Apple की सप्लायर ने गलत तरीके से किया ताइवान की फर्म पर कब्जा

ताइवान में स्थानीय अथॉरिटीज से स्वीकृति मिलने के बाद ही चीन की कंपनियों को कारोबार करने की अनुमति है

विज्ञापन
Written by नित्या पी नायर, Edited by आकाश आनंद, अपडेटेड: 2 सितंबर 2022 17:47 IST
ख़ास बातें
  • ताइवान में अथॉरिटीज की अनुमति से ही चाइनीज फर्में कारोबार कर सकती हैं
  • एपल की सप्लायर ने शेल फर्म के जरिए ताइवान की फर्म खरीदी थी
  • Luxshare ने आईफोन की असेंबलिंग करने वाली बड़ी फर्मों में जगह बनाई है

Luxshare पिछले कुछ वर्षों में आईफोन की असेंबलिंग करने वाला बड़ी फर्मों में शामिल हुई है

आईफोन बनाने वाली Apple की चीन में सप्लायर Luxshare Precision Industry पर ताइवान की एक महत्वपूर्ण कंपनी को खरीदने के लिए एक शेल कंपनी का इस्तेमाल करने का आरोप लगा है। Luxshare के चेयरमैन Grace Wang ने कथित तौर पर हांगकांग की एक फर्म का इस्तेमाल अपनी फर्म की पहचान को छिपाने और ताइवान में हेडक्वार्टर रखने वाली Speed Tech के शेयर्स खरीदने के लिए किया था।

ताइवान में स्थानीय अथॉरिटीज से स्वीकृति मिलने के बाद ही चीन की कंपनियों को कारोबार करने की अनुमति है। इससे पहले ताइवान ने Luxshare पर ताइवान के एक सप्लायर से महत्वपूर्ण कारोबारी जानकारियां चुराने का आरोप लगाया था। Bloomberg की रिपोर्ट में बताया गया है कि ताइवान के अभियोजकों ने कोर्ट में दायर मामले में आरोप लगाया है कि Wang ने 2012 में गलत तरीके से Speed Tech के शेयर्स खरीदे थे। केबल, चार्जर और एंटीना जैसी एक्सेसरीज और कंपोनेंट्स बनाने वाली Luxshare पिछले कुछ वर्षों में आईफोन की असेंबलिंग करने वाला बड़ी फर्मों में शामिल हुई है। 

हाल ही में ताइवान ने चीन की बहुत सी कंपनियों पर टेक्नोलॉजी चुराने का आरोप लगाया था। अभियोजकों का कहना है कि Luxshare ने Apple से ऑर्डर्स हासिल करने के लिए ताइवान की फर्म से कारोबार से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां चुराने के अलावा उसके बहुत से वर्कर्स को भी हायर किया था। जांच में पाया गया था कि Luxshare ने ताइवान की एक अन्य फर्म Catcher Technology को निशाना बनाकर Apple से ऑर्डर्स हासिल किए थे। इस मामले में 14 लोगों पर विश्वास तोड़ने का आरोप लगाया गया है। 

Apple पर भी अपनी मजबूत स्थिति का गलत इस्तेमाल करने के आरोप लग चुके हैं। भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (CCI) ने ऐप स्‍टोर पर अनुचित बिजनेस प्रैक्टिस को लेकर Apple के खिलाफ जांच का आदेश दिया था। कंपनी पर आरोप था कि उसने मार्केट में अपनी पोजिशन का गलत इस्तेमाल किया है। CCI ने कहा था कि ऐप स्टोर ऐप डेवलपर्स के लिए iOS यूजर्स को ऐप डिस्‍ट्रिब्‍यूट करने का इकलौता जरिया है। ऐप स्‍टोर प्रत्येक आईफोन और आईपैड पर पहले से इंस्टॉल है। थर्ड पार्टी ऐप स्टोर को ऐपल के ऐप स्टोर पर लिस्‍ट करने की इजाजत नहीं है। कंपनी की ओर से लगाई गई यह रोक iOS के लिए ऐप स्टोर के मार्केट को रोक देती है।  

 
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: Technology, Apple, China, Shares, Market, Court, Taiwan, Purchase, supplier

नित्या पी नायर को डिज़िटल ...और भी

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Google Pixel 11 सीरीज की कीमत हुई लीक, लॉन्च से पहले जानें सबकुछ
  2. MacBook Neo खरीदने का सही मौका! प्राइस हाइक के बाद भी ₹13,500 तक की बचत, यहां मिलेगी डील
  3. Samsung Galaxy M67 में मिल सकता है Exynos चिपसेट, Geekbench पर हुई लिस्टिंग
#ताज़ा ख़बरें
  1. Vivo X Fold 6 के भारत में लॉन्च में हो सकती है देरी, लीक हुई प्राइसिंग
  2. भारत में तेजी से बढ़ी इलेक्ट्रिक व्हीकल्स की डिमांड, जून में सेल्स ने बनाया रिकॉर्ड
  3. Realme Narzo 100x 5G जल्द होगा भारत में लॉन्च, डुअल रियर कैमरा यूनिट
  4. इस फिटनेस बैंड में नहीं है स्क्रीन, AI बताएगा हेल्थ का पूरा हाल! Noise REP Band भारत में लॉन्च
  5. Samsung Galaxy M67 में मिल सकता है Exynos चिपसेट, Geekbench पर हुई लिस्टिंग
  6. 18 दिन की बैटरी, ऑफलाइन मैप के साथ नई स्मार्टवॉच Haylou Watch Hyper लॉन्च, जानें कीमत
  7. सिर्फ ₹55 में 1,000 से ज्यादा Live TV चैनल्स! Jio लेकर आया नया JioTV Pro पैक
  8. iPhone Air 2 के डिस्प्ले, कैमरा, बैटरी में मिल सकते हैं बड़े अपग्रेड! लॉन्च से पहले खुलासा
  9. Vivo V80 के जल्द लॉन्च की तैयारी, 7,200mAh हो सकती है बैटरी
  10. Yamaha ने भारत में लॉन्च किया इलेक्ट्रिक स्कूटर Aerox-E, जानें प्राइस, रेंज
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.