Google पर लगे जुर्माने में हो सकती है बढ़ोतरी, CCI ने कंपनी से मांगी फाइनेंशियल डिटेल्स

CCI का कहना है कि गूगल ने पिछले वर्ष दिए गए फाइनेंशियल डेटा में इस वर्ष की तुलना में बदलाव किए हैं

विज्ञापन
Written by आकाश आनंद, अपडेटेड: 24 अक्टूबर 2022 09:20 IST
ख़ास बातें
  • CCI का कहना है कि कंपनी ने पिछले वर्ष दिए डेटा में बदलाव किए हैं
  • गूगल ने कहा है कि CCI के ऑर्डर की वह समीक्षा करेगी
  • कंपनी ने कहा है कि Android ने लोगों को अधिक विकल्प दिए हैं

CCI ने कंपनी से गलत कारोबारी तरीकों को बंद करने के लिए भी कहा था

इंटरनेट सर्च कंपनी Google पर कॉम्पिटिशन कमीशन ऑफ इंडिया (CCI) की ओर से लगाई गई 1,337.68 करोड़ रुपये की पेनल्टी की रकम 'अस्थायी' है। CCI ने कंपनी से फाइनेंशियल डिटेल्स मांगी हैं क्योंकि पहले दिया गया डेटा विश्वसनीय नहीं है। Android मोबाइल डिवाइसेज को लेकर गूगल के अपनी दबदबे वाली स्थिति का गलत इस्तेमाल करने की वजहसे कंपनी पर पेनल्टी लगाई गई थी। 

CCI ने गूगल से गलत कारोबारी तरीकों को बंद करने के लिए भी कहा था। कंपनी पर लगी पेनल्टी पिछले तीन फाइनेंशियल ईयर में गूगल के औसत टर्नओवर का लगभग 10 प्रतिशत है। CCI का कहना है कि गूगल ने पिछले वर्ष दिए गए फाइनेंशियल डेटा में इस वर्ष की तुलना में बदलाव किए हैं। CCI के ऑर्डर में कहा गया है कि यह डेटा कई डिस्क्लेमर्स और आपत्तियों का विषय है। CCI ने कहा है कि कंपनी के पास काफी रिसोर्सेज होने और उसे पर्याप्त समय मिलने के बावजूद डेटा को सही तरीके से नहीं दिया गया। गूगल ने कहा है कि CCI के ऑर्डर की वह समीक्षा करेगी। उसने इसे देश के कंज्यूमर्स और कारोबारियों के लिए बड़ा झटका बताया था। 

गूगल का कहना था कि Android ने लोगों को अधिक विकल्प दिए हैं और यह भारत और दुनिया भर में हजारों सफल बिजनेस को सपोर्ट देता है। गूगल के प्रवक्ता ने ईमेल से दिए स्टेटमेंट में कहा था, "CCI का फैसला भारत में कंज्यूमर्स और बिजनेस के लिए एक बड़ा झटका है। इससे ऐसे लोगों के लिए सिक्योरिटी से जुड़े रिस्क होंगे जो एंड्रॉयड के सिक्योरिटी फीचर्स पर विश्वास करते हैं। इससे मोबाइल डिवाइसेज की कॉस्ट बढ़ जाएगी।" कंपनी ने बताया कि वह अगले कदमों को तय करने के लिए फैसले की समीक्षा करेगी। 

कंपनी के खिलाफ फैसले में CCI ने बताया था कि उसने गूगल से एक निश्चित समयसीमा में अपने तौर तरीकों में बदलाव करने को भी कहा है। देश में एंड्रॉयड-बेस्ड स्मार्टफोन्स का इस्तेमाल करने वाले कई लोगों से शिकायतें मिलने के बाद CCI ने इस मामले की विस्तृत जांच का आदेश दिया था। एंड्रॉयड एक ओपन सोर्स मोबाइल ऑपरेटिंग सिस्टम है। इसे स्मार्टफोन्स और टैबलेट्स के ओरिजिनल इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरर्स (OEM) की ओर से इंस्टॉल किया जाता है। गलत कारोबारी तरीकों के आरोप दो एग्रीमेंट्स - मोबाइल एप्लिकेशन डिस्ट्रीब्यूशन एग्रीमेंट और एंटी फ्रेगमेंटेशन एग्रीमेंट, जो Android OS के लिए OEM और गूगल के बीच होते हैं। 

(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: Online, CCI, Penalty, Google, Market, devices, Andriod, Business, Smartphone, Order, Data

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी ...और भी

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Realme 16 5G vs Vivo V60e vs Motorola Edge 70 Pro, जानें कौन सा फोन है दमदार
#ताज़ा ख़बरें
  1. इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर मार्केट में 22 प्रतिशत की गिरावट, Ola Electric की बिक्री 20 प्रतिशत बढ़ी
  2. Oppo Reno 16 सीरीज जल्द होगी लॉन्च, शुरू हुए प्री-रिजर्वेशन 
  3. Apple के लिए बड़ा मार्केट बना भारत, iPhone की जोरदार डिमांड 
  4. Xiaomi Civi 6, Civi 6 Pro में हो सकता है 1.5K डिस्प्ले, 50 मेगापिक्सल का पेरिस्कोप कैमरा
  5. IPL 2026 के मजे ₹500 से कम में! ये हैं Jio, Airtel और Vi के बेस्ट रिचार्ज प्लान
  6. अब 100 शहरों में मिनटों में डिलीवरी करेगा Amazon!
  7. मोबाइल पर बजेगी खतरे की घंटी! सरकार की बड़ी तैयारी, जानें क्या है NDMA का अलर्ट
  8. Amazon Great Summer Sale 2026: 8 मई से आ रही Amazon की बड़ी सेल, Samsung, Asus, Boat जैसे ब्रांड्स पर धांसू ऑफर्स
  9. सैमसंग ने पहली तिमाही में बनाया रेवेन्यू का रिकॉर्ड, मेमोरी चिप की जोरदार डिमांड 
  10. अब Netflix दिखाएगा Reels जैसे वीडियो, नया फीचर बदल देगा देखने का तरीका!
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.