6500 प्रकाश-वर्ष दूर ‘क्रैब नेबुला’ का ये रूप पहली बार आया सामने, Nasa के इस सैटेलाइट ने किया कमाल!

क्रैब नेबुला में धूल और गैस इस तरह से दिखाई देती है, मानो केकड़े के पैर हों, इसीलिए इसे क्रैब नेबुला कहा जाता है।

विज्ञापन
Written by प्रेम त्रिपाठी, Edited by आकाश आनंद, अपडेटेड: 10 अप्रैल 2023 12:16 IST
ख़ास बातें
  • IXPE सैटेलाइट की मदद से तैयार हुआ मैप
  • चुंबकीय क्षेत्र का मैप तैयार किया गया है
  • पृथ्‍वी से 6500 प्रकाश-वर्ष दूर है क्रैब नेबुला

IXPE सैटेलाइट को 9 दिसंबर 2021 को लॉन्च किया गया था। इसकी मदद से क्रैब नेबुला पर जो जानकारी मिली है, उससे क्रैब के अंदरुनी स्‍ट्रक्‍चर का और पता चल सकता है।

Photo Credit: Nasa

पृथ्‍वी से 6500 प्रकाश-वर्ष दूर स्थित क्रैब नेबुला (Crab Nebula) वर्षों से वैज्ञानिकों के शोध का विषय रही है। अंतरिक्ष में गैस और धूल से बनी विशाल आकृति को नेबुला कहा जाता है। क्रैब नेबुला में धूल और गैस इस तरह से दिखाई देती है, मानो केकड़े के पैर हों, इसीलिए इसे क्रैब नेबुला कहा जाता है। अब अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने क्रैब नेबुला के चुंबकीय क्षेत्र का एक विस्तृत मैप तैयार किया है। इसे नासा के इमेजिंग एक्स-रे पोलारिमेट्री एक्सप्लोरर (IXPE) ने तैयार किया है। 

नासा ने बताया है कि IXPE सैटेलाइट को 9 दिसंबर 2021 को लॉन्च किया गया था। इसकी मदद से क्रैब नेबुला पर जो जानकारी मिली है, उससे क्रैब के अंदरुनी स्‍ट्रक्‍चर का और पता चल सकता है। डेटा से पता चला है कि नेबुला का चुंबकीय क्षेत्र वेला पल्सर विंड नेबुला (Vela Pulsar Wind Nebula) से मिलता जुलता है। यह डोनट के आकार का है। क्रैब नेबुला को लेकर रिसर्चर्स ने पाया है कि इससे हाई-एनर्जी गामा रे यानी किरणें निकल रही हैं। IXPE सैटेलाइट ने जिस तरह के रिजल्‍ट पेश किए हैं, उससे रिसर्चर्स के लिए क्रैब नेबुला और पल्सर दोनों को इन्‍वेस्टिगेट करना मुमकिन हो गया है। क्रैब नेबुला से जुड़े निष्कर्ष नेचर एस्‍ट्रोनॉमी में पब्लिश हुए थे। ये अभी प्रीप्रिंट पर उपलब्ध हैं।

नेबुला को तस्‍वीरों में कैद करना हमेशा से वैज्ञानिकों का एक मकसद रहा है। बीते साल ‘जेम्‍स वेब स्‍पेस टेलीस्‍कोप' (James Webb Space Telescope) ने टारेंटयुला नेबुला (Tarantula Nebula) की एक इमेज को कैप्‍चर किया था। इस नेबुला को ‘30 डोरैडस' भी कहा जाता है, जो तारों की नर्सरी है। लार्ज मैगेलैनिक क्लाउड आकाशगंगा में 161,000 प्रकाश-वर्ष दूर, टारेंटयुला नेबुला सबसे बड़ा और चमकीला तारा-निर्माण क्षेत्र है। यह आकाशगंगा हमारी मिल्‍की-वे के करीब है। नासा के अनुसार यह अब तक खोजे गए सबसे गर्म और बड़े तारों का घर भी है। 

टारेंटयुला नेबुला इसलिए भी अहम है, क्‍योंकि हमारी आकाशगंगा के विपरीत यहां बहुत तेजी से नए तारों का निर्माण हो रहा है। नासा के मुताबिक यह इलाका हमारी आकाशगंगा के करीब है, इसलिए ब्रह्मांड के अतीत के बारे में और जानने में हमारी मदद करने के लिए इसका विस्तार से अध्ययन करना आसान है।

 

 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. गूगल वॉलेट में आधार कार्ड कैसे करें ऐड: ये है आसान प्रक्रिया
#ताज़ा ख़बरें
  1. OnePlus Nord CE 6, Nord CE 6 Lite अगले सप्ताह होंगे भारत में लॉन्च, 8,000mAh तक की बैटरी
  2. Amazon Scholarship: भारतीय छात्रों के लिए पढ़ाई, ट्रेनिंग और इंटर्नशिप के साथ ₹2 लाख की मदद!
  3. Samsung देगी Meta, Apple को टक्कर? ला रही AI स्मार्ट ग्लासेस!
  4. सबसे महंगी क्रिप्टोकरेंसी में बड़ी खरीदारी, Strategy ने खरीदे 3,200 से ज्यादा बिटकॉइन
  5. Google से मिनटों में ढूंढें खोया हुआ फोन, नुकसान से तुरंत होगा बचाव, जानें आसान तरीका
  6. Tecno Spark 50 Pro में मिल सकती है 6,000mAh की बैटरी, जल्द लॉन्च की तैयारी
  7. Oppo Find X10 में दिया जा सकता है 200 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा
  8. सैटेलाइट से धरती के नक्शे पर दिखेगा आपका नाम! नासा की अनोखी पहल
  9. Xiaomi 17T, 17T Pro जल्द होंगे लॉन्च, स्पेसिफिकेशंस और कीमत का हुआ खुलासा
  10. Samsung Galaxy S27 सीरीज में मिल सकता है नया कैमरा लेआउट
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.