Firefox और Thunderbird यूजर्स सावधाव! भारत सरकार ने जारी किया अलर्ट, तुरंत करें ये काम

CERT-In ने Firefox और Thunderbird में गंभीर सिक्योरिटी कमजोरियों को लेकर चेतावनी जारी की है और यूजर्स को तुरंत अपडेट करने की सलाह दी है।

Firefox और Thunderbird यूजर्स सावधाव! भारत सरकार ने जारी किया अलर्ट, तुरंत करें ये काम

Photo Credit: Unsplash

CERT-In ने तुरंत सॉफ्टवेयर अपडेट करने की सलाह दी

ख़ास बातें
  • Firefox और Thunderbird में हाई-सीवेरिटी सिक्योरिटी खामियां सामने आईं
  • CERT-In ने तुरंत सॉफ्टवेयर अपडेट करने की सलाह दी
  • पुराने वर्जन इस्तेमाल करने वाले यूजर्स को ज्यादा खतरा
विज्ञापन

भारत सरकार ने Mozilla के पॉपुलर ब्राउजर Firefox और ईमेल क्लाइंट Thunderbird को लेकर एक गंभीर साइबर सिक्योरिटी अलर्ट जारी किया है। यह चेतावनी Indian Computer Emergency Response Team यानी CERT-In के जरिए दी गई है। सरकार के मुताबिक, इन दोनों प्लेटफॉर्म्स में कई हाई-सीवेरिटी खामियां पाई गई हैं, जिनका फायदा उठाकर साइबर हमलावर यूजर्स के डेटा तक पहुंच बना सकते हैं या सिस्टम को नुकसान पहुंचा सकते हैं। इस अलर्ट के बाद भारत में इन सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल करने वाले लाखों यूजर्स को तुरंत कदम उठाने की सलाह दी गई है।

पिछले कुछ हफ्तों में सरकार Android, Apple और Chrome से जुड़े सिक्योरिटी रिस्क्स को लेकर भी एडवाइजरी जारी कर चुकी है। अब इसी कड़ी में Mozilla के प्रोडक्ट्स पर सवाल खड़े हुए हैं। जनवरी 2026 की सिक्योरिटी बुलेटिन के मुताबिक, अगर कोई यूजर अनजाने में किसी खतरनाक लिंक पर क्लिक करता है या खास तरीके से तैयार की गई वेबसाइट ओपन करता है, तो ये कमजोरियां रिमोट तरीके से एक्सप्लॉइट की जा सकती हैं।

CERT-In की एडवाइजरी में बताया गया है कि इन खामियों की वजह से प्राइवेसी प्रोटेक्शन को बायपास किया जा सकता है, मेमोरी से जुड़ी दिक्कतें पैदा हो सकती हैं और कुछ मामलों में आंशिक रूप से एन्क्रिप्टेड ईमेल्स से कंटेंट भी निकाला जा सकता है। सरकारी एजेंसी के मुताबिक, एक रिमोट अटैकर यूजर को खास वेब रिक्वेस्ट या कंटेंट ओपन करने के लिए फुसलाकर इन कमजोरियों का फायदा उठा सकता है।

यह चेतावनी खासतौर पर पुराने वर्जन इस्तेमाल करने वाले यूजर्स पर लागू होती है। जिन सिस्टम्स में Mozilla Firefox का वर्जन 147.0.2 से पुराना है, या Thunderbird के 140.7.1 और 147.0.1 से पुराने वर्जन चल रहे हैं, उन्हें जोखिम में माना गया है। साइबर एक्सपर्ट्स का कहना है कि ऐसी कमजोरियां हमलावरों को संवेदनशील जानकारी निकालने, सिस्टम क्रैश कराने या डिवाइस पर कंट्रोल हासिल करने का मौका दे सकती हैं।

Mozilla ने इन खामियों को लेकर प्रतिक्रिया देते हुए जरूरी सिक्योरिटी पैच जारी कर दिए हैं। कंपनी और CERT-In दोनों ने यूजर्स को सलाह दी है कि वे तुरंत अपने सॉफ्टवेयर को लेटेस्ट वर्जन पर अपडेट करें। अपडेट में देरी करने से सिस्टम लंबे समय तक साइबर हमलों के खतरे में रह सकता है।

Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

नितेश पपनोई Nitesh has almost seven years of experience in news writing and reviewing tech products like smartphones, headphones, and smartwatches. At Gadgets 360, he is covering all ...और भी
Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News
Turbo Read

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Samsung Galaxy S26 Ultra ने Geekbench पर टेस्टिंग में  iPhone 17 Pro Max को पीछे छोड़ा
  2. WhatsApp की प्राइवेसी पॉलिसी पर सुप्रीम कोर्ट में कल होगी सुनवाई, CCI ने लगाई है 214 करोड़ रुपये की पेनल्टी
  3. Huawei Band 11, Band 11 Pro लॉन्च हुए 14 दिन बैटरी, AMOLED डिस्प्ले के साथ, जानें कीमत
  4. Airtel सबसे सस्ते में लाई डेली 4GB, अनलिमिटिड कॉलिंग, FREE JioHotstar, 20 OTT ऐप, Apple Music वाला धांसू प्लान!
  5. IND vs SA T20 Live Streaming: सुपर-8 में भारत बनाम साउथ अफ्रीका T20 मैच आज, ऐसे देखें फ्री!
  6. 7000mAh बैटरी के साथ 2026 के पावरफुल स्मार्टफोन! Realme 16 Pro, IQOO Neo 10, Motorola G67 Power समेत जानें लिस्ट
  7. WhatsApp का सबसे धांसू अपडेट! 'बर्थडे विश' के लिए नहीं पड़ेगा रातभर जागना, आ रहा शेड्यूल मैसेज फीचर
  8. घर को स्मार्ट बनाने 7 इंच बड़ी राउंड शेप टच स्क्रीन Waveshare ने की लॉन्च, जानें कीमत
  9. 27 हजार सस्ता मिल रहा Google का 64MP कैमरा वाला दमदार Pixel फोन!
  10. भारत में सेमीकंडक्टर्स की 25 प्रतिशत डिमांड पूरी करेगी HCL 
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »