पृथ्‍वी के चारों ओर मिली अदृश्‍य चीज, अपनी तरफ खींच रही, खोज से Nasa भी हैरान!

Earth Hidden electric field : वैज्ञानिक इसे ‘एंबीपोलर इलेक्ट्रिक फील्ड’ (ambipolar electric field) कह रहे हैं।

विज्ञापन
Written by प्रेम त्रिपाठी, अपडेटेड: 8 सितंबर 2024 20:19 IST
ख़ास बातें
  • नासा को पृथ्‍वी के चारों ओर मिला इलेक्ट्रिक फील्‍ड
  • ध्रुवीय हवा को पैदा कर रहा है
  • ‘एंबीपोलर इलेक्ट्रिक फील्ड’ कहा गया है इसे

इसके बारे में नासा के एंड्योरेंस मिशन से जानकारी मिली है।

वैज्ञानिकों ने हमारी पृथ्वी के चारों ओर एक संदिग्ध इलेक्ट्रिक फील्‍ड को देखा है, जो ध्रवीय हवा (polar wind) को चलाता है और हवा में मौजूद पार्टिकल्‍स को सुपरसोनिक स्‍पीड से स्‍पेस में पहुंचाता है।  वैज्ञानिक इसे ‘एंबीपोलर इलेक्ट्रिक फील्ड' (ambipolar electric field) कह रहे हैं। यह घटना पृथ्‍वी के वायुमंडल को प्रभावित कर रही है। हालांकि इसका असर ध्रुवों पर ज्‍यादा है। खास बात है कि ‘एंबीपोलर इलेक्ट्रिक फील्ड' पर सबसे पहले बात 60 साल पहले हुई थी। अब इसके बारे में नासा के एंड्योरेंस मिशन से जानकारी मिली है, जिसके नतीजे नेचर मैगजीन में पब्लिश हुए हैं।  

अमेरिकी स्‍पेस एजेंसी के अनुसार, एंबिपोलर इलेक्ट्रिक फील्‍ड ‘ध्रुवीय हवा' का एक प्रमुख जरिया है। यह हवा पृथ्‍वी पर ध्रुवों के ऊपर रहती है। नासा का कहना है कि यह इलेक्ट्रिक फील्‍ड हमारे ऊपरी वायुमंडल में चार्ज होने वाले पार्टिकल्‍स को ज्‍यादा ऊंचाई तक उठाता है। इतनी ऊपर ले जाता है, जहां तक वो खुद से नहीं पहुंच पाते।  

हो सकता है कि एंबिपोलर इलेक्ट्रिक फील्‍ड ने हमारे ग्रह के विकास में मदद की हो। हालांकि इस बारे में वैज्ञानिक और जानना चाहते हैं। नासा के एंड्योरेंस मिशन से मिले डेटा से एंबिपोलर फील्‍ड के अस्तित्व की जानकारी मिली है। उसी डेटा ने इसकी ताकत के बारे में भी बताया है। माना जा रहा है कि एंबिपोलर इलेक्ट्रिक फील्‍ड ने हमारे आयनमंडल (ionosphere) को आकार देने में मदद की है। आयनमंडल ऊपरी वायुमंडल की एक परत है। 

यह स्‍टडी नेचर मैगजीन में पब्लिश हुई है। वैज्ञानिकों का कहना है कि हमारे ग्रह के वायुमंडल की इन गतिविधियों को समझने से ना सिर्फ पृथ्‍वी के बारे में जानकारी मिलती है, बल्कि बाकी ग्रहों के डेवलपमेंट का भी पता चलता है। इससे यह भी मदद मिल सकती है कि कौन से ग्रह जीवन के लिए बेहतर हो सकते हैं। 

नासा के गोडार्ड स्पेस फ्लाइट सेंटर में एंड्योरेंस मिशन के प्रिंसिपल इन्‍वेस्टिगेटर और रिसर्च पेपर के लीड ऑथर ग्लिन कोलिन्सन ने कहा कि कुछ तो है जो इन पार्टिकल्‍स को बाहर खींच रहा है। वैज्ञानिकों को लगता है कि एंबिपोलर इलेक्ट्रिक फील्‍ड यह काम कर रहा हो सकता है। कोलिन्सन ने कहा कि यह एक बेल्‍ट की तरह हमारे वायुमंडल को अंतरिक्ष में ऊपर उठा रहा। 
 
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. iQOO Z11 में मिलेगा 3D कर्व्ड डिस्प्ले, भारत में जल्द होगा लॉन्च
  2. ₹1 हजार से कम में ब्लूटूथ, कॉल रिकॉर्डिंग और वायरलेस FM रेडियो! itel Ace 3 Heera फोन लॉन्च
  3. Vivo S2 कल होगा भारत में लॉन्च, 7,050mAh बैटरी, 50 मेगापिक्सल प्राइमरी कैमरा
  4. Redmi K100 Pro में होगी 8,580mAh सिलिकॉन-कार्बन बैटरी, 200 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा
#ताज़ा ख़बरें
  1. Vivo S2 भारत में लॉन्च: 7050mAh बैटरी, 32MP सेल्फी कैमरे के साथ आया नया 5G फोन, जानें कीमत
  2. Redmi Note 17 5G भारत में लॉन्च: ₹30 हजार से कम में 8000mAh बैटरी, Snapdragon प्रोसेसर, 4 Android अपग्रेड्स!
  3. Lock Upp 2 Winner तो मिल गया, लेकिन गले में पहना Smart Collar क्या था? यहां जानें सब कुछ
  4. अब कैब ड्राइवरों की नौकरियां भी खतरे में? बिना ड्राइवर के दौड़ेंगी 1.2 लाख Uber टैक्सियां!
  5. Amazon Great Freedom Sale 2026: OnePlus 15 की बढ़ी हुई कीमत के बीच खरीदने का सही मौका!
  6. Hydrogen Train Technology के बारे में जानें : भारत की पहली ट्रेन जो हरियाणा से चली...
  7. Birth-Death Certificate बनवाने के बदल गए नियम! जानें कैसे होगा ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन
  8. Hyundai ने Creta Electric के लिए लॉन्च किया बायबैक प्रोग्राम
  9. Vivo S2 कल होगा भारत में लॉन्च, 7,050mAh बैटरी, 50 मेगापिक्सल प्राइमरी कैमरा
  10. इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर्स के मार्केट में TVS Motor का पहला स्थान बरकरार, जुलाई में बेची 52,000 से ज्यादा यूनिट्स
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.