यूरीन को पीने के पानी में बदल देगा यह स्पेस सूट!

यूरीन का पता लगते ही इसमें एक वैक्यूम पम्प चालू हो जाता है जो यूरीन को फिल्टर करने वाले डिवाइस में खींच लेता है।

यूरीन को पीने के पानी में बदल देगा यह स्पेस सूट!

Photo Credit: Unsplash

अंतरिक्ष में स्पेस स्टेशन के अंदर रहने वाले अंतरिक्ष यात्रियों की अपनी अलग चुनौतियां होती हैं।

ख़ास बातें
  • स्पेस में अंतरिक्ष यात्रियों की अपनी अलग चुनौतियां होती हैं।
  • स्पेस स्टेशन में रहने वाली यात्रियों के लिए टॉयलेट सुविधा एक बड़ी चुनौती
  • नया सिस्टम यूरीन में से पानी को अलग कर लेता है और उसे शुद्ध करता है।
विज्ञापन
अंतरिक्ष में स्पेस स्टेशन के अंदर रहने वाले अंतरिक्ष यात्रियों की अपनी अलग चुनौतियां होती हैं। वहां पर खाने, पीने, यूरीन पास करने के लिए भी खास इंतजामों की जरूरत पड़ती है। इसी तरह स्पेस स्टेशन में रहने वाली यात्रियों के लिए टॉयलेट सुविधा एक बड़ी चुनौती होती है। अभी तक अंतरिक्ष यात्री स्पेस में यूरीन पास करने के लिए खास तरह के डाइपर का इस्तेमाल करते आए हैं जो कि नासा उन्हें उपलब्ध करवाती है। लेकिन अब एक नए डिवाइस का आविष्कार वैज्ञानिकों ने कर लिया है जो यूरीन को पीने के पानी में तब्दील कर देगा! 

New Scientist की रिपोर्ट के अनुसार, न्यूयॉर्क में शोधकर्ताओं ने 8 किलो वजन का एक ऐसा डिवाइस तैयार किया है जो कि स्पेस सूट में फिट किया जा सकेगा। इसमें एक ओस्मॉसिस फिल्टर लगा होगा जिसकी मदद से यह यूरीन को पीने लायक पानी में बदल देगा। Cornell University के वैज्ञानिकों ने इस नए डिवाइस के बारे में Frontiers in Space Technology नामक जर्नल में बताया है। 

रिसर्च टीम ने इस बात को नोट किया कि वर्तमान में इस्तेमाल होने वाला डाइपर सिस्टम कुछ देर के लिए इस समस्या का समाधान हो सकता है। लेकिन स्पेस वॉक के दौरान अगर अंतरिक्ष यात्रियों की एक्टिविटी लम्बे समय के लिए चलती है तो इसके लिए समाधान भी लम्बे समय वाला चाहिए होगा। 

NASA वर्तमान में अंतरिक्ष यात्रियों को यूरीन पास करने के लिए मैग्जिमम एब्जॉर्बेंसी गार्मेंट (Maximum Absorbency Garment) उपलब्ध करवाती है। यह असल में एक एडल्ट डाइपर होता है जिसमें यूरीन और मल एकत्रित होता है। स्पेस वॉक के अंत में इन्हें स्पेस स्टेशन के वेस्ट सिस्टम में छोड़ दिया जाता है जिसके बाद ये वहीं पर स्पेस में जला दिए जाते हैं। 

नए सिस्टम के तहत वैज्ञानिकों ने ऐसा डिवाइस ईजाद किया है जो वजन में हल्का है। यह यूरीन में से पानी को अलग कर लेता है और उसे शुद्ध करता है। यह प्रोसेस सिर्फ 5 मिनट में ही पूरा हो जाता है। इसमें एक ह्यूमिडिटी सेंसर भी लगा होगा जो यूरीन का पता खुद ही लगा लेगा। 

यूरीन का पता लगते ही इसमें एक वैक्यूम पम्प चालू हो जाता है जो यूरीन को फिल्टर करने वाले डिवाइस में खींच लेता है। यूरीन से पानी निकाल कर यह उसे साफ और शुद्ध करता है, फिर उसे स्पेस सूट में लगे ड्रिंकिंग बैग में भेज देता है। हालांकि सिस्टम अभी शुरुआती स्टेज में है, लेकिन लैब में इसे कारगर तौर पर काम करते हुए टेस्ट किया जा चुका है। 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

हेमन्त कुमार

हेमन्त कुमार Gadgets 360 में सीनियर सब-एडिटर हैं और विभिन्न प्रकार के ...और भी

संबंधित ख़बरें

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Redmi 15A 5G vs Realme P4 Lite 5G vs Samsung Galaxy F70e 5G: जानें 15000 में कौन सा है बेस्ट
  2. Oracle layoffs: एक Email, और 30 हजार नौकरियां खत्म! 12 हजार भारत से
  3. 16 हजार रुपये सस्ता मिल रहा Samsung का 50MP कैमरा वाला फ्लैगशिप फोन, जानें पूरा ऑफर
  4. HMD जल्द लॉन्च करेगा 6000mAh बैटरी वाला सस्ता फोन? लीक हुई Crest 2 Pro की डिटेल्स
  5. देसी WhatsApp राइवल Arattai में नया फीचर, फोटो से बनेंगे स्टिकर
  6. ड्राइविंग के दौरान चैट होगी और आसान, आ रहा है WhatsApp CarPlay ऐप!
  7. Instagram पर पैसे देने वाले चोरी-छिपे देख सकेंगे Story? पेड सब्सक्रिप्शन ला रहा है Meta
  8. OnePlus Nord 6 में मिलेगा 50MP कैमरा, कंपनी ने किया खुलासा, जानें सबकुछ
  9. 53 साल बाद इंसान फिर चांद की ओर! NASA ने शुरू की उलटी गिनती, जानें क्या है Artemis II मिशन
  10. Xiaomi ने लॉन्च किया गजब कूकर, बिना गैस बनेंगे चावल, नहीं रहेगा कोई भी डर
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »