ISRO इतिहास रचने के करीब! 3 मीटर तक करीब आए सैटेलाइट, हाथ मिलाने से चूके

दो भारतीय सैटेलाइट्स एक दूसरे के 3 मीटर तक करीब आ गए!

विज्ञापन
Written by हेमन्त कुमार, अपडेटेड: 12 जनवरी 2025 19:19 IST
ख़ास बातें
  • दो सैटेलाइट्स की डॉकिंग करने की कोशिश
  • दो भारतीय सैटेलाइट्स एक दूसरे के 3 मीटर तक करीब आ गए
  • डाटा विश्लेषण के बाद डॉकिंग की फिर से कोशिश की जाएगी

ISRO ने स्पेस डॉकिंग प्रोग्राम के तहत दो सैटेलाइट्स की डॉकिंग करने की कोशिश की।

Photo Credit: ISRO

ISRO ने अंतिरक्ष की दुनिया में एक बार फिर से कारनामा करने की कोशिश में कुछ हद तक सफलता पा ली है। कंपनी ने स्पेस डॉकिंग प्रोग्राम के तहत दो सैटेलाइट्स की डॉकिंग करने की कोशिश की। जिसमें दो भारतीय सैटेलाइट्स एक दूसरे के 3 मीटर तक करीब आ गए! इतने करीब आने के बाद अब ये दोनों एक दूसरे से दूर जा रहे हैं। इंडियन स्पेस एजेंसी ने इनकी जानकारी दी है। 

दरअसल इसरो की सैटेलाइट डॉकिंग का यह प्रोग्राम दोनों सैटेलाइट्स को 15 मीटर से 3 मीटर तक करीब लाने के लक्ष्य के साथ किया गया था । इसरो सैटेलाइट को 3 मीटर तक करीब ले जाने में कामयाब रही। दोनों को करीब लाकर अब एक सुरक्षित दूरी पर भेजा जा रहा है। Space Docking Experiment (SpaDeX) मिशन का यह हिस्सा था। ISRO ने बताया कि दोनों सैटेलाइट्स को 3 मीटर तक लाने की कोशिश सफल रही। अब डाटा विश्लेषण के बाद डॉकिंग की फिर से कोशिश की जाएगी। इसरो की यह तीसरी कोशिश थी। इससे पहले भी डॉकिंग प्रोसेस को दो बार टाला जा चुका है। 
Advertisement

रविवार सुबह 5:17 बजे इसरो ने X पर पोस्ट किया, "15 मीटर की दूरी पर हम एक-दूसरे को स्पष्ट रूप से देख सकते हैं। हम हाथ मिलाने के लिए सिर्फ 50 फीट की दूरी पर हैं।" सुबह 6:19 बजे इसरो ने बताया कि दोनों उपग्रह एक दूसरे से 15 मीटर की दूरी पर हैं। इन्होंने एक-दूसरे की फोटो और वीडियो ली है। सुबह 7:06 बजे इसरो ने X पर पोस्ट कर बताया कि दोनों उपग्रह को 15 मीटर और फिर 3 मीटर तक करीब लाया गया। 
 

SpaDeX मिशन को इसरो ने 30 दिसंबर को सफलतापूर्वक लॉन्च किया था। मिशन का लक्ष्य छोटे अंतरिक्ष यान का इस्तेमाल करते हुए अंतरिक्ष में डॉकिंग का प्रदर्शन है। इसके लिए PSLV C60 रॉकेट श्रीहरिकोटा के सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र से लॉन्च किया गया था। यह रॉकेट अपने साथ 220kg के दो सैटेलाइट्स को ले गया था। 
Advertisement

ISRO का कहना है कि SpaDeX मिशन अंतरिक्ष में डॉकिंग के लिए एक कम लागत वाली टेक्नोलॉजी को दिखाता है। भारत के भविष्य अंतरिक्ष मिशनों के लिए यह बहुत ही महत्वपूर्ण तकनीक है। चांद पर खोज और भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन (BAS) के विकास में यह अहम रोल निभाने वाला है। मिशन में सफल होने पर भारत अंतरिक्ष डॉकिंग क्षमता रखने वाला दुनिया का चौथा देश बन जाएगा।
 
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

हेमन्त कुमार Gadgets 360 में सीनियर ...और भी

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Honor X9e s हुआ लॉन्च, 50MP दो कैमरा, 8,560mAh बैटरी के साथ
#ताज़ा ख़बरें
  1. Vivo X500 Pro Max भारत लॉन्च से पहले BIS पर लिस्ट, नवंबर अंत में होगी सीरीज की दस्तक!
  2. ISRO NVS-03 सैटेलाइट का सफल लॉन्च, भारत का नेविगेशन सिस्टम होगा मजबूत
  3. ₹18 हजार से ज्यादा सस्ता मिल रहा iPhone 17, यहां मिल रही सबसे तगड़ी डील
  4. Honor X9e s हुआ लॉन्च, 50MP दो कैमरा, 8,560mAh बैटरी के साथ
  5. Flipkart Sale में ₹2900 सस्ता मिल रहा Motorola का 50MP दो कैमरा फोन, 6720mAh बैटरी!
  6. Motorola Signature 27 के इंटरनेशनल मार्केट में लॉन्च की तैयारी, 2 कलर्स के होंगे ऑप्शन 
  7. Vivo S70 में मिल सकती है अपग्रेडेड रियर कैमरा यूनिट, Snapdragon 8s Gen 4 चिपसेट
  8. Infinix GT 50 Pro की भारत में शुरू हुई बिक्री, जानें प्राइस ऑफर्स
  9. Karbonn Rebel Pro, Karbonn Rebel जल्द होंगे भारत में लॉन्च, स्पेसिफिकेशंस, डिजाइन आया सामने
  10. शुभमन गिल ने टेस्ट किया दीपिंदर गोयल का Temple डिवाइस, कभी पीवी सिंधू ने भी पहना था, जानें क्या है?
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.