• होम
  • मोबाइल
  • ख़बरें
  • स्मार्टफोन मार्केट में मंदी से Xiaomi को लगा झटका, रेवेन्यू 10 प्रतिशत गिरा

स्मार्टफोन मार्केट में मंदी से Xiaomi को लगा झटका, रेवेन्यू 10 प्रतिशत गिरा

शाओमी की सेल्स अनुमान से कुछ अधिक रही है लेकिन कंपनी को हुआ लगभग 1.5 अरब युआन का नेट लॉस हैरान करने वाला है

स्मार्टफोन मार्केट में मंदी से Xiaomi को लगा झटका, रेवेन्यू 10 प्रतिशत गिरा

कंपनी के मोबाइल डिवाइसेज की बिक्री में लगभग 11 प्रतिशत की कमी हुई है

ख़ास बातें
  • जुलाई-सितंबर के दौरान कंपनी की सेल्स 70.5 अरब युआन की रही
  • कंपनी का लगभग 1.5 अरब युआन का नेट लॉस हैरान करने वाला है
  • स्मार्टफोन की ग्लोबल सेल्स में गिरावट हो रही है
विज्ञापन
चाइनीज स्मार्टफोन कंपनी Xiaomi का तिमाही रेवेन्यू लगभग 10 प्रतिशत कम हो गया है। कंपनी की बिक्री पर ग्लोबल स्मार्टफोन मार्केट की मंदी और चीन में डिमांड घटने का असर पड़ा है। इसके मोबाइल डिवाइसेज की बिक्री में लगभग 11 प्रतिशत की कमी हुई है। जुलाई-सितंबर के दौरान कंपनी की सेल्स 70.5 अरब युआन (लगभग 80,900 करोड़ रुपये) की रही। 

शाओमी की सेल्स अनुमान से कुछ अधिक रही है लेकिन कंपनी को हुआ लगभग 1.5 अरब युआन का नेट लॉस हैरान करने वाला है। शाओमी ने इनवेस्टमेंट पर लॉस जैसी मदों में लगभग 3 अरब युआन को राइटडाउन किया है और इस वजह से इसके नतीजों में नेट लॉस दिख रहा है। चीन में जीरो कोविड पॉलिसी के कारण टेक कंपनियों की मुश्किलें बढ़ी हैं। इससे सप्लाई चेन में रुकावट आई है। इसके अलावा इन्फ्लेशन बढ़ने और इकोनॉमिक ग्रोथ कम होने से इलेक्ट्रॉनिक्स की डिमांड घट रही है। हालांकि, शाओमी ने यूरोप में मार्केट शेयर बढ़ाने में सफलता पाई है।

कंपनी के प्रेसिडेंट Wang Xiang ने कहा, "चीन में कोरोना की चुनौती है। इंटरनेशनल मार्केट्स में ग्रोथ की गुंजाइश बरकरार है।" अगले वर्ष स्मार्टफोन की ग्लोबल सेल्स 2.9 प्रतिशत घटने का अनुमान है। शाओमी की यूनिट सेल्स इस वर्ष गिरने की आशंका है। भारत में कंपनी की यूनिट पर अपने बैंकर Deutsche Bank को वर्षों तक गलत जानकारी देने का आरोप लगा है। कंपनी ने दावा किया था कि उसका रॉयल्टी की पेमेंट के लिए एग्रीमेंट है, जबकि ऐसा कुछ नहीं था। कंपनी के खिलाफ जांच में पाया गया है कि उसने रॉयल्टी की 'मद' में अमेरिकी चिप कंपनी Qualcomm और अन्यों को 'गैर कानूनी' तरीके से रकम भेजी थी। Deutsche Bank के एक एग्जिक्यूटिव ने जांच अधिकारियों को अप्रैल में बताया था कि भारतीय कानून के तहत रॉयल्टी की पेमेंट्स के लिए Xiaomi की भारत में यूनिट और क्वालकॉम के बीच एक कानूनी एग्रीमेंट होना जरूरी था। कंपनी ने Deutsche Bank को बताया था कि उसके पास ऐसा एग्रीमेंट मौजूद है। 

कर्नाटक हाई कोर्ट ने कंपनी के लगभग 67.6 करोड़ डॉलर के एसेट्स को जब्त करने के खिलाफ अपील को खारिज कर दिया था। एन्फोर्समेंट डायरेक्टरेट (ED) ने ये एसेट्स जब्त किए हैं। ED का आरोप है कि कंपनी ने रॉयल्टी के भुगतान की मद में विदेश में गैर कानूनी तरीके से रकम ट्रांसफर की थी। 
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स शो की लेटेस्ट खबरें hindi.gadgets 360 पर और हमारे CES 2026 पेज पर देखें

ये भी पढ़े: Smartphone, Demand, Electronics, China, Market, Qualcomm, Court, devices, Europe, Xiaomi, Sales
आकाश आनंद

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी न्यूज एडिटर हैं। उनके पास प्रमुख ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. OnePlus 15T में हो सकती है 7,500mAh की बैटरी, डुअल 50 मेगापिक्सल कैमरा
  2. बिटकॉइन स्कैमः 150 करोड़ रुपये के Bitcoin मामले में राज कुंद्रा की बढ़ी मुश्किल
  3. Mahindra ने लॉन्च की XUV 3XO EV इलेक्ट्रिक SUV, जानें प्राइस, रेंज
  4. Apple के iPhone 17e में मिल सकता है 6.1 इंच डिस्प्ले, जल्द मैन्युफैक्चरिंग शुरू करने की तैयारी
  5. महंगा हुआ Aadhaar PVC कार्ड बनवाना, यहां जानें नई फीस से लेकर अप्लाई करने की सभी डिटेल्स
  6. Android की राह पर Apple! 200MP कैमरा के साथ आएगा iPhone, लेकिन कब? यहां जानें
  7. मंगल ग्रह पर चीनी वैज्ञानिकों को यह क्या मिला! लाल ग्रह की गुफाओं में छुपे जीवन के राज
  8. Elon Musk की Tesla को लगा बड़ा झटका, ग्लोबल मार्केट में टॉप EV सेलर बनी चीन की BYD
  9. भारतीय इंजीनियर का AI हेलमेट हुआ वायरल, नियम तोड़ते ही ट्रैफिक पुलिस को जाएगी डिटेल
  10. WiFi राउटर बनेगा CCTV! आ रही दीवार के पार देखने वाली तकनीक, जानें कैसे करेगी काम
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »