चिंता : 10 लाख स्‍वीमिंग पूल पूरे साल भरते रहेंगे, इतना बढ़ गया 365 दिनों में समुद्र का स्‍तर

नासा की सी लेवल चेंज साइंस टीम के अनुसार, समुद्र के स्तर में अबतक 3.6 इंच (9.1 सेंटीमीटर) की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।

विज्ञापन
Written by प्रेम त्रिपाठी, Edited by आकाश आनंद, अपडेटेड: 22 मार्च 2023 12:17 IST
ख़ास बातें
  • नासा ने सैटेलाइट डेटा के जरिए किया आकलन
  • दुनियाभर में बढ़ रहा है समुद्र का स्‍तर
  • हालिया आकलन साल 2021 से 2022 का है

साल 2050 तक वैश्विक समुद्र स्तर प्रतिवर्ष 0.26 इंच (0.66 सेंटीमीटर) तक पहुंचने की उम्मीद है।

Photo Credit: Nasa

ग्‍लोबल वॉर्मिंग, तेजी से पिघलता आर्कटिक और बाकी वजहें दुनियाभर में समुद्र के स्‍तर को बढ़ा रही हैं। एक रिपोर्ट में बताया गया है कि साल 2021 से 2022 तक वैश्विक समुद्र स्तर (global sea level) में औसतन 0.11 इंच (0.27 सेंटीमीटर) की बढ़ोतरी देखी गई। यह इतना पानी है, जिससे एक साल तक हर रोज 10 लाख ओलिंपिक साइज के स्‍वीमिंग पूल भरे जा सकते हैं। सैटेलाइट डेटा के आधार पर अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा (Nasa) ने यह आकलन किया है। 

नासा की रिपोर्ट के अनुसार, समुद्र की सतह की ऊंचाई का ऑब्‍जर्वेशन 1993 में शुरू किया गया था। नासा की सी लेवल चेंज साइंस टीम के अनुसार, समुद्र के स्तर में अबतक 3.6 इंच (9.1 सेंटीमीटर) की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। रिसर्चर्स के आंकड़े बताते हैं कि साल 1993 में वैश्विक समुद्र स्तर 0.08 इंच (.20 सेंटीमीटर) प्रति वर्ष था, जो 2022 में बढ़कर 0.17 इंच (0.44 सेंटीमीटर) प्रति वर्ष हो गया है। इस हिसाब से साल 2050 तक वैश्विक समुद्र स्तर प्रतिवर्ष 0.26 इंच (0.66 सेंटीमीटर) तक पहुंचने की उम्मीद है।
Advertisement

ये आंकड़े इशारा करते हैं कि दुनियाभर में समुद्र का स्‍तर बढ़ रहा है और उसके पास बसे शहरों को खतरा है। पिछले साल एक स्‍टडी में नासा ने बताया था कि अमेरिका के समुद्र तट अगले 20-25 सालों में एक फीट तक डूब सकते हैं। इन तटों में गल्फ का किनारा, साउथ ईस्ट के तट और साउथ वेस्ट कुछ इलाकों का उल्लेख किया गया था यानी सैन फ्रांसिस्को, न्यूयॉर्क, लॉस एंजिलिस और वर्जीनिया जैसे क्षेत्र समुद्री पानी की बड़ी त्रासदी झेलने वाले हैं। स्‍टडी में कहा गया था कि अमेरिका के समुद्री तट आने वाले 30 साल में पानी-पानी हो जाएंगे। 

कुछ इसी तरह का अनुमान अन्‍य देशों के लिए भी लगाया जा सकता है, जिनके शहर समुद्र तटों के पास बसे हुए हैं। अपने डेटा को जुटाने के लिए नासा दो सैटेलाइट्स का इस्‍तेमाल करती है। ये साल 2030 तक जानकारी जुटाते रहेंगे। नासा के अलावा विश्व मौसम विज्ञान संगठन भी ग्लोबल वॉर्मिंग के चलते समुद्रों का जल स्तर बढ़ने का खतरा जता चुका है। उसके मुताबिक, 2013 से 2021 के बीच समुद्र के स्तर में हर साल 4.5mm की बढ़ोतरी हुई है। 
 

 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Motorola Signature 27 की टक्कर Oppo Find X10 और Google Pixel 11 Pro XL से: देखें कौन सा है ज्यादा बेहतर
  2. ₹3800 सस्ता खरीदें 10000mAh की बड़ी बैटरी वाला Vivo का 5जी फोन, सिर्फ दिवाली सेल में ऑफर
  3. Flipkart सेल में 26 हजार एमआरपी वाला Mivi One फोन ₹15 हजार से सस्ता! 6000mAh बैटरी
  4. कैमरा टेस्ट में iPhone 18 Pro से आगे निकला Motorola का ये फोन, जानें कौन है नंबर 1
  5. महज ₹13449 में मिल रहा 6000mAh बैटरी और 50MP कैमरा वाला 5G फोन, Flipkart Big Bang Diwali सेल में डील
#ताज़ा ख़बरें
  1. Jio ने लॉन्च किया ₹10 हजार का मोबाइल रीचार्ज प्लान! 3 साल मिलेगा 2.5GB, अनलिमिटिड 5G, कॉलिंग, फ्री JioHotstar
  2. Flipkart सेल में 26 हजार एमआरपी वाला Mivi One फोन ₹15 हजार से सस्ता! 6000mAh बैटरी
  3. ₹35 में 2 OTT का सब्सक्रिप्शन और 1GB डेली डेटा! Vi ने लॉन्च किया नया रिचार्ज पैक
  4. Sony MDR 3R: पुराने जमाने में पहुंचा सोनी, लॉन्च किया नया हेडफोन जो दिलाएगा बचपन की याद!
  5. Samsung Galaxy S27 जल्द होगा भारत में लॉन्च, BIS पर हुई लिस्टिंग
  6. कैमरा टेस्ट में iPhone 18 Pro से आगे निकला Motorola का ये फोन, जानें कौन है नंबर 1
  7. ₹3800 सस्ता खरीदें 10000mAh की बड़ी बैटरी वाला Vivo का 5जी फोन, सिर्फ दिवाली सेल में ऑफर
  8. itel दिवाली ऑफर: टीवी-वॉशिंग मशीन खरीदें सिर्फ ₹40 प्रतिदिन देकर, फोन पर भी डिस्काउंट
  9. ₹29 हजार सस्ता मिल रहा Google का पिक्सल फोन, दिवाली सेल में बचत का मौका
  10. WhatsApp में बिना चैट खोले पढ़ सकेंगे मैसेज, नहीं जाएगा ब्लू टिक, ऐसे काम करेगा नया फीचर
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.