इस देश में प्रति दिन हो रही 64 करोड़ डॉलर से ज्यादा की क्रिप्टो ट्रांजैक्शंस.... 

अमेरिका सहित कुछ पश्चिमी देशों के प्रतिबंधों का सामना कर रहे रूस में यह सेगमेंट तेजी से बढ़ा है। हालांकि, इनमें से अधिकतर ट्रांजैक्शंस रेगुलेटेड नहीं हैं

विज्ञापन
Written by आकाश आनंद, अपडेटेड: 15 फरवरी 2026 23:37 IST
ख़ास बातें
  • रूस में क्रिप्टो से जुड़ी वार्षिक ट्रांजैक्शंस 130 अरब डॉलर से अधिक हैं
  • इस देश के लाखों नागरिक क्रिप्टो ट्रेडिंग से जुड़े हैं
  • रूस में क्रिप्टो माइनिंग का सेगमेंट भी बढ़ रहा है

क्रिप्टो मार्केट के लिए रूस में जल्द नए रेगुलेशंस बनाए जा सकते हैं

पिछले कुछ वर्षों में क्रिप्टो का सेगमेंट तेजी से बढ़ा है। रूस में क्रिप्टोकरेंसी से जुड़ी प्रति दिन की डील्स की वैल्यू लगभग 64.8 करोड़ डॉलर की है। अमेरिका सहित कुछ पश्चिमी देशों के प्रतिबंधों का सामना कर रहे रूस में यह सेगमेंट तेजी से बढ़ा है। हालांकि, इनमें से अधिकतर ट्रांजैक्शंस रेगुलेटेड नहीं हैं। 

एक मीडिया रिपोर्ट में बताया गया है कि रूस में क्रिप्टो से जुड़ी वार्षिक ट्रांजैक्शंस की वैल्यू 130 अरब डॉलर से ज्यादा की है। रूस के डिप्टी फाइनेंस मिनिस्टर,  Ivan Chebeskov ने बताया है, "देश में क्रिप्टोकरेंसीज का इस्तेमाल बढ़ रहा है। हमने पहले भी कहा है कि लाखों नागरिक क्रिप्टो ट्रेडिंग से जुड़े हैं। यह अनरेगुलेटेड सेगमेंट में हो रहा है। यह हमारे नियंत्रण के दायर से बाहर है।" सेंट्रल बैंक ऑफ रशिया (CBR) के फर्स्ट डिप्टी चेयरमैन, Vladimir Chistyukhin ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि ड्यूमा (रूस की पार्लियामेंट) के आगामी सत्र में क्रिप्टो मार्केट के लिए सांसद नए रेगुलेशंस को स्वीकृति देंगे। सरकार और सेंट्रल बैंक दोनों रेगुलेशंस का समर्थन करते हैं। 

रूस का कानून मुख्यतौर पर एक्सचेंजों पर जोर देगा और ऐसे ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म्स पर पेनल्टी लगाई जाएगी जिनके पास ऑपरेटिंग परमिट नहीं हैं। रूस के सबसे बड़े स्टॉक मार्केट, मॉस्को एक्सचेंज के अधिकारियों ने कहा है कि भी क्रिप्टो से जुड़ी ट्रांजैक्शंस में हिस्सेदारी चाहते हैं। इस देश में क्रिप्टो माइनिंग का सेगमेंट भी बढ़ रहा है। पिछले वर्ष के अंत में CBR ने माना था कि रूबल में आ रही तेजी के पीछे बिटकॉइन माइनिंग का भी असर है। 

CBR की चीफ, Elvira Nabiullina ने बताया था कि रूबल में तेजी के पीछे क्रिप्टो माइनिंग की ताकत भी शामिल है। हालांकि, इसके साथ ही उनका कहना था कि इसके असर का अनुमान लगाना मुश्किल है क्योंकि क्रिप्टो माइनिंग का एक बड़ा हिस्सा रेगुलेटेड नहीं है क्योंकि इसमें अवैध तौर पर माइनिंग करने वालों की बड़ी हिस्सेदारी है। इससे पहले रूस के प्रेसिडेंट Vladimir Putin के प्रशासन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा था कि क्रिप्टो माइनिंग से जुड़े फंड का अनुमान लगाना मुश्किल है। इस वजह से रूबल के लिए सही पूर्वानुमान नहीं दिया जा सकता है। उनका कहना था कि रूस के लिए क्रिप्टो माइनिंग एक छिपा हुआ एक्सपोर्ट बन चुका है और इससे देश के फॉरेन एक्सचेंज मार्केट पर भी असर पड़ रहा है। 
 

 

ये भी पढ़ेंभारतीय एक्सचेंजों में क्रिप्टोकरेंसी की कीमतें

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी ...और भी

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Honor Pad X10 Pro Max टैबलेट हुआ लॉन्च, 10,100 mAh बैटरी, फ्रंट में हैं दो कैमरा!
#ताज़ा ख़बरें
  1. Tesla ने  रिकॉल किए 29 लाख EVs, सेफ्टी का है कारण 
  2. BMW लाई भारत में सस्ती लग्जरी कार X1 LWB, कीमत ₹49.90 लाख से शुरू, जानें फीचर्स
  3. Apple Jobs Cuts: 200 लोगों की Apple से छुट्टी, Siri, Vision Pro और सॉफ्टवेयर टीम से छंटनी
  4. Honor Pad X10 Pro Max टैबलेट हुआ लॉन्च, 10,100 mAh बैटरी, फ्रंट में हैं दो कैमरा!
  5. मोबाइल मार्केट में 'मेक इन इंडिया' की धूम! 99% से ज्यादा मोबाइल फोन भारत खुद बना रहा
  6. चाइनीज कंपनी Unitree के 'सुपरमैन' रोबोट ने तोड़े रिकॉर्ड, 46 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से दौड़ा, वीडियो वायरल
  7. 32, 43 इंच बजट TV जल्द हो सकते हैं महंगे! Hisense India सीईओ ने चेताया
  8. 8 हजार से सस्ता खरीदें 25 हजार एमआरपी वाला Motorola फोन! 50MP कैमरा, 5200mAh बैटरी
  9. EV खरीदने के लिए ₹10 लाख से कम बजट? ये 4 टॉप इलेक्ट्रिक कार हैं आपके लिए
  10. Samsung Galaxy S26 FE में हो सकते हैं तीन कलर्स के ऑप्शन
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.