Celsius Network ने मुश्किल से निकलने के लिए Bitcoin माइनिंग पर लगाया दाव

इस अमेरिकी फर्म को एक बैंकरप्सी कोर्ट से बिटकॉइन माइनिंग सेंटर पर लगभग 41.2 लाख डॉलर का खर्च करने की अनुमति मिली है

Celsius Network ने मुश्किल से निकलने के लिए Bitcoin माइनिंग पर लगाया दाव

इसके कस्टमर्स के एसेट्स बैंकरप्सी फाइलिंग से पहले फ्रीज किए गए थे

ख़ास बातें
  • क्रिप्टो मार्केट में रिकवरी होने पर माइनिंग बिजनेस की वैल्यू बढ़ सकती है
  • फर्म को लगभग 1.19 अरब डॉलर का घाटा हुआ है
  • इसने पिछले सप्ताह बैंकरप्सी फाइलिंग की थी
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वित्तीय मुश्किलों से घिरी क्रिप्टो लेंडिंग फर्म Celsius Network का कहना है कि उसकी रिस्ट्रक्चरिंग की कोशिशों के लिए बिटकॉइन माइनिंग महत्वपूर्ण है। इस अमेरिकी फर्म को एक बैंकरप्सी कोर्ट से बिटकॉइन माइनिंग सेंटर पर लगभग 41.2 लाख डॉलर का खर्च करने की अनुमति मिली है। 

Celsius Network के लॉयर Patrick Nash ने Glenn को बताया कि फर्म को बिटकॉइन माइनिंग से कस्टमर्स को भुगतान करने का जरिया मिल सकता है। इसके कस्टमर्स के एसेट्स बैंकरप्सी फाइलिंग से पहले फ्रीज किए गए थे। उन्होंने कहा कि क्रिप्टो मार्केट में रिकवरी होने पर माइनिंग बिजनेस की वैल्यू बढ़ सकती है। Reuters की रिपोर्ट के अनुसार, फर्म ने पिछले सप्ताह बैंकरप्सी फाइलिंग की थी। इसे लगभग 1.19 अरब डॉलर का घाटा हुआ है। लगभग दो महीने पहले TerraUSD और Luna में भारी गिरावट के कारण क्रिप्टो मार्केट में काफी बिकवाली हुई थी और फर्म के लेंडिंग बिजनेस पर बड़ी चोट पड़ी थी। इसके बाद फर्म ने नुकसान पर लगाम लगाने के लिए कस्टमर्स की ट्रांजैक्शंस बंद कर दी थी।  

फर्म के ट्रांजैक्शंस पर रोक लगाने के फैसले की टेक्सस स्टेट सिक्योरिटी बोर्ड सहित कुछ रेगुलेटर्स जांच कर रहे हैं। इस बारे में अमेरिका के सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज कमीशन (SEC) ने भी Celsius से जानकारी मांगी गई थी। हालांकि, SEC ने इस बारे में कोई टिप्पणी करने से मना कर दिया था। अल्बामा सिक्योरिटीज कमीशन के डायरेक्टर Joseph Borg का कहना था, "मैं इससे चितित हूं कि रिटेल इनवेस्टर्स सहित फर्म के क्लाइंट्स को उनके एसेट्स को रिडीम करने की जरूरत हो सकती है लेकिन वे ऐसा कर सकते। इससे उनकी वित्तीय मुश्किलें बढ़ सकती हैं।" 

इस फर्म ने एक ब्लॉग पोस्ट में बताया था, "हम लिक्विडिटी और बिजनेस को मजबूत करे के लिए यह जरूरी कदम उठा रहे हैं। इसके साथ ही एसेट्स की सुरक्षा के उपाय किए जा रहे हैं। कस्टमर्स को इस दौरान रिवॉर्ड्स मिलते रहेंगे।" पिछले वर्ष के अंत में इस फर्म ने लगभग 75 करोड़ डॉलर का फंड हासिल किया था। यह क्रिप्टो लेंडिंग से जुड़ी बड़ी फर्मों में शामिल है। यह अपनी क्रिप्टोकरेंसीज को जमा करने वाले कस्टमर्स को इंटरेस्ट का ऑफर देती है और रिटर्न कमाने के लिए क्रिप्टोकरेंसीज की लेंडिंग करती है। क्रिप्टो सेगमेंट की विशेषतौर पर अमेरिका सहित कई देशों में स्क्रूटनी बढ़ी है। 

(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)

भारतीय एक्सचेंजों में क्रिप्टोकरेंसी की कीमतें

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