्पीकर, जानें कीमत
  10. Realme 16x 5G जल्द होगा भारत में लॉन्च, 7,000mAh बैटरी
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.