Microsoft ने मानी गलती, 25 करोड़ यूज़र्स के डेटा में हुई सेंधमारी

Microsoft के इस रिकॉर्ड में 2005 से दिसंबर 2019 तक यानी 14 साल के समय अंतराल में हुई बातचीत की लॉग फाइल शामिल थी। कंपनी ने सभी यूज़र्स से माफी मांगी और इस गलती से सीख लेते हुए भविष्य में ऐसी चूक ना होने का आश्वाशन भी दिया है।

विज्ञापन
Indo-Asian News Service, अपडेटेड: 24 जनवरी 2020 12:42 IST
ख़ास बातें
  • Microsoft से यह चूक 5 दिसंबर 2019 को हुई थी
  • लीक हुए रिकॉर्ड में 14 साल की बातचीत की लॉग फाइल शामिल थी
  • माइक्रोसॉफ्ट ने इस गलती को 31 दिसंबर 2019 को ठीक करने का दावा किया है

Microsoft ने डेटाबेस में हुई इस चूक को 31 दिसंबर 2019 को ठीक कर दिया है

Microsoft ने स्वीकार किया है कि लगभग 250 मिलियन (25 करोड़) ग्राहकों के सर्विस रिकॉर्ड "आंतरिक ग्राहक सहायता डेटाबेस की गलतफहमी" के कारण खतरें में पड़ गए हैं। इन रिकॉर्ड में दुनिया भर के ग्राहकों और माइक्रोसॉफ्ट के कर्मचारियों के बीच सपोर्ट केस के मामले होने वाली बातचीत का डेटा शामिल था। सभी Microsoft ग्राहकों के डेटा को ओपन छोड़ दिया गया था और इसे वेब ब्राउज़र से एक्सेस किया जा सकता था। इस डेटा को बिना पासवर्ड के या बिना किसी प्रमाणीकरण की आवश्यकता के कोई भी एक्सेस कर सकता था। इस चूक को सबसे पहले बॉब डियाचेंको की कंपेरिटेक सिक्योरिटी रीसर्च टीम ने रिपोर्ट किया था।

Microsoft में कॉर्पोरेट उपाध्यक्ष, साइबरस्पेस सोल्यूशन ग्रुप ने इस चूक पर दिए बयान में गलती को माना है और यह भी आश्वाशन दिया है कि इसमें किसी भी व्यक्ति के निजी डेटा का दुर्उपयोग नहीं हुआ है। माइक्रोसॉफ्ट द्वारा की गई जांच में पाया गया है कि डेटाबेस की नेटवर्क सिक्योरिटी ग्रुप में 5 दिसंबर, 2019 को किए गए बदलाव में गलती से एक गलत सुरक्षा नियम लगा दिया गया था, जिसके कारण डेटा खुलेआम उपलब्ध हो गया था। कंपनी का कहना है कि इस चूक को 31 दिसंबर 2019 को ठीक कर दिया गया है और डेटाबेस को अब सुरक्षित बना दिया गया है।

इस रिकॉर्ड में 2005 से दिसंबर 2019 तक यानी 14 साल के समय अंतराल में हुई बातचीत की लॉग फाइल शामिल थी। कंपनी ने सभी यूज़र्स से माफी मांगी और इस गलती से सीख लेते हुए भविष्य में ऐसी चूक ना होने का आश्वाशन भी दिया है। कंपनी ने बॉब डियाचेंको इस गलती को ठीक करने में मदद करने के लिए धन्यवाद भी दिया है।

यह माइक्रोसॉफ्ट की डेटा सुरक्षा से संबंधित पहली चूक नहीं है। इससे पहले 2013 में हैकर्स ने कंपनी के गुप्त डेटाबेस में सेंध लगाई थी। यह डेटाबेस कंपनी के सॉफ्टवेयर में समस्या को ट्रैक करने वाली जानकारी का रिकॉर्ड रखता था। इसके बाद जनवरी से मार्च 2019 के बीच हैकर्स ने एक माइक्रोसॉफ्ट सपोर्ट एजेंट का अकाउंट हैक कर लिया था। इसके अलावा कंपनी ने पहले कुछ आउटलुक यूज़र्स के डेटा में सेंध होने की आशंका को भी माना है।
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. 6 हजार सस्ता खरीदें Vivo का 50MP कैमरा, 6000mAh बैटरी वाला धांसू फोन
  2. Amazon सेल में Samsung, Redmi, OnePlus जैसे फोन 16 हजार तक सस्ते! जानें पूरी लिस्ट
  3. 5 एस्टरॉयड का पृथ्वी पर हमला, नासा की बड़े खतरे की घंटी!
#ताज़ा ख़बरें
  1. Insta360 Luna Ultra की पहली झलक! 8K वीडियो के साथ होगा रिमोट कंट्रोल फीचर!
  2. 5 एस्टरॉयड का पृथ्वी पर हमला, नासा की बड़े खतरे की घंटी!
  3. Amazon सेल में Samsung, Redmi, OnePlus जैसे फोन 16 हजार तक सस्ते! जानें पूरी लिस्ट
  4. Oppo K15 में मिल सकती है 8000mAh बैटरी, Snapdragon 6 Gen 5 चिप!
  5. दीवारघड़ी के सैल जितना छोटा पावरबैंक! इमरजेंसी में पावर का साथी, जानें कीमत
  6. 100 इंच बड़े टीवी Samsung ने भारत में किए लॉन्च, 4K डिस्प्ले से लैस, जानें कीमत
  7. 6 हजार सस्ता खरीदें Vivo का 50MP कैमरा, 6000mAh बैटरी वाला धांसू फोन
  8. Xiaomi 17 Max में 8000mAh बैटरी के साथ होगा 100W फास्ट चार्जिंग फीचर!
  9. अमेजन सेल में Samsung, LG, Haier जैसे ब्रांड्स के AC पर भारी डिस्काउंट
  10. Samsung स्मार्टफोन्स 12 हजार तक हो गए सस्ते! Galaxy M36, Galaxy M17 5G, Galaxy F70e 5G जैसे मॉडल्स पर भारी छूट
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.