• होम
  • इंटरनेट
  • ख़बरें
  • दिल्ली में प्राइवेट कारों को स्कूल कैब बना सकेंगे मालिक, लेकिन ये होंगी शर्तें! सरकार की नई पॉलिसी

दिल्ली में प्राइवेट कारों को स्कूल कैब बना सकेंगे मालिक, लेकिन ये होंगी शर्तें! सरकार की नई पॉलिसी

निजी कार को स्कूल कैब की तरह इस्तेमाल करने के लिए सरकार ने कुछ शर्तों की बात की है जो कि पॉलिसी में शामिल होंगीं।

दिल्ली में प्राइवेट कारों को स्कूल कैब बना सकेंगे मालिक, लेकिन ये होंगी शर्तें! सरकार की नई पॉलिसी

दिल्ली सरकार स्कूल कैब्स के लिए ऐसी पॉलिसी पर काम कर रही है जिसके बाद निजी कारों को भी स्कूल कैब्स में बदला जा सकेगा।

ख़ास बातें
  • निजी कार को स्कूल कैब की तरह इस्तेमाल करने के लिए होंगी शर्तें
  • गाड़ी 15 साल से पुरानी नहीं होनी चाहिए
  • गाड़ी सीएनजी चालित होनी चाहिए
विज्ञापन
दिल्ली में स्कूल कैब्स की संख्या में बढ़ोत्तरी के लिए प्रदेश सरकार नई पॉलिसी लाने जा रही है। जिसके अंतर्गत प्राइवेट कारों को स्कूल कैब में बदलने के लिए पॉलिसी पर काम चल रहा है। नई पॉलिसी के लागू हो जाने पर निजी कारों को स्कूल कैब के लिए कमर्शिअल तौर पर चलाए जाने की अनुमति होगी। हालांकि इसके लिए व्हीकल में कुछ बदलाव करने की बात भी सामने आ रही है। जल्द ही सरकार इस पॉलिसी पर आखिरी निर्णय लेने की तैयारी में है। 

दिल्ली सरकार स्कूल कैब्स के लिए ऐसी पॉलिसी पर काम कर रही है जिसके बाद निजी कारों को भी स्कूल कैब्स में बदला जा सकेगा। यानि कि कार का मालिक अपनी गाड़ी को स्कूल कैब्स के लिए कमर्शिअल व्हीकल के रूप में इस्तेमाल कर सकेगा। एक मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, इसके लिए कार के मालिक को कार में कुछ बदलाव भी करने होंगे। इसके लिए कहा गया है कि कार में स्पीड गवर्नर और बैग कैरियर लगवाना होगा। उसके अलावा भी कई ऐसी चीजें हैं जो कार में लागू करना अनिवार्य होगा। पॉलिसी पर अभी काम किया जा रहा है और सभी विभागों द्वारा एक बार जांचे जाने के बाद ही इसे आम लोगों के सामने रखा जाएगा। 
 

पॉलिसी में ये होंगी शर्तें

निजी कार को स्कूल कैब की तरह इस्तेमाल करने के लिए सरकार ने कुछ शर्तों की बात की है जो कि पॉलिसी में शामिल होंगीं। इसके अनुसार, गाड़ी 15 साल से पुरानी नहीं होनी चाहिए। दूसरी बात ये कि गाड़ी सीएनजी चालित होनी चाहिए। इसमें बच्चों के बैठने की क्षमता का भी ध्यान रखना होगा जो कि गाड़ी कुल क्षमता से आंका जाएगा। ये सभी शर्तें पूरी करने के साथ ही पॉलिसी के तहत एक वैलिड फिटनेस सर्टिफिकेट भी मालिक को प्राप्त करना होगा जिसके बाद सीएनजी चालित उस व्हीकल को कमर्शिअल तौर पर रजिस्ट्रेशन मिल जाएगा। उसके बाद स्कूली बच्चों को ले जाने के लिए मालिक को परमिट दिया जाएगा। 

स्पीड गवर्नर भी गाड़ी में लगवाने होंगे जो कि 40 किलोमीटर प्रति घंटा से ऊपर नहीं जा सकता है। गाड़ी पर उसके मालिक का नाम और संपर्क के लिए टेलीफोन या मोबाइल नम्बर भी साफ-साफ लिखा होना चाहिए। इसके अलावा गाड़ी में आपात स्थिति के लिए अग्निशामक यंत्र भी लगवाना अनिवार्य होगा। स्कूल के लिए कैब पॉलिसी 2007 में बनाई गई थी। इसके तहत केवल नए व्हीकल्स को ही इसके लिए रजिस्ट्रेशन की परमिशन दी जाती थी। दिल्ली में वर्तमान में 32 हजार स्कूल कैब मौजूद हैं। 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

हेमन्त कुमार

हेमन्त कुमार Gadgets 360 में सीनियर सब-एडिटर हैं और विभिन्न प्रकार के ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Oppo Find X9 Ultra में मिल सकता है 10x पेरिस्कोप टेलीफोटो कैमरा
  2. Poco X8 Pro, Poco X8 Pro में होगी डुअल रियर कैमरा यूनिट, 50 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा
  3. आधी कीमत में Galaxy S26 Ultra? जानें क्या है Samsung का नया Galaxy Forever Program
  4. Samsung Galaxy Wide Fold में नए डिजाइन के साथ हो सकता है 7.6 इंच डिस्प्ले
  5. Redmi ने लॉन्च किया 50 इंच साइज का 4K टेलीविजन, 'बजट' TV में मिलती है बिजली बचाने वाली टेक्नोलॉजी!
  6. Realme C100 5G की लॉन्च से पहले ही शुरू हो गई सेल, 7000mAh बैटरी के साथ आएगा फोन!
  7. JBL Grip स्पीकर भारत में लॉन्च, छोटे स्पीकर में 16W साउंड और 14 घंटे तक प्लेबैक का दावा!
  8. Bitcoin में इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स के दम पर तेजी, 73,000 डॉलर से ज्यादा हुआ प्राइस
  9. Realme P4 Lite 5G होगा 19 मार्च को लॉन्च, जानें फीचर्स से लेकर सबकुछ
  10. OnePlus Nord 6 सीरीज जल्द होगी भारत में लॉन्च, BIS पर OnePlus Nord CE 6 की लिस्टिंग
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »