ब्रह्मांड की शुरुआत में थीं केवल 717 गैलेक्सी! James Web Telescope ने खोले विकास के नए राज़

वैज्ञानिकों का कहना है बिग बैंग के बाद तेजी से गैलेक्सी में तारों का जमावड़ा होना शुरू हुआ।

विज्ञापन
Written by हेमन्त कुमार, अपडेटेड: 10 जून 2023 14:13 IST
ख़ास बातें
  • वैज्ञानिकों का कहना है बिग बैंग के बाद तेजी से तारों का बनना शुरू हुआ
  • बीच में कुछ गैलेक्सी ने तारों को बनाना बंद कर दिया
  • टीम को इस दौरान 50 करोड़ से 85 करोड़ साल पुरानी गैलेक्सी मिली हैं

वैज्ञानिकों ने कुछ ऐसी आकाशगंगा पहचानी हैं जो ब्रह्मांड की शुरुआत में मौजूद थीं।

Photo Credit: NASA

अंतरिक्ष का दायरा कितना बड़ा हो सकता है, इसका अंदाजा लगाना भी अभी मुश्किल है। लेकिन अंतरिक्ष वैज्ञानिकों ने जो तस्वीर साझा की है, उसने अंतरिक्ष की दुनिया में रुचि रखने वाले लोगों के बीच खलबली मचा दी है। जेम्स वेब टेलीस्कोप के आने के बाद खगोल वैज्ञानिक ब्रह्मांड में दूर तक पहुंच बना पा रहे हैं। हाल ही में James Web Telescope ने एक ऐसी फोटो दिखाई जिसमें एक साथ 45 हजार गैलेक्सी दिखाई दे रही हैं। लेकिन ब्रह्मांड की शुरुआत में यह तस्वीर ऐसी नहीं थी। नई खोज कुछ और ही कहती है। 

यूनिवर्सिटी ऑफ एरिजोना में शोधकर्ताओं ने नई खोज JWST के माध्यम से की है। इससे ब्रह्मांड के विकास के बारे में बड़ा खुलासा हुआ है। स्पेस डॉट कॉम के अनुसार, शोधकर्ताओं की टीम ने अमेरिकन एस्ट्रॉनॉमिकल सोसाइटी की 242वीं मीटिंग में खुलासा किया कि उन्होंने कुछ ऐसी आकाशगंगा पहचानी हैं जो ब्रह्मांड की शुरुआत में मौजूद थीं। शोधकर्ताओं का कहना है कि ये उस समय की आकाशगंगाएं हैं जब ब्रह्मांड अपने वर्तमान विकास का सिर्फ 4% ही विकसित हुआ था। यह उस समय सिर्फ 60 करोड़ साल पुराना था। 

यह खोज जेम्स वेब टेलीस्कोप से जुड़े प्रोग्राम JWST एडवांस्ड डीप एक्स्ट्रागैलेक्टिक सर्वे (JADES) का हिस्सा है। खोज से जुड़ीं वैज्ञानिक Marcia Rieke के अनुसार, वे लोग जानना चाहते थे कि सबसे पुरानी आकाशगंगाओं ने कैसे अपने तारों को इकट्ठा किया। उनका विस्तार कैसे हुआ। ये तारे कितनी तेज गति से बने, और फिर कुछ आकाशगंगाओं ने तारों को बनाना बंद क्यों कर दिया? इन सभी सवालों के जवाब वैज्ञानिक ढूंढ रहे थे। 

टीम को इस दौरान 50 करोड़ से 85 करोड़ साल पुरानी गैलेक्सी मिली हैं, जो बिग बैंग के बाद बनीं। इस काल को रीआयनीकरण का युग (Epoch of Reionization) कहा गया है। यह ऐसा वक्त था जब पूरा ब्रह्मांड एक गैस का गुबार था। इसमें कुछ भी बाहर नहीं आ सकता था, यहां तक कि अल्ट्रावायलेट और एक्स-रे भी नहीं। खगोल वैज्ञानिकों को इस खोज के दौरान 717 युवा गैलेक्सी पता चली हैं। ये हजारों प्रकाशवर्ष की दूरी पर फैली हैं। इनसे पता चलता है कि ब्रह्मांड कितनी तेजी से विकसित हुआ है। 717 से कैसे ये 45 हजार बन गईं, वैज्ञानिकों ने ऐसे ही सवालों का जवाब तलाशने की कोशिश की है। 

वैज्ञानिकों का कहना है बिग बैंग के बाद तेजी से गैलेक्सी में तारों का जमावड़ा होना शुरू हुआ। इसके बाद बहुत तेजी से नए तारे बनने लगे और आकाशगंगाओं का विस्तार होता चला गया। लेकिन बीच में कुछ गैलेक्सी ने तारों को बनाना बंद कर दिया। लेकिन कुल मिलाकर ब्रह्मांड बहुत तेजी से विकसित हुआ है। 
 
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

हेमन्त कुमार Gadgets 360 में सीनियर ...और भी

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Xiaomi 17 सीरीज का जल्द होगा इंटरनेशनल लॉन्च, 2 मॉडल हो सकते हैं शामिल
  2. 15 हजार से सस्ता मिल रहा Oppo का धांसू फोन! 50MP के चार कैमरा से लैस!
  3. 400 फीट साइज का एस्टरॉयड आज पहुंच रहा धरती के पास! मचेगी तबाही?
#ताज़ा ख़बरें
  1. 400 फीट साइज का एस्टरॉयड आज पहुंच रहा धरती के पास! मचेगी तबाही?
  2. ChatGPT को बनाएं फोन का सिक्योरिटी गार्ड! चुटकी में पता लगाएगा स्कैम, जानें हिडन फीचर
  3. Samsung Galaxy A57, Galaxy A37 मार्च में होंगे लॉन्च! मिल सकते हैं 50MP के तीन कैमरा, 5000mAh बैटरी
  4. Samsung Galaxy Buds 4, Buds 4 Pro लॉन्च से पहले कीमत लीक, फैंस के लिए ला सकती है खुशखबरी!
  5. 15 हजार से सस्ता मिल रहा Oppo का धांसू फोन! 50MP के चार कैमरा से लैस!
  6. Redmi A7 में मिल सकता है 6.9 इंच डिस्प्ले, NBTC से मिला सर्टिफिकेशन 
  7. Xiaomi 17 सीरीज का जल्द होगा इंटरनेशनल लॉन्च, 2 मॉडल हो सकते हैं शामिल
  8. AI कैमरा ने ऐसे बचाई 270 से ज्यादा हाथियों की जान!
  9. Tu Meri Main Tera, Main Tera Tu Meri अब OTT पर! कार्तिक आर्यन, अनन्या पांडे की रोमांटिक कॉमेडी फिल्म यहां देखें
  10. AI नहीं सीखा तो प्रमोशन कैंसल? Accenture ने स्टाफ का AI यूज ट्रैक करना शुरू किया
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.