भारत के ‘लूना क्रेटर’ का रहस्‍य खुला! 4 हजार साल पहले अंतरिक्ष से आई थी आफत, जानें

Luna Crater : केरल यूनिवर्सिटी के नए शोध में इस बारे में ज्‍यादा जानकारी मिली है।

विज्ञापन
Written by प्रेम त्रिपाठी, अपडेटेड: 27 मार्च 2024 17:46 IST
ख़ास बातें
  • लूना क्रेटर को लेकर हुई स्‍टडी
  • 4 हजार साल पहले उल्‍कापिंड के टकराने से बना हो सकता है
  • केरल यूनिवर्सिटी के रिसर्चर्स ने की स्‍टडी

लूना क्रेटर के जियोकेमिकल एनालिसिस से पता चला है कि वहां की मिट्टी में काफी मात्रा में इरिडियम मौजूद है।

पृथ्‍वी पर 4 हजार साल पहले क्‍या हुआ था? इस सवाल का जवाब वैज्ञानिकों को मिल गया है। गुजरात के भुज में स्थित 1.8 किलोमीटर चौड़े डिप्रेशन ‘लूना क्रेटर' (Luna crater) का रहस्‍य खुल गया है। वैज्ञानिकों काे लगता है कि वह गड्ढा पृथ्‍वी से टकराने वाले एक उल्‍कापिंड (meteorite) की वजह से बना हो सकता है। अनुमान है कि बीते 50 हजार साल में पृथ्‍वी पर सबसे बड़ा उल्‍कापिंड लूना क्रेटर में ही टकराया था।  उल्‍कापिंड के टकराने से लगे झटके और जंगलों में फैली आग ने वह क्रेटर बनाया होगा। 

एक रिपोर्ट के अनुसार, इसी जगह पर हजारों साल पहले सिंधु घाटी सभ्‍यता के लोग रहते होंगे। न्यूसाइंटिस्ट की रिपोर्ट के अनुसार, कनाडा में वेस्टर्न यूनिवर्सिटी में काम करने वाले गॉर्डन ओसिंस्की ने कहा, वह टक्‍कर निश्चित रूप से परमाणु बम के बराबर हो सकती है। 
Advertisement

लूना क्रेटर के बारे में गुजरात के स्‍थानीय लोगों को भी पता है। रिसर्चर्स को पहले लगता था कि वह डिप्रेशन किसी इम्‍पैक्‍ट की वजह से हो सकता है। अब केरल यूनिवर्सिटी के नए शोध में इस बारे में ज्‍यादा जानकारी मिली है। 

लूना क्रेटर के जियोकेमिकल एनालिसिस से पता चला है कि वहां की मिट्टी में काफी मात्रा में इरिडियम मौजूद है। इसका मतलब वह इम्‍पैक्‍ट किसी ऐसे उल्‍कापिंड की वजह से हुआ होगा, जिसमें आयरन की बहुत मात्रा थी। हालांकि लूना क्रेटर को अभी तक एक गड्ढे के रूप में साबित नहीं किया गया है। इसी वजह से शोध में उसे डिप्रेशन लिखा गया है। 
Advertisement

रिपोर्ट के अनुसार, डिप्रेशन को गड्ढा साबित करने के लिए रिसर्चर्स को ऐसी चट्टानों को वहां ढूंढना होगा, जो टकराने के बाद पैदा हुई गर्मी से पिघल गईं। केरल यूनिवर्सिटी के रिसर्चर्स लूना क्रेटर में खुदाई कर सकते थे, लेकिन उनकी योजना वहां ऐसे मटीरियल तलाशने की है, जो दुनिया को चौंका सकते हैं। उन्‍हें उम्‍मीद है कि भविष्‍य में नई जानकारी हाथ लगेगी। 
Advertisement

 
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Samsung Galaxy S26 FE vs Vivo X300 FE vs OnePlus 15: कौन सा फ्लैगशिप मोबाइल रहेगा बेहतर?
#ताज़ा ख़बरें
  1. स्मार्टफोन से भी पतला Power Bank! 8 सितंबर को भारत आ रहा Xiaomi का मैग्नेटिक वायरलेस चार्जिंग वाला पावर बैंक
  2. ताइवानी कंपनी Optoma ने भारत में पेश की 55-98 इंच की प्रोफेशनल डिस्प्ले, जानें कहां होगा इस्तेमाल
  3. SIR Draft List 2026: वोटर लिस्ट में अपना नाम ऐसे करें चेक, अगर कट गया है तो क्या करें? यहां जानें सब कुछ
  4. फर्जी SIM खरीदी, IMEI से छेड़छाड़ किया तो होगी 3 साल की सजा और 50 लाख जुर्माना
  5. एक ही मशीन से फर्श, सोफा और कार की सफाई! Dreame H12 Dual FlexReach भारत में हुआ लॉन्च
  6. boltt के दोनों स्मार्टफोन की सेल आज से शुरू, मिल रहा तगड़ा डिस्काउंट भी
  7. एक मशीन में 2 ड्रम और 34 वॉशिंग मोड्स! Xiaomi की नई Mini Washing Machine हुई लॉन्च
  8. Samsung Galaxy Book6 लैपटॉप लॉन्च, 14 इंच डिस्प्ले के साथ Intel Core 5 प्रोसेसर से लैस
  9. पोर्न ऐप के नाम पर साइबर ठगी, पैसों की लूट, Facebook ऐड से डाउनलोड हो रहे APK फाइल, I4C ने दी चेतावनी
  10. iPhone को बिना छुए, Apple Maps पर एक्सीडेंट, सड़क पर काम या रुकावट को कैसे करें रिपोर्ट
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.