अंतरिक्ष यात्री बिना बोले कैसे करते हैं आपस में बात, Nasa ने वीडियो से समझाया

वीडियो में अंतरिक्ष यात्री राजा चारी और कायला बैरोन नजर आते हैं जो कुछ दिलचस्प अशाब्दिक तरीकों के जरिए अपनी बात समझाते हैं।

विज्ञापन
प्रेम त्रिपाठी, अपडेटेड: 3 मई 2022 14:04 IST
ख़ास बातें
  • आपात स्थिति में यात्रियों के कम्‍युनिकेट करने के बारे में बताया गया है
  • यात्रियों को साइलेंस सिग्‍नल्‍स की प्रैक्टिस करनी होती है
  • यह काफी हद तक नंबरों और भाव भंग‍िमाओं पर निर्भर करता है

इंटरनेशनल स्‍पेस स्टेशन पर रहने और काम करने की ट्रेनिंग के दौरान वैज्ञानिकों ने खुद को और व्यक्त करना सीखा है।

अंतरिक्ष की दुनिया पृथ्‍वी से जितनी अनोखी और दिलचस्‍प नजर आती है, अंतरिक्ष का सफर करने वाले यात्रियों के लिए यह उतनी ही चुनौतीपूर्ण होती है। स्‍पेस मिशन के दौरान यात्री आपस में कम्‍युनिकेट कर सकें, इसके लिए रेडियो सिस्‍टम और कम्‍युनिकेशन चैनलों का एक पूरा नेटवर्क काम करता है। लेकिन स्थितियां आपात भी तो हो सकती हैं। रेडियो सिस्‍टम के बंद होने या मिशन के दौरान किसी तरह की गड़बड़ी या फ‍िर स्‍पेस वॉक के दौरान एस्‍ट्रोनॉट आपस में कैसे बात करते हैं, यही नासा (Nasa) ने अपने नए वीडियो में समझाया है।   

अंतरिक्ष यात्री बनना इतना आसान नहीं होता। इन यात्रियों को दिल और दिमाग से मजबूत होना पड़ता है। मिशन पर रवाना होने से पहले यात्रियों को साइलेंस सिग्‍नल्‍स की प्रैक्टिस करनी होती है। यह काफी हद तक भाव भंग‍िमाओं पर निर्भर करता है। वैसे, आम जिंदगी में भी तो लोग बिना कुछ कहे अपनी बात कह जाते हैं। जैसे-गुस्‍सा आने पर आंखों को तरार देना और माथे पर सिलवटें ले आना। कुछ इसी तरह से अंतरिक्ष यात्री भी नंबरों और भावनाओं के जरिए आपात स्थिति के दौरान आपस में बात करते हैं। हालांकि ये इशारे बहुत अनोखे नहीं हैं। स्‍कूबा डाइवर्स, पायलट और लड़ाकू विमानों की यूनिटें भी आपस में इस तरह से कम्‍युनिकेट करती रहती हैं।  



नासा के यह वीडियो अपने STEM यूट्यूब चैनल पर खासतौर से स्‍टूडेंट्स के लिए तैयार किया है। वीडियो में अंतरिक्ष यात्री राजा चारी और कायला बैरोन नजर आते हैं जो कुछ दिलचस्प अशाब्दिक तरीकों के जरिए अपनी बात समझाते हैं। इंटरनेशनल स्‍पेस स्टेशन पर रहने और काम करने की ट्रेनिंग के दौरान उन्होंने खुद को व्यक्त करना सीखा है।

बैरन इस वीडियो में समझाती हैं कि हम आमतौर पर ऐसा करते हैं कि हम "ठीक" हाथ के संकेत का इस्‍तेमाल करें। वीडियो में दोनों यह समझाने की कोशिश करते हैं कि वह स्‍पेस में रहने के दौरान संकेतों के जरिए कैसे आपस में बात करते हैं। 
Advertisement

लो-अर्थ ऑर्बिट के मुश्‍किल वातावरण में जरूरी जानकारी को ट्रांसमिट करने के लिए अंतरिक्ष यात्रियों को संकेतों को समझना जरूरी है। यह सब इसलिए ताकि हाथ से इशारे करते समय कोई गलती ना हो। वीडियो में चारी बताते हैं कि बहुत सारी नॉनबर्बल चीजें हैं, जो सिर्फ लोगों के साथ काम करने से आती हैं। स्पेसवॉक के दौरान संकेतों की अहमियत बहुत अधिक बढ़ जाती है। 
 
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. मिनी कूलर से लेकर स्मार्टवॉच और पावर बैंक तक Amazon सेल में मात्र ₹500 में मिल रहे ये स्मार्ट गैजेट्स
  2. iPhones ₹32 हजार से शुरू! ControlZ की Anniversary Sale हुई लाइव
#ताज़ा ख़बरें
  1. Vivo X300e के जल्द लॉन्च की तैयारी, Snapdragon 8 Gen 5 हो सकता है चिपसेट
  2. Flipkart GOAT Sale: ₹45 हजार में Samsung Galaxy S25 FE या Google Pixel 10a, कौन सा बेहतर?
  3. Xiaomi की इस पॉपुलर स्मार्टफोन सीरीज का हुआ The End? लीक हुआ बड़ा खुलासा
  4. Samsung Galaxy F70 Pro में मिल सकती है 6,000mAh की बैटरी, Bluetooth SIG पर हुई लिस्टिंग
  5. iPhones ₹32 हजार से शुरू! ControlZ की Anniversary Sale हुई लाइव
  6. Flipkart Goat Sale में ₹12 हजार से सस्ता खरीदें Samsung Galaxy F70e 5G
  7. क्रिप्टो मार्केट को मिला ETF से सपोर्ट, बिटकॉइन का प्राइस 63,000 डॉलर से ज्यादा
  8. अब भारत में बनेंगे सेमी कंडक्टर, गुजरात में CG SEMI OSAT फेसिलिटी में काम शुरू, पीएम मोदी ने किया उद्घाटन
  9. भूकंप आते ही हवा में उठ जाएगा घर! जापान की ये टेक्नोलॉजी कर देगी हैरान
  10. WhatsApp पर अपना यूजरनेम कैसे करें रिजर्व, ये है स्टेप बाय स्टेप प्रक्रिया
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.