• होम
  • इंटरनेट
  • ख़बरें
  • ये क्‍या किया Elon Musk! रिपोर्ट में दावा ‘X’ पर आतंकी गुटों को दिया गया ‘ब्‍लू चेकमार्क’

ये क्‍या किया Elon Musk! रिपोर्ट में दावा- ‘X’ पर आतंकी गुटों को दिया गया ‘ब्‍लू चेकमार्क’

इनमें हिजबुल्लाह (Hezbollah) के मेंबर भी शामिल हैं, जिस पर अमेरिका तक ने प्रतिबंध लगाया है।

ये क्‍या किया Elon Musk! रिपोर्ट में दावा- ‘X’ पर आतंकी गुटों को दिया गया ‘ब्‍लू चेकमार्क’

एक्‍स पर ऐसे 28 अकाउंट्स को ब्‍लू चेकमार्क के साथ वेरिफाई किया गया, जिन्‍हें अमेरिका की सरकार उसकी नेशनल सिक्‍योरिटी के लिए खतरा मानती है।

ख़ास बातें
  • टेक ट्रांसपेरेंसी प्रोजेक्ट (TTP) की चौंकाने वाली रिपोर्ट
  • कई आतंकी समूहों के पास एक्‍स का प्रीमियम सब्‍सक्र‍िप्‍शन
  • रिपोर्ट आने के बाद कई अकाउंट सस्‍पेंड किए जाने का दावा
विज्ञापन
इंटरनेट और सोशल मीडिया हर किसी के लिए खुला है। दुनियाभर के करोड़ों लोग आज इससे जुड़े हैं। लेकिन एक सवाल हमेशा से सोशल मीडिया कंपनियों को कटघरे में खड़ा करता है कि वो अपने यूजर्स का वेरिफ‍िकेशन कैसे मैनेज करती हैं। टेक ट्रांसपेरेंसी प्रोजेक्ट (TTP) के इन्‍वेस्टिगेशन में चौंकाने वाली जानकारी मिली है। पता चला है कि एलन मस्‍क (Elon Musk) के सोशल मीडिया प्‍लेटफॉर्म एक्‍स (X) ने कई आतंकी संगठनों को उसकी प्रीमियम सर्विस के लिए पेमेंट करने की इजाजत दी है।  

रिपोर्ट कहती है कि इनमें हिजबुल्लाह (Hezbollah) के मेंबर भी शामिल हैं, जिस पर अमेरिका तक ने प्रतिबंध लगाया है। रिपोर्ट कहती है कि सोशल मीडिया प्‍लेटफॉर्म ‘एक्स' ने ऐसे दर्जनों इंडिविजुअल और ऑर्गनाइजेशंस को अपनी प्रीमियम सेवा के लिए पेमेंट की मंजूरी दी, जो आतंकी समूहों से ताल्‍लुक रखते हैं। रिपोर्ट में सवाल किया गया है कि क्‍या ‘एक्‍स' अमेरिकी प्रतिबंधों का उल्‍लघंन कर रही है।  
 

जानकारी के अनुसार, एक्‍स पर ऐसे 28 अकाउंट्स को ब्‍लू चेकमार्क के साथ वेरिफाई किया गया, जिन्‍हें अमेरिका की सरकार उसकी नेशनल सिक्‍योरिटी के लिए खतरा मानती है। इन अकाउंट्स में हिजबुल्‍लाह के 2 नेता, यमन में आतंकी गुटों से जुड़े अकाउंट और ईरान व रूस की सरकारी मीडिया के अकाउंट शामिल हैं। रिपोर्ट में दावा है कि इनमें से 18 एक्‍स अकाउंट को नया नियम आने के बाद ब्‍लू चेकमार्क से वेरिफाई किया गया।   

रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि वेरिफाई किए गए अकाउंट्स में कई ऐसे लोग और संगठन हैं, जिन्‍हें बड़ी संख्‍या में लोग पहचानते हैं। फ‍िर ‘एक्‍स' की वेरिफाई प्रक्रिया में उन्‍हें कैसे पास किया गया, यह एक सवाल है।  
 

दूसरी ओर, प्रेसटीवी की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि मामला सामने आने के बाद ‘एक्‍स' ने पेड सब्‍सक्र‍िप्‍शन वाले  कई ईरानी अकाउंट्स को सस्‍पेंड कर दिया है। एक्‍स द्वारा पहले ही यह कहा गया था कि वह टीटीपी की रिपोर्ट को देख रही है और जरूरी हुआ तो एक्‍शन लिया जाएगा।  
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. नया Aadhaar ऐप लॉन्च, अब घर बैठे मोबाइल नंबर और एड्रेस कर पाएंगे अपडेट, जानें कैसे
  2. 1.2 करोड़ यूजर्स, टारगेट से दोगुना कमाई! चीन का ये AI टूल अब Google और OpenAI की सबसे बड़ी टेंशन?
  3. Apple के फोल्डेबल iPhone को टक्कर देने के लिए Samsung की नया फोल्डेबल स्मार्टफोन लॉन्च करने की तैयारी
  4. Vivo X200T vs iQOO 13 vs Realme GT 7 Pro: जानें कौन सा फोन है बेस्ट?
  5. VIP ट्रैवल में फेवरेट Learjet 45XR: इसी प्राइवेट जेट में सवार थे अजीत पवार, जानें इस हाई-टेक एयरक्राफ्ट के बारे में सब कुछ
  6. 7560mAh बैटरी, डाइमेंसिटी 8500 अल्ट्रा वाले Redmi Turbo 5 के स्पेसिफिकेशंस हुए लीक
  7. Xiaomi 17 Max में मिल सकता है 200 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा 
  8. टेकी ने अपनी ही कंपनी से चुराया 88 करोड़ रुपये का सॉफ्टवेयर डाटा, दर्ज हुआ केस
  9. वॉयस असिस्टेंट बना जासूस? नहीं मानी गलती, लेकिन फिर भी 623 करोड़ का जुर्माना भरेगा Google
  10. अब छूटेंगे हैकर्स के पसीने! WhatsApp में आया हाई-सिक्योरिटी फीचर, एक क्लिक में लग जाएगा लॉकडाउन
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »