Ericsson निकालेगी 8500 कर्मचारी, भारत में होगा इतना असर

छंटनी की ओर कदम बढ़ाने वाली कंपनियों टेलीकॉम इक्विपमेंट बनाने वाली Ericsson का नाम भी शामिल हो गया है।

Ericsson निकालेगी 8500 कर्मचारी, भारत में होगा इतना असर

छंटनी की ओर कदम बढ़ाने वाली कंपनियों टेलीकॉम इक्विपमेंट बनाने वाली Ericsson का नाम भी शामिल हो गया है।

ख़ास बातें
  • कंपनी 8500 कर्मचारियों की छंटनी करने जा रही है
  • स्वीडन में 1400 कर्मचारियों को घटाने की घोषणा
  • 1,05,000 कर्मचारियों के वर्कफोर्स में से होगी छंटनी
विज्ञापन
टेलीकॉम उपकरण बनाने वाली कंपनी Ericsson ने बड़ी छंटनी की घोषणा की है। कंपनी ने 8500 कर्मचारियों को वर्कफोर्स से कम करने का ऐलान कर दिया है। इस संबंध में कर्माचारियों को सूचना भी दिए जाने की बात सामने आई है। कर्मचारियों की छंटनी के पीछे के कारण के संबंध में कंपनी का मकसद कॉस्ट कटिंग बताया गया है। 

2023 में छंटनी की ओर कदम बढ़ाने वाली कंपनियों टेलीकॉम इक्विपमेंट बनाने वाली Ericsson का नाम भी शामिल हो गया है। रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक कंपनी 8500 कर्मचारियों की छंटनी करने जा रही है। कंपनी के चीफ एक्जिक्यूटिव ऑफिसर बॉर्जे एक्हॉम ने मेमो के जरिए बताया है कि कर्मचारियों को उस देश में चल रही कंपनी की स्थिति के अनुसार कम किया जाएगा। कई देशों में तो इस हफ्ते के अंदर ही कर्मचारियों को कम करने की प्रक्रिया शुरू की जा चुकी है। 

बीते सोमवार को कंपनी ने अपने 1,05,000 कर्मचारियों के वर्कफोर्स में से स्वीडन में 1400 कर्मचारियों को घटाने की घोषणा की थी। हालांकि कंपनी ने अभी तक इस बात को स्पष्ट नहीं किया है कि किस क्षेत्र में सबसे ज्यादा छंटनी की जाएंगी। वहीं, एनालिस्टों का मानना है कि फर्म नॉर्थ अमेरिका में सबसे ज्यादा छंटनियां कर सकती है। वहीं, उभरते मार्केट्स जैसे भारत आदि में इसका असर सबसे कम देखने को मिल सकता है। 

Ericsson की ओर से दिसंबर में घोषणा की गई थी कि वह अपने खर्चे को 7300 करोड़ रुपये तक घटाने की योजना पर प्लान कर रही है। यह कॉस्ट कटिंग कंपनी 2023 के अंत तक जारी रखेगी क्योंकि ग्लोबल लेवल पर डिमांड घटती जा रही है। इसका सीधा कारण महामारी से जोड़कर देखा जा रहा है। महामारी के दौरान जहां टेलीकॉम इक्विपमेंट्स की डिमांड एकदम से आसमान छूने लगी थी, ऐसे में अब डिमांड में लगातार कमी आती जा रही है। इसलिए कंपनियां छंटनी की ओर रुख कर रही हैं। 

इससे पहले एरिक्सन के चीफ फाइनेंशिअल ऑफिसर कार्ल मेलेंडर ने रॉयटर्स को बताया था कि कॉस्ट कटिंग की प्रक्रिया में कंसल्टेंट्स की संख्या कम की जाएगी, रीयल एस्टेट और एम्प्लोयी हेड काउंट यानि कि कर्मचारियों की संख्या भी घटाई जाएगी। इससे पहले Microsoft, Meta और Alphabet, Google भी हजारों की संख्या में कर्मचारियों को वर्कफोर्स से कम कर चुकी हैं। 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

गैजेट्स 360 स्टाफ

द रेजिडेंट बोट । अगर आप मुझे ईमेल करते हैं, तो कोई इंसान जवाब ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Motorola Edge 70 Pro+ जल्द होगा भारत में लॉन्च, 50 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा
  2. AKAI Summer Collection भारत में लॉन्च; बजट से प्रीमियम तक, फ्रिज और AC की लंबी रेंज
  3. Oppo Reno 16 जल्द होगा भारत में लॉन्च, ट्रिपल रियर कैमरा यूनिट 
  4. Airtel की नई 5G सर्विस पर विवाद, सरकारी जांच के घेरे में मामला; क्या प्रीपेड यूजर्स पर पड़ेगा असर?
  5. अब ChatGPT बना देगा पूरा PowerPoint प्रेजेंटेशन, OpenAI ने लॉन्च किया नया फीचर
  6. 4 चट्टानें आज धरती से टकराने वाली हैं? NASA ने दिया एस्टरॉयड अलर्ट
  7. Xiaomi 17T जल्द होगा भारत में लॉन्च, 6,500mAh हो सकती है बैटरी
  8. Xiaomi 17T भारत में होगा 4 जून को लॉन्च, जानें कैसे होंगे फीचर्स
  9. Facebook मैसेंजर पर कैसे करें सीक्रेट कन्वर्सेशन, कोई दूसरा नहीं देख पाएगा
  10. Realme 16 5G vs iQOO Neo 10 5G vs OnePlus Nord 6, जानें कौन सा फोन है बेस्ट वैल्यू फॉर मनी!
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »