NASA Clipper Mission : ‘एलियंस’ की तलाश में 62 करोड़ किमी. के सफर पर निकलेगा Nasa का नया मिशन, जानें इसके बारे में

NASA Clipper Mission : क्लिपर स्‍पेसक्राफ्ट, यूरोपा (Europa) के सफर पर निकलेगा, जो हमारे सौर मंडल के सबसे बड़े ग्रह बृहस्‍पति (Jupiter) के कई चंद्रमाओं में से एक है।

विज्ञापन
Written by प्रेम त्रिपाठी, अपडेटेड: 12 अप्रैल 2024 12:08 IST
ख़ास बातें
  • Nasa का क्लिपर मिशन होगा अक्‍टूबर में लॉन्‍च
  • बृृहस्‍पति ग्रह के चंद्रमा यूरोपा को करेगा एक्‍सप्‍लोर
  • यूरोपा पर मानी जाती है पानी की मौजूदगी

वैज्ञानिकों को लगता है कि यूरोपा में जीवन की संभावना मौजूद हो सकती है।

Photo Credit: Nasa

NASA Clipper Mission : दुनियाभर के वैज्ञानिक जिस सवाल का जवाब वर्षों से तलाश रहे हैं, वह सवाल है कि क्‍या इस ब्रह्मांड में हम अकेले हैं? क्‍या पृथ्‍वी के अलावा भी कहीं जीवन हो सकता है? अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी Nasa का नया मिशन इसी मकसद को लेकर अक्‍टूबर में उड़ान भरने वाला है। वह यूरोपा (Europa) के सफर पर निकलेगा, जो हमारे सौर मंडल के सबसे बड़े ग्रह बृहस्‍पति (Jupiter) के कई चंद्रमाओं में से एक है। वैज्ञानिकों को लगता है कि यूरोपा में जीवन की संभावना मौजूद हो सकती है।  

एनडीटीवी की रिपोर्ट के अनुसार, मिशन के प्राेजेक्‍ट साइंटिस्‍ट बॉब पप्पालार्डो ने AFP से कहा कि नासा जिन बुनियादी सवालों को समझना चाहती है उनमें से एक यह है कि क्‍या हम इस ब्रह्मांड में अकेले हैं। अगर हमें जीवन के लिए अनुकूल परिस्थितियां ढूंढनी हों और किसी दिन सच में यूरोपा जैसी जगह पर जीवन का पता चल जाए तो कहा जाएगा कि हमारे सौर मंडल में पृथ्‍वी और यूरोपा, जीवन के दो उदाहरण हैं। 

इससे यह समझना भी आसान हो जाएगा कि पूरे ब्रह्मांड में जीवन की मौजूदगी कितनी आसान हो सकती है। बहरहाल, 5 अरब डॉलर का क्लिपर प्रोब अभी कैलिफोर्निया में नासा की जेट प्रोपल्‍शन लेबोरेटरी (Nasa JPL) में मौजूद है। प्रोब को जहां रखा गया है, वहां चुनिंदा लोगों को ही जाने की इजाजत है। 

क्लिपर को एलन मस्‍क (Elon Musk) की कंपनी स्पेसएक्स (SpaceX) के फाल्कन हेवी रॉकेट पर बैठाकर रवाना किया जाएगा। वैज्ञानिकों का अनुमान है कि क्लिपर को बृहस्‍पति और यूरोपा की कक्षा में पहुंचने में 5 साल लगेंगे। उसके बाद वह यूरोपा को स्‍टडी करना शुरू करेगा। माना जाता है क‍ि यूरोपा में बड़ी मात्रा में बर्फीले पानी की मौजूदगी है। 

यूरोपा के बर्फीले पानी को टटोलने के लिए क्लिपर में कैमरा, स्पेक्ट्रोमीटर, मैग्नेटोमीटर और एक रडार जैसे इंस्‍ट्रूमेंट लगाए गए हैं। वो बर्फ में एंट्री कर सकते हैं ताकि लिक्विड वॉटर के साथ-साथ यह पता लगाया जा सके कि वहां मौजूद बर्फ कितनी मोटी है। 
 
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Hisense लाई ऐसा फोन जिससे अलग हो जाती है स्क्रीन! Hisense A10 के जानें फीचर्स
  2. Redmi Note 17 सीरीज में मिल सकती है 9,000mAh तक की बैटरी
#ताज़ा ख़बरें
  1. Redmi Note 17 सीरीज में मिल सकती है 9,000mAh तक की बैटरी
  2. iQOO Z11 Lite हो रहा 23 जुलाई को लॉन्च, लुक और फीचर्स आए सामने, खासतौर पर हुआ स्टूडेंट्स के लिए डिजाइन
  3. UAN अब सिर्फ UMANG ऐप के जरिए होगा एक्टिवेट, EPFO ने किया बदलाव, जानें कैसे
  4. SIR को लेकर कन्फ्यूज? चुनाव आयोग ने बताया कब मांगे जाएंगे डॉक्यूमेंट्स और कौनसे होंगे मान्य
  5. Google Maps और Gemini से ली मदद, 1990 में उधार लिया पैसा चुकाने पहुंचे 1200 किमी दूर
  6. 7000mAh बैटरी वाले Moto G77 Power की सेल लाइव, लिमिटेड टाइम के लिए ₹2 हजार ऑफ!
  7. Kia ला रही है Tata Nexon EV का जवाब! लॉन्च से पहले सड़कों पर दिखी Syros EV
  8. हंगामे के बाद Meta का यू-टर्न! Instagram में बिना बताए बन रही थीं यूजर्स की AI इमेज, अब हटाया फीचर
  9. Lava Virat V1 5G, Virat V1 4G की लॉन्च डेट आई सामने, डिजाइन से लेकर कलर ऑप्शन का खुलासा, जानें
  10. URBN Atom Link: 5 इन 1 पावर बैंक, जो फोन के पीछे चिपककर करेगा चार्ज!
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.