• होम
  • इंटरनेट
  • ख़बरें
  • वॉयस असिस्टेंट बना जासूस? नहीं मानी गलती, लेकिन फिर भी 623 करोड़ का जुर्माना भरेगा Google

वॉयस असिस्टेंट बना जासूस? नहीं मानी गलती, लेकिन फिर भी 623 करोड़ का जुर्माना भरेगा Google

Google ने अपने वॉयस असिस्टेंट पर लगे जासूसी के आरोपों को निपटाने के लिए 68 मिलियन डॉलर का सेटलमेंट किया है।

वॉयस असिस्टेंट बना जासूस? नहीं मानी गलती, लेकिन फिर भी 623 करोड़ का जुर्माना भरेगा Google

Photo Credit: Unsplash/ Firmbee

Google ने सेटलमेंट में किसी भी गलती को स्वीकार नहीं किया

ख़ास बातें
  • Google Assistant जासूसी आरोपों पर 68 मिलियन डॉलर का सेटलमेंट
  • कंपनी ने सेटलमेंट में किसी भी गलती को स्वीकार नहीं किया
  • केस बिना वेक वर्ड रिकॉर्डिंग यानी false accepts से जुड़ा था
विज्ञापन

Google ने अपने वॉयस असिस्टेंट को लेकर लगे जासूसी के आरोपों से जुड़े एक मामले को निपटाने के लिए कथित तौर पर 68 मिलियन डॉलर (करीब 623.50 करोड़ रुपये) चुकाने पर सहमति जताई है। एक एजेंसी रिपोर्ट के मुताबिक, यह मामला उस क्लास-एक्शन मुकदमे से जुड़ा है, जिसमें आरोप लगाया गया था कि Google Assistant यूजर्स की अनुमति के बिना उनकी बातचीत रिकॉर्ड करता था और उस डेटा का इस्तेमाल विज्ञापनों सहित अन्य उद्देश्यों के लिए किया गया।

हालांकि, इस सेटलमेंट में Google ने किसी भी तरह की गलती स्वीकार नहीं की है। रॉयटर्स की रिपोर्ट बताती है कि मुकदमे में दावा किया गया था कि कंपनी ने जानबूझकर और गैरकानूनी तरीके से लोगों की निजी बातचीत को इंटरसेप्ट और रिकॉर्ड किया, और बाद में उस जानकारी को थर्ड पार्टी के साथ शेयर किया गया। आरोपों के मुताबिक, इन रिकॉर्डिंग्स से मिले डेटा का इस्तेमाल टार्गेटेड एडवरटाइजिंग के लिए भी किया गया।

यह केस खास तौर पर “false accepts” से जुड़ा था। इसमें कहा गया कि Google Assistant कई बार बिना किसी वेक वर्ड के एक्टिव हो जाता था और यूजर्स की बातचीत रिकॉर्ड करने लगता था, जबकि उन्होंने असिस्टेंट को जानबूझकर चालू नहीं किया होता था।

दरअसल, अमेरिका में लंबे समय से यह आशंका रही है कि स्मार्ट डिवाइसेज यूजर्स की बातचीत पर नजर रखते हैं। इसी तरह के आरोपों के चलते पहले भी बड़ी टेक कंपनियों को कानूनी चुनौतियों का सामना करना पड़ा है। 2021 में Apple ने भी अपने वॉयस असिस्टेंट Siri को लेकर लगे आरोपों को निपटाने के लिए 95 मिलियन डॉलर (करीब 871 करोड़ रुपये) का सेटलमेंट किया था।

Google के लिए यह पहला प्राइवेसी से जुड़ा मामला नहीं है। बीते साल कंपनी ने टेक्सस राज्य के साथ दो अलग-अलग मुकदमों को सेटल करने के लिए करीब 1.4 बिलियन डॉलर (लगभग 12,836 करोड़ रुपये) देने पर भी सहमति जताई थी, जिनमें डेटा प्राइवेसी कानूनों के उल्लंघन के आरोप लगाए गए थे।

Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

नितेश पपनोई Nitesh has almost seven years of experience in news writing and reviewing tech products like smartphones, headphones, and smartwatches. At Gadgets 360, he is covering all ...और भी
Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News
Turbo Read

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. टेकी ने अपनी ही कंपनी से चुराया 88 करोड़ रुपये का सॉफ्टवेयर डाटा, दर्ज हुआ केस
  2. वॉयस असिस्टेंट बना जासूस? नहीं मानी गलती, लेकिन फिर भी 623 करोड़ का जुर्माना भरेगा Google
  3. अब छूटेंगे हैकर्स के पसीने! WhatsApp में आया हाई-सिक्योरिटी फीचर, एक क्लिक में लग जाएगा लॉकडाउन
  4. iPhone 18 की कीमत पर हुआ खुलासा, नहीं होगा iPhone 17 से बहुत ज्यादा महंगा!, जानें क्या है प्लान?
  5. 19 हजार MRP वाला 32 इंच स्मार्ट टीवी खरीदें 7500 से सस्ता, देखें Amazon पर 5 सबसे सस्ते TV
  6. WhatsApp नहीं है सुरक्षित, Elon Musk ने उठाया प्राइवेसी पर सवाल
  7. 13 साल पुराने iPhone में भी एप्पल ने फूंकी जान, काम करेंगे Facetime और iMessages जैसे फीचर्स
  8. Samsung Galaxy A07 5G जल्द होगा भारत में लॉन्च, लीक हुए प्राइसेज
  9. अमेरिका में इलेक्ट्रिसिटी की कॉस्ट बढ़ने से बिटकॉइन माइनिंग में हुई गिरावट
  10. HP HyperX Omen 15 गेमिंग लैपटॉप भारत में हुआ लॉन्च, जानें प्राइस, स्पेसिफिकेशंस
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »