क्रिप्टो ATMs से गैर कानूनी ट्रांजैक्शंस में हो रही बढ़ोतरी

कुछ देशों ने क्रिप्टो ATMs के खिलाफ कार्रवाई भी की जा रही है। पिछले महीने जर्मनी में बैंकिंग एक्ट के उल्लंघन के कारण 13 Bitcoin ATMs को जब्त किया गया था

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Written by राधिका पाराशर, Edited by आकाश आनंद, अपडेटेड: 2 सितंबर 2024 23:12 IST
ख़ास बातें
  • क्रिप्टो ATMs ने करोड़ों डॉलर की गैर कानूनी ट्रांजैक्शंस प्रोसेस हुई हैं
  • अमेरिका और स्पेन जैसे देशों में बड़ी संख्या में ये ATMs इंस्टॉल लगे हैं
  • पिछले वर्ष क्रिप्टो से जुड़े स्कैम्स में 53 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है

इन ATMs से लोग कैश के अलावा डेबिट और क्रेडिट से भी क्रिप्टोकरेंसीज खरीद सकते हैं

पिछले कुछ वर्षों में क्रिप्टो का सेगमेंट तेजी से बढ़ा है। इस सेगमेंट से जुड़े स्कैम के मामलों में भी बढ़ोतरी हो रही है। कैश के साथ क्रिप्टोकरेंसीज खरीदने की सुविधा देने वाले क्रिप्टो ATMs गैर कानूनी ट्रांजैक्शंस का एक बड़ा जरिया बन रहे हैं। इन ATMs से लोग कैश के अलावा डेबिट और क्रेडिट से भी क्रिप्टोकरेंसीज खरीद सकते हैं। 

ब्लॉकचेन इंटेलिजेंस फर्म TRM Labs की एक रिपोर्ट के अनुसार, पिछले चार वर्षों में क्रिप्टो ATMs ने लगभग 16 करोड़ डॉलर की गैर कानूनी ट्रांजैक्शंस को प्रोसेस किया है। इस रिपोर्ट में बताया गया है, "पिछले वर्ष क्रिप्टो इकोसिस्टम में गैर कानूनी ट्रांजैक्शंस की हिस्सेदारी 0.63 प्रतिशत की थी, जबकि क्रिप्टो ATMs की कुल वॉल्यूम मे इस तरह की ट्रांजैक्शंस लगभग 1.2 प्रतिशत थी। पिछले वर्ष क्रिप्टो ATMs के जरिए तीन करोड़ डॉलर से अधिक स्कैम क्रिप्टो एड्रेस पर भेजे गए थे।" अमेरिका, स्पेन, अल साल्वाडोर और ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों में बड़ी संख्या में क्रिप्टो ATMs इंस्टॉल किए गए हैं। 

कुछ देशों में क्रिप्टो ATMs के खिलाफ कार्रवाई भी की जा रही है। पिछले महीने जर्मनी में बैंकिंग एक्ट के उल्लंघन के कारण 13 Bitcoin ATMs को जब्त किया गया था। हाल ही में अमेरिका के फेडरल ब्यूरो ऑफ इनवेस्टिगेशन (FBI) ने जानकारी दी थी कि पिछले वर्ष इन स्कैम में 53 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। कुछ देशों में रेगुलेटर्स ने इस समस्या से निपटने के लिए क्रिप्टो सेगमेंट के लिए रूल्स बनाने की तैयारी की है। 

FBI ने एक रिपोर्ट में बताया था कि पिछले वर्ष क्रिप्टोकरेंसीज में इनवेस्टमेंट की आड़ में फ्रॉड बढ़कर 3.94 अरब डॉलर के थे। इससे पिछले वर्ष में इन फ्रॉड में लोगों ने लगभग 2.57 अरब डॉलर की रकम गंवाई थी। इस तरह के स्कैम्स में जालसाज क्रिप्टो से जुड़े इनवेस्टमेंट की एडवाइज की पेशकश करते हैं और लोगों को जाली टोकन्स में रकम लगाने के लिए कहते हैं। इसमें अधिक रिटर्न मिलने का लालच दिया जाता है। आमतौर पर, इस स्कैम में लोगों को फंसाने के लिए Facebook और Twitter जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स का इस्तेमाल किया जाता है। FBI ने बताया है कि पिछले वर्ष उसे फाइनेंशियल स्कैम की लगभग 8,80,400 शिकायतें मिली थी। इन स्कैम्स में लगभग 12.5 अरब डॉलर का नुकसान हुआ था। FBI ने क्रिप्टो में इनवेस्टमेंट करने वालों से टू-फैक्टर ऑथराइजेशन को एनेबल करने के लिए कहा है जिससे उनके फंड्स को बिना उनकी अनुमति के अन्य एकाउंट्स में ट्रांसफर नहीं किया सके। 
 

ये भी पढ़ेंभारतीय एक्सचेंजों में क्रिप्टोकरेंसी की कीमतें

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