56 हजार आकाशगंगाओं की पृथ्‍वी से दूरी का मैप तैयार किया खगोलविदों ने, इस शोध में मिलेगी मदद

यह सब ब्रह्मांड के बारे में एक विशेष बात को समझने के लिए किया जा रहा है कि अंतरिक्ष समय (Space time) का विस्तार कितनी तेजी से हो रहा है।

विज्ञापन
Written by प्रेम त्रिपाठी, अपडेटेड: 30 सितंबर 2022 11:39 IST
ख़ास बातें
  • ब्रह्मांड के विस्‍तार को समझने में मिलेगी मदद
  • यह शोध एस्ट्रोफिजिक्स जर्नल में प्रकाशित हुआ है
  • भविष्‍य की रिसर्च में भी यह शोध मददगार होगा

इस डेटा को कॉस्मिकफ्लो-4 कहा जाता है, जिसमें पृथ्‍वी से आकाशगंगाओं की दूरी की सबसे बड़ी जानकारी है।

कोई आकाशगंगा (Galaxy) पृथ्वी से कितनी दूर है, इसका पता लगाना आसान नहीं है। विशाल अंतरिक्ष में यह बता पाना मुश्किल हो सकता है कि आकाशगंगा कितनी दूर है, करीब है, छोटी है या बड़ी है। हालांकि आकाशगंगाओं के संयुक्‍त वेग (combined velocity) के साथ उनकी दूरी का आकलन करने से यह जानने में मदद मिल सकती है कि ब्रह्मांड कितना बड़ा है और इसकी शुरुआत के बाद से अबतक कितना समय बीत चुका है। रिसर्चर्स की एक टीम ने हाल ही में आकाशगंगा की दूरियों की एक विशाल लिस्‍ट तैयार की है। इसमें 55,877 आकाशगंगाओं की पृथ्‍वी से दूरी का अनुमान लगाया गया है। दूरी को आठ अलग-अलग तरीकों से मापा गया, जिसमें रंग परिवर्तन से लेकर ब्राइटनैस में उतार-चढ़ाव और गति में होने वाले छोटे बदलाव शामिल हैं।

रिपोर्ट्स के अनुसार, हवाई यूनिवर्सिटी के खगोलशास्त्री ब्रेंट टुली ने कहा कि क्‍योंकि 100 साल पहले आकाशगंगाओं को हमारी मिल्‍की-वे से अलग के रूप में पहचाना गया था, तब से ही खगोलविद उनकी दूरी मापने की कोशिश कर रहे हैं। उन्‍होंने कहा कि वर्तमान में हमारे पास ज्‍यादा सटीक और पर्याप्‍त टूल हैं, जिनकी मदद से हम आकाशगंगाओं की दूरी और ब्रह्मांड की शुरुआत होने के समय को कुछ फीसदी सटीकता के साथ मापने में सक्षम हैं।

यह सब ब्रह्मांड के बारे में एक विशेष बात को समझने के लिए किया जा रहा है कि अंतरिक्ष समय (Space time) का विस्तार कितनी तेजी से हो रहा है। इसे हबल कॉन्स्टेंट कहा जाता है। दुर्भाग्य से यह उतना स्थिर नहीं है जितना खगोलविद उम्मीद कर सकते हैं। जिस दर से ब्रह्मांड का विस्तार हो रहा है, उसे मापने के तरीकों ने सटीक रिजल्‍ट नहीं दिए हैं। 

लेकिन इसके बावजूद हजारों आकाशगंगाओं की दूरियों को मापना और कई सारे तरीकों से काम करना महत्वपूर्ण है। इस डेटा को कॉस्मिकफ्लो-4 कहा जाता है, जिसमें पृथ्‍वी से आकाशगंगाओं की दूरी की सबसे बड़ी जानकारी है। यह शोध एस्ट्रोफिजिक्स जर्नल में प्रकाशित हुआ है। ब्रह्मांड के विस्‍तार को समझने के अलावा कॉस्मिकफ्लो-4 का इस्‍तेमाल यह अध्ययन करने के लिए भी किया जा रहा है कि आकाशगंगाएं कैसे मूव करती हैं। यह स्‍टडी भविष्‍य में ब्रह्मांड के बारे में और जानने के लिए मददगार हो सकती है। 
 

 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Samsung फोन में छुपी है ये गजब सेटिंग, एक टैप पर फास्ट होगी इंटरनेट स्पीड!
  2. Oppo Find X9s Pro फोन आया 200MP कैमरा और 7025mAh बैटरी के साथ, जानें कीमत
  3. Vivo Y6t हुआ लॉन्च, 6,500mAh की बैटरी, जानें प्राइस, स्पेसिफिकेशंस
#ताज़ा ख़बरें
  1. 700W पावर और वायरलेस सेटअप! boAt ने भारत में लॉन्च किया Aavante Prime X साउंड सिस्टम
  2. Google Pixel का अप्रैल अपडेट बना सिरदर्द, यूजर्स बोले - 'फोन कुछ घंटों में हो रहा डाउन'
  3. Bitcoin में जोरदार तेजी, 78,000 डॉलर से ज्यादा हुआ प्राइस
  4. Vivo X300 Ultra और Vivo X300 FE अगले महीने होंगे भारत में लॉन्च, ट्रिपल रियर कैमरा यूनिट 
  5. OpenAI ने बेहतर इमेज जनरेशन और रीजनिंग कैपेसिटी के साथ ChatGPT Images 2.0 किया पेश
  6. AI Labelling: AI से कंटेंट बनाना आसान नहीं होगा! सरकार लाई नया प्रस्ताव, 7 मई तक डेडलाइन
  7. सिंगल चार्ज में 681 किमी रेंज वाली Tesla Model Y L Premium लॉन्च, 3 रो सीटिंग के साथ ऐसे हैं फीचर्स, जानें कीमत
  8. Airtel ग्राहकों के लिए खुशखबरी! अब 3400 नए शहरों में मिलेगी कंपनी की 5G सर्विस, जानें पूरी लिस्ट
  9. Motorola Edge 70 Pro हुआ 50MP कैमरा, 6500mAh बैटरी के साथ लॉन्च, जानें सबकुछ
  10. Oppo Find X9s हुआ 12GB RAM, 7025mAh बैटरी के साथ लॉन्च, जानें सबकुछ
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.