मर्चेंट्स की चिंता के बावजूद कार्ड टोकनाइजेशन को 30 सितंबर से आगे नहीं बढ़ाएगा RBI

बैंकों और मर्चेंट्स का कहना है कि इस सिस्टम के लागू होने पर पेमेंट्स के नाकाम होने और रेवेन्यू के नुकसान की कुछ आशंकाएं बरकरार हैं

विज्ञापन
Written by आकाश आनंद, अपडेटेड: 29 सितंबर 2022 18:47 IST
ख़ास बातें
  • कार्ड टोकनाइजेशन के लिए 30 सितंबर की समयसीमा को बढ़ाने की कम संभावना है
  • RBI ने इसे लेकर कोई सकारात्मक संकेत नहीं दिया है
  • इस नियम के पालन के लिए बैंक, कार्ड कंपनियां और बड़े रिटेलर्स तैयार हैं

कंपनियों को 1 अक्टूबर से सिस्टम से क्रेडिट और डेबिट कार्ड डेटा को हटाने का ऑर्डर दिया गया है

बैंकों और मर्चेंट्स के लिए कस्टमर्स के क्रेडिट कार्ड से जुड़े डेटा की सिक्योरिटी बढ़ाने की 30 सितंबर की समयसीमा को रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) की ओर से बढ़ाए जाने की कम संभावना है। बैंकों और मर्चेंट्स का कहना है कि इस सिस्टम के लागू होने पर पेमेंट्स के नाकाम होने और रेवेन्यू के नुकसान की कुछ आशंकाएं बरकरार हैं।

Reuters ने इस मामले की जानकारी रखने वाले बैंकिंग और मर्चेंट्स से जुड़े सूत्रों के हवाले से बताया कि बहुत से मर्चेंट्स की ओर से इस नियम को लागू करने की तारीख बढ़ाए जाने के निवेदन के बावजूद RBI ने इसे लेकर कोई सकारात्मक संकेत नहीं दिया है। एक बड़े सरकारी बैंक के अधिकारी ने कहा, "बैंक, कार्ड नेटवर्क्स और बड़े मर्चेंट्स इसके लिए तैयार हैं। इस वजह से समयसीमा को बढ़ाने के लिए ज्यादा दबाव नहीं है। हमें इसे लेकर कोई संकेत भी नहीं मिला है। अगर ऐसा होता है तो यह हैरान करने वाला होगा।" इस बारे में RBI को ईमेल का कोई उत्तर नहीं मिला। 

लगभग तीन वर्ष पहले देश में कार्ड डेटा की सिक्योरिटी बढ़ाने के लिए कार्ड्स को टोकनाइज करने की योजना बनाई गई थी। इसके लिए 30 सितंबर की समयसीमा है। टोकनाइजेशन एक प्रोसेस है जिससे कार्ड की डिटेल्स की जगह एक एल्गोरिद्म से जेनरेट हुआ यूनीक कोड या टोकन लेता है। इससे कार्ड की डिटेल्स दिए बिना ऑनलाइन खरीदारी की जा सकती है। RBI ने कोर्ड टोकनाइजेशन की समयसीमा को कई बार बढ़ाया है और सभी कंपनियों को इस वर्ष 1 अक्टूबर से उनके सिस्टम से सभी क्रेडिट और डेबिट कार्ड डेटा को हटाने का ऑर्डर दिया है। 
 
इस नियम के पालन के लिए बैंक, कार्ड कंपनियां और बड़े रिटेलर्स तैयार हैं लेकिन स्मॉल मर्चेंट्स को इससे मुश्किल हो सकती है। इन मर्चेंट्स का कहना है कि उन्हें शॉर्ट-टर्म में इससे रेवेन्यू का नुकसान उठाना पड़ सकता है। मर्चेंट एसोसिएशंस ने RBI से संपर्क कर इस समयसीमा को कुछ टालने का निवेदन किया है। कुछ मर्चेंट्स और बैंक अधिकारियों को आशंका है कि टोकनाइजेशन का नियम लागू होने के बाद शॉर्ट-टर्म में कार्ड से जुड़ी ट्रांजैक्शंस में कमी आ सकती है। कुछ एक्सपर्ट्स का कहना है कि पेमेंट्स के अलावा कुछ अन्य मुश्किलें भी हो सकती हैं। इनमें प्रोडक्ट को लौटाना शामिल है क्योंकि मर्चेंट के पास कार्ड का डेटा नहीं होगा।  
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी ...और भी

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Motorola लेटेस्ट फोन Moto G Max लॉन्च हुआ 5200mAh बैटरी, 200MP कैमरा के साथ, जानें कीमत और फीचर्स
  2. अब AI करेगा आपकी तरफ से पेमेंट! भारत में लॉन्च हुआ नया UPI प्रोटोकॉल
  3. iQOO 15, iQOO 15R, iQOO Neo 10, Vivo T5 Pro जैसे फोन हुए 3000 रुपये तक महंगे!
  4. एक Samsung TV खरीदो, दूसरा TV फ्री पाओ! कुछ मॉडल्स के साथ मिलेगा ₹93,000 का Soundbar
  5. Flipkart June Epic Sale: Samsung Galaxy S25 Edge की कीमत हो गई आधी! सबसे बड़ा डिस्काउंट
  6. महंगे हुए Samsung Galaxy A17 5G और Galaxy F17 5G! नई कीमतें लीक
#ताज़ा ख़बरें
  1. दुनिया के पहले ट्रिलिनेयर बने Elon Musk, SpaceX के शेयर्स ने बढ़ाई वेल्थ
  2. Samsung Galaxy A27 5G में हो सकता है 6.7 इंच डिस्प्ले, 5,000mAh की बैटरी
  3. 48 पैसे में बनवाओ वीडियो! लॉन्च हुआ भारत का अपना वीडियो AI मॉडल
  4. एक Samsung TV खरीदो, दूसरा TV फ्री पाओ! कुछ मॉडल्स के साथ मिलेगा ₹93,000 का Soundbar
  5. Apple के आगामी MacBook में मिल सकता है टचस्क्रीन डिस्प्ले
  6. XElectron ने लॉन्च किया 180Hz के रिफ्रेश रेट के साथ पोर्टेबल गेमिंग मॉनिटर
  7. Google का खूबसूरत Home Smart Speaker अगले हफ्ते हो सकता है लॉन्च! बड़ा खुलासा
  8. Tata Motors की Sierra EV जल्द होगी लॉन्च, 75 kWh तक हो सकती है बैटरी
  9. Flipkart June Epic Sale: Samsung Galaxy S25 Edge की कीमत हो गई आधी! सबसे बड़ा डिस्काउंट
  10. अब AI करेगा आपकी तरफ से पेमेंट! भारत में लॉन्च हुआ नया UPI प्रोटोकॉल
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.