ISRO Aditya L1 Mission : कल सूर्य को ‘नमस्‍कार’ करेगा ISRO का आदित्‍य! 27 घंटे बाकी

ISRO Aditya L1 Mission : ‘आदित्‍य एल-1’ मिशन को पिछले साल 2 सितंबर को लॉन्‍च किया गया था। तब से इसने 37 लाख किलोमीटर का घुमावदार फासला तय किया है।

ISRO Aditya L1 Mission : कल सूर्य को ‘नमस्‍कार’ करेगा ISRO का आदित्‍य! 27 घंटे बाकी

Photo Credit: ISRO

आदित्‍य स्‍पेसक्राफ्ट की कंडीशन बेहतर है। इसने अपने लक्ष्‍य पर पहुंचने से पहले ही सूर्य की तस्‍वीरें खींचना शुरू कर दिया है।

ख़ास बातें
  • इसरो का आदित्‍य स्‍पेसक्राफ्ट कल पहुंचेगा मंजिल पर
  • पृथ्‍वी से 15 लाख किलोमीटर दूर एल1 पॉइंट पर करेगा पार्किंग
  • वहां से सूर्य पर रखेगा दिन रात नजर
विज्ञापन
ISRO Aditya L1 Mission : अंतरिक्ष में ‘भारत का सूर्य नमस्‍कार' पूरा होने वाला है। इंडियन स्‍पेस रिसर्च ऑर्गनाइजेशन (ISRO) की पहली स्‍पेस बेस्‍ड सोलर ऑब्‍जर्वेट्री ‘आदित्‍य एल-1' (Aditya-L1) कल अपने लक्ष्‍य पर पहुंच जाएगी। इसरो का यह सैटेलाइट अपने निर्धारित ऑर्बिट में 6 जनवरी की शाम 4 बजे एंट्री करेगा। ‘आदित्‍य एल-1' मिशन को पिछले साल 2 सितंबर को लॉन्‍च किया गया था। तब से इसने 37 लाख किलोमीटर का घुमावदार फासला तय किया है। इसरो का कहना है कि आदित्‍य स्‍पेसक्राफ्ट की कंडीशन बेहतर है। इसने अपने लक्ष्‍य पर पहुंचने से पहले ही सूर्य की तस्‍वीरें खींचना शुरू कर दिया है।   
 

L1 पॉइंट है आदित्‍य का फाइनल डेस्टिनेशन

आदित्य-एल-1 पृथ्वी से लगभग 15 लाख किलोमीटर दूर सूर्य-पृथ्वी के पहले लैग्रेंजियन पॉइंट (एल1) के चारों ओर सूर्य की स्‍टडी करेगी। आपको यह दूरी बहुत ज्‍यादा लग सकती है, लेकिन यह पृथ्‍वी और सूर्य की कुल दूरी का सिर्फ 1 फीसदी है। L1 पॉइंट पृथ्वी और सूर्य के बीच एक संतुलित गुरुत्वाकर्षण वाली जगह है, जिसे स्‍पेस एजेंसियां ‘पार्किंग' भी कहती हैं।  
 

L1 पॉइंट को ही क्‍यों चुना ISRO ने 

यह ऐसा पॉइंट है, जहां से सूर्य पर हमेशा नजर रखी जा सकती है। जब मिशन अपना काम शुरू कर देगा तो इसरो को रियलटाइम में सौर गतिविधियों का पता चल पाएगा। आदित्‍य स्‍पेसक्राफ्ट अपने साथ 7 साइंटिफ‍िक इंस्‍ट्रूमेंट्स लेकर गया है। सभी स्‍वेदशी हैं और भारत के विभ‍िन्‍न विभागों द्वारा तैयार किए गए हैं। इंस्‍ट्रूमेंट्स की मदद से सूर्य के अलग-अलग हिस्‍सों को स्‍टडी किया जाएगा। 
 

पिछले महीने ली थी सूर्य की फोटो 

मंजिल पर पहुंचने के दौरान पिछले महीने आदित्‍य स्‍पेसक्राफ्ट ने सूर्य की फुल डिस्‍क इमेज खींची थी। स्पेसक्राफ्ट ने सूर्य को कैमरे में इस तरह से कैद किया, जो अब से पहले नहीं किया गया था। वह फोटो नियर अल्ट्रावायलेट वेवलेंथ में थी। फोटो में सूर्य के फोटोस्फीयर (photosphere) और क्रोमोस्फीयर (chromosphere) को देखा जा सकता था। 
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

संबंधित ख़बरें

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. iPhone 17 दुनिया में सबसे ज्यादा बिकने वाला फोन, Samsung का Galaxy S26 Ultra रह गया इतना पीछे!
  2. Vivo Y31T 5G भारत में लॉन्च: 7,200mAh बैटरी, 50MP कैमरा और 256GB तक स्टोरेज के साथ इतनी है कीमत
  3. Raksha Bandhan 2026: ईयरफोन्स से लेकर मोबाइल केस तक, ₹1 हजार के अंदर ये 10 गिफ्ट बड़े काम के
  4. Sony लाई PlayStation Plus मेंबर्स के लिए शानदार 4 गेम फ्री! ऐसे करें क्लेम
  5. Realme C100i ने दी 6,500mAh बैटरी, 8 मेगापिक्सल कैमरा के साथ दस्तक, जानें क्या है खास
  6. नहीं थम रही मोबाइल की कीमतों में बढ़ोतरी! Realme ने 14 वेरिएंट के दाम ₹3,000 तक महंगे किए
  7. Lava Bold N4 Lite भारत में 5000mAh बैटरी, 8 मेगापिक्सल कैमरा के साथ लॉन्च, जानें फीचर्स
  8. Acer ने भारत में लॉन्च किया ₹68 हजार का Swift Neo AI लैपटॉप, 32GB RAM के साथ मिलेगा 1TB SSD स्टोरेज
  9. 78 लाख छात्रों-शिक्षकों को फ्री मिलेगा हजारों रुपये वाला Adobe Express, इन 7 राज्यों से शुरू हुई पहल
  10. 50MP कैमरा वाले Poco M8x 5G की सेल शुरू, 7900mAh बैटरी के साथ गजब हैं फीचर्स
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »