• होम
  • विज्ञान
  • ख़बरें
  • 20 हजार प्रकाशवर्ष की दूरी पर दिखा मरता हुआ तारा, सूरज से 60 हजार गुना ज्यादा थी चमक!

20 हजार प्रकाशवर्ष की दूरी पर दिखा मरता हुआ तारा, सूरज से 60 हजार गुना ज्यादा थी चमक!

नासा ने 20 हजार प्रकाश वर्ष दूर स्थित एक तारे के खत्म होने के दृश्य को फोटो में उतार लिया है।

20 हजार प्रकाशवर्ष की दूरी पर दिखा मरता हुआ तारा, सूरज से 60 हजार गुना ज्यादा थी चमक!

नासा ने 20 हजार प्रकाश वर्ष दूर स्थित एक तारे के खत्म होने के दृश्य को फोटो में उतार लिया।

ख़ास बातें
  • तारे का नाम वी838 मोनोक्रिओटिस (V838 Monocreotis) बताया गया है।
  • यह पृथ्वी से 20 हजार प्रकाश वर्ष की दूरी पर है।
  • यह हमारे सूरज से 60 हजार गुना ज्यादा तेजी से चमक रहा है।
विज्ञापन
क्या आपने कभी किसी तारे को मरते हुए देखा है? अगर नहीं, तो नासा ने यह अद्भुत घटना कैमरे में कैद की है। नासा ने 20 हजार प्रकाश वर्ष दूर स्थित एक तारे के खत्म होने के दृश्य को फोटो में उतार लिया है। नासा ने इस फोटो को अपने सोशल मीडिया हैंडल पर शेयर किया है। इस तारे का नाम वी838 मोनोक्रिओटिस (V838 Monocreotis) बताया गया है। यह पृथ्वी से 20 हजार प्रकाश वर्ष की दूरी पर है जो कि हमारी आकाशगंगा मिल्की वे के बाहरी छोर पर मौजूद है। 

नेशनल एरोनॉटिक्स एंड स्पेस एडमिनिस्ट्रेशन (NASA) एजेंसी ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर एक अद्भुत फोटो शेयर की है। नासा अंतरिक्ष से संबंधित इस तरह की फोटो अक्सर शेयर करती रहती है। इस बार की फोटो बेहद खास है। यह एक तारे के खत्म होने से ठीक पहले के क्षणों को दिखा रही है। नासा ने इसके बारे में लिखते हुए बताया कि इससे पहले डस्ट यानी धूल के ऐसे घेरे नहीं देखे गए थे। इसे लाइट ईको कहते हैं। ये घेरे धूल और गैस के बने हैं जो एक दैत्याकार लाल तारे से निकल रहे हैं। यह इसके फटने से ठीक पहले का नजारा है। 
नासा ने इसके बारे में आगे बताते हुए लिखा कि जब तारे में यह घटना हो रही है, इस वक्त यह हमारे सूरज से 60 हजार गुना ज्यादा तेजी से चमक रहा है। फोटो को शेयर करने के बाद जल्द ही इस पर लाइक्स की भरमार हो गई। कुछ ही घंटों में इसे लाखों लोगों ने देखा और लाइक भी किया। 

फोटो हबल टेलीस्कोप से ली गई है। 25 सालों के कार्यकाल में हबल टेलीस्कोप ने इस तरह की सैकड़ों फोटो ली हैं जो हमें ब्रह्मांड के दूर तक के नजारे दिखाती हैं। इससे पहले भी नासा ने एक आकाशगंगा की फोटो शेयर की थी जो यहां से लगभग 10 करोड़ प्रकाशवर्ष दूर है। इसे NGC 2441 कहा जाता है। गैलेक्सी को सबसे पहले 1882 में जर्मन एस्ट्रोनॉमर विलहेम टेम्पल ने देखा था। टेम्पल उस वक्त एक धूमकेतु को ऑब्जर्व कर रहे थे। उन्होंने 21 धूमकेतुओं के बारे में लिखा है। इनमें से कई का नाम उनके नाम के आधार पर ही रखा गया है। 
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: , dying star, Dying Stars, V838 Monocreotis
हेमन्त कुमार

हेमन्त कुमार Gadgets 360 में सीनियर सब-एडिटर हैं और विभिन्न प्रकार के ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. क्लाइमेट चेंज धीमी कर रहा है पृथ्वी की गति! हो सकता है बड़ा खतरा
  2. iPhone 17 Pro हो गया 22 हजार रुपये सस्ता! Flipkart सेल में सबसे धांसू ऑफर
  3. OPPO Reno 16 सीरीज की भारत में लॉन्च डेट कंफर्म! 200MP कैमरा, 7000mAh बैटरी जैसे हो सकते हैं फीचर्स
  4. 11,000mAh बैटरी के साथ Honor X80 Pro Max जल्द हो सकता है लॉन्च, चार रंगों में देगा दस्तक!
  5. 10 हजार सस्ता खरीदें Xiaomi का 64MP कैमरा वाला फोन! आ गई धमाका डील
  6. दुनिया के पहले ट्रिलिनेयर बने Elon Musk, SpaceX के शेयर्स ने बढ़ाई वेल्थ
  7. Samsung Galaxy A27 5G में हो सकता है 6.7 इंच डिस्प्ले, 5,000mAh की बैटरी
  8. 48 पैसे में बनवाओ वीडियो! लॉन्च हुआ भारत का अपना वीडियो AI मॉडल
  9. एक Samsung TV खरीदो, दूसरा TV फ्री पाओ! कुछ मॉडल्स के साथ मिलेगा ₹93,000 का Soundbar
  10. Apple के आगामी MacBook में मिल सकता है टचस्क्रीन डिस्प्ले
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »