ED ने पकड़ा 600 करोड़ रुपये का क्रिप्टो फ्रॉड, कई शहरों में पड़े छापे

ED ने छापों के दौरान कुछ बैंक एकाउंट्स पर रोक लगाई है और लगभग 2.18 करोड़ रुपये जब्त किए हैं

विज्ञापन
Written by आकाश आनंद, अपडेटेड: 25 फरवरी 2025 23:46 IST
ख़ास बातें
  • यह मामला क्रिप्टो एक्सचेंज की नकली वेबसाइट बनाकर लोगों के साथ ठगी का है
  • इसमें क्रिप्टो एक्सचेंज Coinbase की नकली वेबसाइट बनाकर ठगी की गई थी
  • पिछले कुछ वर्षों में क्रिप्टो से जुड़े स्कैम के मामले बढ़े हैं

इस मामले की जांच समाचार पत्र में प्रकाशित एक रिपोर्ट के बाद शुरू की गई थी

पिछले कुछ वर्षों में क्रिप्टोकरेंसी से जुड़े फ्रॉड के मामले तेजी से बढ़ी हैं। एन्फोर्समेंट डायरेक्टरेट (ED) ने देश के क्रिप्टो से जुड़े एक फ्रॉड के मामले में दिल्ली, मुंबई और जयपुर में फॉरेन एक्सचेंज मैनेजमेंट एक्ट (FEMA) के तहत छापे मारे हैं। यह मामला क्रिप्टो एक्सचेंज की नकली वेबसाइट बनाकर लोगों के साथ ठगी से जुड़ा है। 

ED ने एक प्रेस विज्ञप्ति में बताया है कि यह फ्रॉड लगभग 600 करोड़ रुपये का है। यह जांच समाचार पत्र में प्रकाशित एक रिपोर्ट के बाद शुरू की गई थी। इस रिपोर्ट में बताया गया था कि एक भारतीय नागरिक Chirag Tomar को सैंकड़ों लोगों के साथ ठगी के लिए अमेरिका में जेल की सजा मिली है। इस मामले में क्रिप्टो एक्सचेंज Coinbase की नकली वेबसाइट बनाकर ठगी की गई थी। इसमें पीड़ितों के लॉगिन से जुड़ी डिटेल्स एंटर करने पर नकली वेबसाइट गलत जानकारी दिखाती थी, जिससे यूजर्स इस वेबसाइट पर दिए फोन नंबर पर संपर्क करते थे। यह फोन एक कॉल सेंटर का था जिसे तोमर और उसके साथी चलाते थे। ये लोग पीड़ितों के क्रिप्टोकरेंसी एकाउंट का एक्सेस लेने के बाद उनकी होल्डिंग्स अपने क्रिप्टो वॉलेट्स में ट्रांसफर कर लेते थे। 

इसके बाद चुराई गई क्रिप्टोकरेंसी को बेच दिया जाता था। इस मामले की जांच में पाया गया है कि तोमर और उसके परिवार के लोगों के बैंक एकाउंट्स में ठगी की रकम में से लगभग 15 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए गए थे। ED ने छापों के दौरान इन बैंक एकाउंट्स पर रोक लगाई है और लगभग 2.18 करोड़ रुपये जब्त किए हैं। हाल ही में ED ने सिक्योरिटीज में इनवेस्टमेंट की आड़ में की गई जालसाजी की जांच में 1,646 करोड़ रुपये की क्रिप्टोकरेंसी जब्त की है। इसमें बड़ी संख्या में डिपॉजिटर्स के साथ फ्रॉड किया गया था। ED के गुजरात में अहमदाबाद के ऑफिस ने BitConnect लेंडिंग प्रोग्राम के जरिए इनवेस्टमेंट्स के तौर पर सिक्योरिटीज की बिक्री के इस फ्रॉड की जांच में छापे मारे थे। 

यह मामला गुजरात पुलिस की क्राइम ब्रांच की एक FIR के बाद प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) के तहत दर्ज किया गया था। इसमें कई क्रिप्टो वॉलेट्स में की गई ट्रांजैक्शंस की जांच और इन क्रिप्टो वॉलेट्स के कंट्रोलर्स का पता लगाने के लिए ED ने अपने टेक्निकल एक्सपर्ट्स की एक टीम को लगाया था। इस जांच में पाया गया था कि बहुत सी ट्रांजैक्शंस 'डार्क वेब' के जरिए की गई थी जिससे इन्हें ट्रैक करना मुश्किल था। 

 

(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
 

ये भी पढ़ेंभारतीय एक्सचेंजों में क्रिप्टोकरेंसी की कीमतें

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी ...और भी

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Vivo X300 E लॉन्च: फ्लैगशिप प्रोसेसर, 7,200mAh बैटरी और 512GB तक स्टोरेज के साथ आया स्मार्टफोन
  2. Redmi Note 17 जल्द होगा भारत में लॉन्च, लीक हुआ प्राइस
#ताज़ा ख़बरें
  1. भारत में तेजी से बढ़ सकता है EVs का मार्केट, इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर्स की होगी बड़ी हिस्सेदारी
  2. Redmi Note 17 जल्द होगा भारत में लॉन्च, लीक हुआ प्राइस
  3. Oppo A7 Pro Max में होगी 10,000mAh की पावरफुल बैटरी
  4. वॉलेट में एल्यूमिनियम फॉयल लपेटकर चोरी होने से बच जाएंगे पैसे? जानें कैसे काम करती है यह वायरल ट्रिक
  5. iQOO Z11 के भारत में लॉन्च की तैयारी, MediaTek Dimensity 7500 Turbo होगा चिपसेट!
  6. Redmi 17 4G के स्पेसिफिकेशंस लीक, 50MP कैमरा, 7500mAh बैटरी के साथ गजब होंगे फीचर्स
  7. Google Pixel 11 सीरीज के होंगे महंगे प्राइसेज, मेमोरी और स्टोरेज कंपोनेंट्स की ज्यादा कॉस्ट का असर
  8. ₹5,000 तक महंगे हुए Xiaomi, Redmi स्मार्टफोन, जानें किस मॉडल पर कितना असर
  9. ₹200 में 30GB डेटा, अनलिमिटेड कॉलिंग और 20 OTT का फ्री एक्सेस, Vi ने लॉन्च किया नया प्लान
  10. क्रिप्टो मार्केट में फेडरल रिजर्व की मीटिंग से पहले तेजी, बिटकॉइन का प्राइस 65,200 डॉलर से ज्यादा
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.