Starship Rocket : एलन मस्‍क फ‍िर देख रहे दुनिया का सबसे ताकतवर रॉकेट उड़ाने का ख्‍वाब, दी यह जानकारी

Elon Musk : मस्‍क के बातें कितनी सही साबित होती हैं, यह आने वाले वक्‍त में पता चलेगा, क्‍योंकि पहली विफलता में स्‍पेसएक्‍स की लॉन्‍च साइट को भी काफी नुकसान हुआ था।

विज्ञापन
Written by प्रेम त्रिपाठी, अपडेटेड: 15 जून 2023 14:44 IST
ख़ास बातें
  • स्‍पेसएक्‍स अपने स्‍टारशिप रॉकेट को फ‍िर उड़ा सकती है
  • यह दुनिया का सबसे ताकतवर रॉकेट है
  • लॉन्‍च कामयाब हुआ तो यही रॉकेट इंसानों को ले जाएगा मंगल ग्रह पर

स्टारशिप एक रीयूजेबल रॉकेट है। इसके मुख्‍य रूप से दो भाग हैं। पहला है- पैसेंजर कैरी सेक्‍शन यानी जिसमें यात्री रहेंगे, जबकि दूसरा है- सुपर हैवी रॉकेट बूस्‍टर।

Photo Credit: सांकेतिक तस्‍वीर/SpaceX

एलन मस्‍क (Elon Musk) की कंपनी स्‍पेसएक्‍स (SpaceX) दुनिया के सबसे ताकतवर रॉकेट ‘स्‍टारशिप' (Starship) को एक बार फ‍िर लॉन्‍च कर सकती है। इस रॉकेट को पहली बार 20 अप्रैल को उड़ाया गया था, लेकिन स्‍पेसएक्‍स को कामयाबी नहीं मिली। अमेरिका के साउथ टेक्सास में एक लॉन्चपैड से उड़ान भरने के कुछ मिनटों बाद ही रॉकेट में विस्‍फोट हो गया। स्‍पेसएक्‍स का मकसद स्‍टारशिप के उपरी स्‍टेज को एक निश्चित ऊंचाई पर उड़ाना था, लेकिन ऐसा नहीं हो पाया। 

हालांकि अब एक बार फ‍िर स्‍टारशिप रॉकेट को लॉन्‍च करने की तैयारी की जा रही है। बुधवार को एक ट्वीट में एलन मस्‍क ने इशारा दिया कि कंपनी 6 से 8 सप्ताह बाद एक और लिफ्टऑफ की तैयारी कर रही है। मस्‍क के बातें कितनी सही साबित होती हैं, यह आने वाले वक्‍त में पता चलेगा, क्‍योंकि पहली विफलता में स्‍पेसएक्‍स की लॉन्‍च साइट को भी काफी नुकसान हुआ था। लॉन्‍च साइट पर गड्ढे हाे गए थे। साइट को फ‍िर से ठीक करने में कई महीने लगने की बात सामने आई थी।  
 

यही नहीं, स्‍पेसएक्‍स के लॉन्‍च की काफी अलोचना भी हुई थी। पर्यावरण समूहों के ग्रुप एक ग्रुप ने अमेरिका के फेडरल एविएशन एडमिनिस्ट्रेशन (FAA) पर मुकदमा किया हुआ है। ग्रुप का मानना है कि FAA ने रॉकेट लॉन्‍च की वजह से होने वाले नुकसान का पूरी तरह से विश्‍लेषण नहीं किया। 
 

क्‍या है स्‍टारशिप 

स्टारशिप एक रीयूजेबल रॉकेट है। इसके मुख्‍य रूप से दो भाग हैं। पहला है- पैसेंजर कैरी सेक्‍शन यानी जिसमें यात्री रहेंगे, जबकि दूसरा है- सुपर हैवी रॉकेट बूस्‍टर। स्‍टारशिप और बूस्‍टर को मिलाकर इसकी लंबाई 394 फीट (120 मीटर) है। जबकि वजन 50 लाख किलोग्राम है। जानकारी के अनुसार, स्टारशिप रॉकेट 1.6 करोड़ पाउंड (70 मेगान्यूटन) का थ्रस्ट उत्पन्न करने में सक्षम है। यह नासा के स्पेस लॉन्च सिस्टम (SLS) रॉकेट से लगभग दोगुना अधिक है। माना जाता है कि स्‍टारशिप रॉकेट के जरिए ही एक दिन इंसान, मंगल ग्रह तक का सफर तय करेगा। 
 

 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स शो की लेटेस्ट खबरें hindi.gadgets 360 पर और हमारे CES 2026 पेज पर देखें

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. 7000mAh बैटरी, 50 मेगापिक्सल कैमरा के साथ Oppo Reno 15C 5G लॉन्च, जानें कीमत और फीचर्स
  2. Amazon Great Republic Day सेल में iQOO 15, OnePlus 15R, realme Narzo 90 5G जैसे फोन पर जबरदस्त डिस्काउंट!
#ताज़ा ख़बरें
  1. Amazon Great Republic Day सेल में iQOO 15, OnePlus 15R, realme Narzo 90 5G जैसे फोन पर जबरदस्त डिस्काउंट!
  2. ऑफिस की कुर्सी पर बैठे-बैठे मिलेगी मसाज! शर्ट में बटन की तरह फिट होने वाला गैजेट लॉन्च
  3. RedMagic 11 Air गेमिंग फोन की पहली झलक, 24GB रैम, 7000mAh बैटरी, 120W चार्जिंग जैसे फीचर्स लीक
  4. CES 2026: स्मार्टबैंड, रिंग के बाद अब स्मार्ट जूलरी! Nirva के खूबसूरत नेकलेस-ब्रेसलेट बताएंगे आपका मूड, सुधारेंगे रिश्ते!
  5. Samsung Galaxy S26 की लॉन्च डेट फिर लीक, मार्च में इस दिन से शुरू होगी सेल! जानें सबकुछ
  6. Redmi का बजट साउंड सिस्टम लॉन्च: इसमें है वायरलेस सबवूफर और RGB लाइटिंग, जानें कीमत
  7. Lava भारत में जल्द लॉन्च करेगी 2 डिस्प्ले वाला फोन! डिजाइन Xiaomi के फ्लैगशिप फोन जैसा
  8. ChatGPT for Healthcare: OpenAI ChatGPT की अब हेल्थकेयर में एंट्री! अस्पतालों, डॉक्टर्स को ऐसे होगा फायदा
  9. स्मार्ट गैजेट्स के बाद अब स्मार्ट दवा! चिप वाली गोली पेट में जाके भेजेगी सिग्नल, जानें किस काम आएगी
  10. मोबाइल का इस्तेमाल जल्द हो सकता है महंगा, टेलीकॉम कंपनियों की टैरिफ 15 प्रतिशत बढ़ाने की तैयारी
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.