कुत्तों में कहां से आती है इतनी समझदारी? स्‍टडी में दावा- अपने दिमाग में ‘तस्‍वीर’ बना लेते हैं डॉग्‍स

बुडापेस्ट की ईटवोस लोरंड यूनिवर्सिटी के फैमिली डॉग प्रोजेक्ट में एक नई स्‍टडी के तहत रिसर्चर्स ने यह समझने की कोशिश की है कि एक कुत्ते का दिमाग उनकी पसंदीदा वस्तुओं की कल्पना कैसे करता है।

विज्ञापन
गैजेट्स 360 स्टाफ, अपडेटेड: 6 जुलाई 2022 12:55 IST
ख़ास बातें
  • चीजें ढूंढने के लिए अपनी इंद्रियों का इस्‍तेमाल करते हैं डॉग्‍स
  • उनकी मल्‍टी मॉडल इमेज दिमाग में बना लेते हैं
  • इससे उन्‍हें कोई भी चीज ढूंढने में आसानी होती है

अपनी स्‍टडी के लिए रिसर्चर्स ने एक प्रयोग किया। उन्होंने 3 वर्ड लर्नर कुत्तों और 10 फैमिली डॉग्‍स को ट्रेनिंग दी।

इंसान के लिए सबसे फ्रेंडली एनिमल की जब भी बात होती है, तो पहले पायदान पर आता है डॉगी। कुत्ते को वफादार और समझदार जानवर माना जाता है, जो लोगों के साथ आसानी से घुल-मिल जाता है। अब रिसर्चर्स ने पता लगाया है कि कुत्ते उन ऑब्‍जेक्‍ट्स की मल्‍टी मॉडल इमेज अपने दिमाग में बना लेते हैं, जिनसे वह परिच‍ित होते हैं। कई कुत्ते तो चीजों के ढेर से आसानी से किसी खास खिलौने या ऑब्‍जेक्‍ट को ढूंढ निकालते हैं। बुडापेस्ट की ईटवोस लोरंड यूनिवर्सिटी के फैमिली डॉग प्रोजेक्ट में एक नई स्‍टडी के तहत रिसर्चर्स ने यह समझने की कोशिश की है कि एक कुत्ते का दिमाग उनकी पसंदीदा वस्तुओं की कल्पना कैसे करता है।

एनिमल कॉग्निशन में पब्लिश स्‍टडी के लीड रिसर्चर शैनी ड्रोर ने कहा कि अगर हम समझ सकते कि कुत्ते खिलौने की खोज करते समय किन इंद्रियों का इस्‍तेमाल करते हैं, तो इससे पता चल सकता है कि वो इसके बारे में कैसे सोचते हैं। रिसर्चर ने कहा कि कुत्ते खिलौने की खोज करने के लिए अपनी आंख और नाक का इस्‍तेमाल करते हैं, इसका मतलब है कि वो जानते हैं कि खिलौने से कैसे गंध आती है या वो कैसा दिखता है। 

अपनी स्‍टडी के लिए रिसर्चर्स ने एक प्रयोग किया। उन्होंने 3 वर्ड लर्नर कुत्तों और 10 फैमिली डॉग्‍स को ट्रेनिंग दी। वर्ड लर्नर कुत्ते चीजों का नाम सीख सकते हैं, लेकिन फैमिली डॉग्‍स ऐसा नहीं कर सकते। दोनों प्रकार के कुत्तों को एक खिलौना लाने की ट्रेनिंग दी गई। 

स्‍टडी में सामने आया कि सभी प्रशिक्षित कुत्ते अंधेरे और रोशनी में बाकी ऑब्‍जेक्‍ट्स के बीच रखे उस खिलौने को ढूंढ निकालने में सक्षम थे। हालांकि जब लाइट बंद की गई तो कुत्तों को खिलौने का पता लगाने में ज्‍यादा समय लगा।

रिसर्चर्स ने एक और प्रयोग किया, जिसमें सिर्फ वर्ड लर्नर कुत्तों ने भाग लिया। मकसद यह समझना था कि कुत्ते क्या सोचते हैं, जब खिलौनों का नाम लिया जाता है। स्‍टडी के को-राइटर डॉ क्लाउडिया फुगाजा ने कहा कि खिलौनों की खोज के लिए कुत्तों ने जिन इंद्रियों का इस्‍तेमाल किया, उससे यह समझने में मदद मिली है कि कुत्ते क्‍या कल्‍पना करते हैं। स्‍टडी में पता चला कि कुत्ते किसी चीज का नाम सुनते ही उसकी संवेदी विशेषताओं को रिकॉल करते हैं। वे अपने दिमाग में एक बहुसंवेदी (multisensory) मेंटल इमेज बनाते हैं जो उन्हें अंधेरे में भी किसी वस्तु का पता लगाने में मदद करती है।
 
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

द रेजिडेंट बोट । अगर आप मुझे ...और भी

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. 10 हजार सस्ता से खरीदें Vivo का लेटेस्ट फोन, 7200mAh बैटरी, 50MP कैमरा
  2. Oppo F33 Pro में मिलेगी 7,000mAh की बैटरी, Google Play Console पर हुई लिस्टिंग
  3. Samsung Galaxy M47 में मिल सकता है सुपर AMOLED डिस्प्ले, जल्द हो सकता है लॉन्च
#ताज़ा ख़बरें
  1. 10 हजार सस्ता से खरीदें Vivo का लेटेस्ट फोन, 7200mAh बैटरी, 50MP कैमरा
  2. Huawei Pura X Max होगा 20 अप्रैल को लॉन्च, Apple और Samsung को कड़ी टक्कर!
  3. Xiaomi ने नया स्मार्ट कैमरा C701 Pro किया 9x जूम के साथ लॉन्च, जानें फीचर्स
  4. भारत में अगले सप्ताह नया प्रोडक्ट लॉन्च कर सकती है Tesla
  5. Oppo F33 Pro में मिलेगी 7,000mAh की बैटरी, Google Play Console पर हुई लिस्टिंग
  6. पॉपुलर ट्रैवल बुकिंग ऐप पर साइबर अटैक, WhatsApp पर टारगेट हो रहे हैं यूजर्स!
  7. VinFast की VF MPV 7 में मिलेगी 60.1 kWh की बैटरी, 15 अप्रैल को लॉन्च
  8. Motorola Razr 70 Ultra में मिल सकती है 5,000mAh की बैटरी
  9. 120 इंच स्क्रीन साइज से घर बनेगा मिनी थिएटर! Portronics Beem 570 प्रोजेक्टर भारत में लॉन्च
  10. Apple के फोल्डेबल स्मार्टफोन में क्रीज-फ्री डिस्प्ले के लिए हो सकता है स्पेशल एडहेसिव का इस्तेमाल
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.