अंतरिक्ष में अपने सैटेलाइट्स को हर खतरे से बचाएगा भारत, जानें क्‍या है इसरो का IS4OM सिस्‍टम

IS4OM का काम अंतरिक्ष में मलबे की पहचान और निगरानी करना है। इस तरह से यह स्‍पेस सिचुएशनल अवेयरनेस प्रोग्राम का हिस्‍सा है।

विज्ञापन
गैजेट्स 360 स्टाफ, अपडेटेड: 11 जुलाई 2022 14:08 IST
ख़ास बातें
  • ISRO ने एक नया सिस्‍टम तैयार किया है
  • यह अंतरिक्ष में सैटेलाइट्स की सुरक्षा करेगा
  • अंतरिक्ष में मलबे का पता लगाएगा

यह अंतरिक्ष में तैर रहे मलबे को ट्रैक करते हुए हमारे सैटेलाइट्स के साथ उनकी टक्‍कर की पहचान करेगा और स्थिति को बदतर होने से बचाएगा।

इंडियन स्‍पेस रिसर्च ऑर्गनाइजेशन (ISRO) ने एक नया सिस्‍टम तैयार किया है। इसका नाम है- ‘इसरो सिस्टम फॉर सेफ एंड सस्टेनेबल ऑपरेशन एंड मैनेजमेंट' (IS4OM)। भारत में तैयार हुआ IS4OM अंतरिक्ष विज्ञान में देश की मदद करेगा। इसे आप यूं समझ सकते हैं कि अंतरिक्ष में तैर रहे सैटेलाइट्स की संख्‍या हजारों में है। पृथ्‍वी की परिक्रमा कर रहे ये सैटेलाइट्स विभ‍िन्‍न देशों की साइंस, मौसम, कृषि और आंतरिक सुरक्षा से संबंधी जरूरतें पूरी कर रहे हैं। इनमें 53 भारतीय सैटेलाइट्स हैं। इसके साथ ही हजारों की संख्‍या में ऐसे सैटेलाइट्स हैं, जो अब नष्‍ट हो चुके हैं और ऑर्बिट में तैर रहे हैं। इनके टकराने से मौजूदा सैटेलाइट्स नष्‍ट हो सकते हैं। यहीं पर काम आएगा IS4OM। यह अंतरिक्ष में मलबे का पता लगाता है और उसकी निगरानी करता है। इस सिस्‍टम की मदद से सैटेलाइट्स के मलबे को मौजूदा सैटेलाइट्स से टकराने से रोका जा सकेगा और उनकी सुरक्षा की जा सकेगी। 

पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार, आज इस सिस्‍टम को लॉन्‍च किया जा रहा है। केंद्रीय अंतरिक्ष राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह इसकी लॉन्चिंग करेंगे। इस दौरान इसरो चेयरमैन एस सोमनाथ भी मौजूद रहेंगे। जानकारी के अनुसार, IS4OM का काम अंतरिक्ष में मलबे की पहचान और निगरानी करना है। इस तरह से यह स्‍पेस सिचुएशनल अवेयरनेस प्रोग्राम का हिस्‍सा है। 

यह अंतरिक्ष में तैर रहे मलबे को ट्रैक करते हुए हमारे सैटेलाइट्स के साथ उनकी टक्‍कर की पहचान करेगा और स्थिति को बदतर होने से बचाएगा। यह जो भी जानकारी उपलब्‍ध कराएगा वह सीधे बंगलूरू में स्‍थ‍ित स्‍पेस एजेंसी के हेडक्‍वॉर्टर को पहुंचेगी। इस प्रोजेक्‍ट के तहत डेडिकेटेड लैब्‍स भी सेटअप की गई हैं। यह विभिन्‍न आर एंड डी एक्टिविटीज समेत अंतरिक्ष मलबे से जुड़े अपने काम पूरे करेंगी।  

इसरो के अधिकारियों का कहना है कि IS4OM अंतरिक्ष संपत्तियों की सुरक्षा में देश की आत्मनिर्भरता को बढ़ाएगा। कंसोल, सॉफ्टवेयर और डिस्प्ले वाले इस स्पेस सर्विलांस एंड ट्रैकिंग कंट्रोल सेंटर का सोमवार को उद्घाटन किया जाएगा। इसके बाद भारत अंतरिक्ष में मौजूद अपने सैटेलाइट्स की सुरक्षा करने में सक्षम हो जाएगा। 

इसरो के आगामी मिशनों की बात करें, तो चंद्रयान-3 इनमें सबसे अहम है। इसे साल 2020 के आखिर में लॉन्च किया जाना था, लेकिन कोरोना महामारी की वजह से इसमें देरी हुई। यह एक लैंडर-स्‍पेसिफ‍िक मिशन है, जिसमें कोई ऑर्बिटर नहीं होगा। ऐसा इसलिए, क्‍योंकि चंद्रयान -2 का पहला ऑर्बिटर सही तरीके से काम कर रहा है। चंद्रयान-3 मिशन इसलिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह चंद्रमा पर उतरने की इसरों की दूसरी कोशिश होगा और इंटरप्लेनेटरी मिशन की राह को बेहतर बनाएगा। 
 
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: ISRO, isro IS4OM, ISRO IS4OM launch date, IS4OM use, sattellite

द रेजिडेंट बोट । अगर आप मुझे ...और भी

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Great Summer Sale 2026: Amazon का ये हिडन टूल बताएगा डील सच में सस्ती है या नहीं!
  2. Amazon Great Summer Sale 2026: Galaxy S26 Ultra से M06 5G तक, यहां जानें टॉप Samsung स्मार्टफोन डील्स
#ताज़ा ख़बरें
  1. Samsung स्मार्टफोन्स 12 हजार तक हो गए सस्ते! Galaxy M36, Galaxy M17 5G, Galaxy F70e 5G जैसे मॉडल्स पर भारी छूट
  2. Xiaomi ने Mijia Sonic Vibration इलेक्ट्रिक टूथब्रश किया लॉन्च, दांतों की सफाई के लिए स्मार्ट फीचर्स, जानें कीमत
  3. Flipkart Summer Sale: iPhone 17 पर जबरदस्त डील, Galaxy 25 की कीमत हुई 54K से कम
  4. OnePlus Nord CE 6 Sale: 8000mAh बैटरी, 80W चार्जिंग वाले Nord CE 6 की सेल शुरू, Rs 2000 तक छूट!
  5. Motorola Razr Fold हो रहा 13 मई को लॉन्च, फीचर्स का हुआ खुलासा, जानें सबकुछ
  6. Amazon Great Summer Sale 2026: Galaxy S26 Ultra से M06 5G तक, यहां जानें टॉप Samsung स्मार्टफोन डील्स
  7. WhatsApp पर चैट को कैसे करें लॉक, नहीं कर पाएगा कोई भी जासूसी
  8. इस गेम ने आते ही मचा दिया तहलका! सिर्फ 16 दिन में 20 लाख कॉपी बिकी, बनने में लगे 6 साल
  9. 1800W पावर वाली इलेक्ट्रिक केतली Xiaomi ने की लॉन्च, 1.7 लीटर की क्षमता, जानें कीमत
  10. Apple का सबसे किफायती MacBook नहीं रहेगा इतना सस्ता! सामने आई बड़ी वजह
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.