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11,113 km/h की रफ्तार पकड़ सकता है चीन का खतरनाक Hypersonic इंजन, कई देशों की बढ़ी टेंशन!

चीन ने जिस हाइपरसोनिक इंजन का परिक्षण किया है, उसमें पारंपरिक हाइड्रोजन फ्यूल के बजाय एविएशन केरोसीन का इस्तेमाल किया गया है।

11,113 km/h की रफ्तार पकड़ सकता है चीन का खतरनाक Hypersonic इंजन, कई देशों की बढ़ी टेंशन!

Photo Credit: Representative Image

चीन ने अपने नए इंजन का टेस्ट JF-12 हाइपरसोनिक शॉक टनल में किया।

ख़ास बातें
  • इस हाइपरसोनिक इंजन में एविएशन केरोसीन का इस्तेमाल किया गया है
  • चीन ने अपने नए इंजन का टेस्ट JF-12 हाइपरसोनिक शॉक टनल में किया
  • अमेरिका फिलहाल स्क्रैमजैट हाइपरसोनिक इंजनों पर काम कर रहा है
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चीन (China) ने हाल ही में एक हाइपरसोनिक इंजन (Hypersonic Engine) का टेस्ट किया है। यह इंजन फाइटर जेट्स में लगाया जाएगा, जिसकी बदौलत जेट्स आश्चर्यजनक स्पीड से उड़ सकेंगे। इस टेस्ट ने कई सुपरपावर्स, खासतौर पर अमेरिका को टेंशन दे दी है। इस इंजन से जबरदस्त स्पीड तो मिलेगी ही, साथ ही यह शोर भी कम करेगा। निश्चित तौर पर यह हाइपरसोनिक इंजन चीन के फाइटर जेट्स को अच्छा अपग्रेड देगा।

South China Morning Post की रिपोर्ट कहती है कि चीन ने जिस हाइपरसोनिक इंजन का परिक्षण किया है, उसमें पारंपरिक हाइड्रोजन फ्यूल के बजाय एविएशन केरोसीन का इस्तेमाल किया गया है। इंजन बनाने वालों के लिए यह एक बड़ी उपलब्धि है, क्योंकि अब तक ऐसी कोई तकनीक नहीं बनी थी, जिसमें कोई फाइटर जेट इतनी स्पीड में उड़ सके। हाइपरसोनिक इंजन किसी फाइटर जेट को 11,113 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से उड़ाने की क्षमता रखता है। हालांकि, इतनी स्पीड पर विमान को इंसान द्वारा संभालना बहुत मुश्किल होगा, या यूं कहें कि नामुमकिन होगा।

चीन ने अपने नए इंजन का टेस्ट JF-12 हाइपरसोनिक शॉक टनल में किया। यह दुनिया की सबसे बड़ी शॉक टनल है, जिसका व्यास 11.4 फीट है। इस टनल के अंदर मैक 5 से मैक 9 स्पीड वाले इंजन को टेस्ट किया जाता है। इस सफल टेस्ट को चाइनीज एकेडमी ऑफ साइंसेज के इंस्टीट्यूट ऑफ मैकेनिक्स के लियु युनफेंग और उनकी टीम ने अंजाम दिया है। 

ऐसे में हो सकता है कि फाइटर जेट्स में इस इंजन को कई सीमाओं के साथ फिट किया जाएगा। फिर भी, चीन के लिए एक हाइपरसोनिक इंजन को बनाना एक बड़ी उपलब्धि मानी जाएगी। चीन ने इस इंजन का नाम डेटोनेशन रखा है। डेटोनेशन इंजन फाइटर जेट को आगे बढ़ाने के लिए शॉकवेव्स की सीरीज बनाता है। डेटोनेशन इंजन पारंपरिक हाइपरसोनिक इंजनों की तुलना में ज्यादा ताकत पैदा करते हैं। 

अमेरिका फिलहाल स्क्रैमजैट इंजनों पर काम कर रहा है, लेकिन ऐसा माना जा रहा है कि चीनी इंजन अमेरिकी इंजन से ज्यादा ताकतवर है।

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नितेश पपनोई Nitesh has almost seven years of experience in news writing and reviewing tech products like smartphones, headphones, and smartwatches. At Gadgets 360, he is covering all ...और भी
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