DRDO तैयार कर रहा ‘खास’ चूहे, दुश्‍मनों-आतंकियों के छुड़ा देंगे छक्‍के, यूं करेंगे सेना को सपोर्ट

विदेशों में कुछ जगहों पर यह तकनीक पहले से मौजूद है। भारत में ऐसी तकनीक पहली बार विकसित की गई है।

विज्ञापन
Written by प्रेम त्रिपाठी, Edited by आकाश आनंद, अपडेटेड: 9 जनवरी 2023 13:37 IST
ख़ास बातें
  • DRDO के वैज्ञानिक खास 'चूहे' बना रहे हैं
  • ये चूहे दुश्मनों की खुफिया निगरानी कर सकेंगे
  • इसके लिए चूूहों के सिर पर कैमरा लगाया जाएगा

रैट साइबोर्ग के सिर पर एक कैमरा लगा होगा, जो चूहे के मस्तिष्क में लगे इलेक्ट्रोड से संकेत प्राप्त कर सकता है।

दुनियाभर के देश अपने दुश्‍मन देशों से मुकाबला करने के लिए ‘तकनीक' को एडवांस्‍ड बना रहे हैं। अब वो जमाना गया, जब आमने-सामने का दमखम मायने रखता था। आज ‘तकनीक' के जरिए भी कोई देश अपने दुश्‍मन देशों को धूल चटा सकता है। इस्राइल इसका सबसे सटीक उदाहरण है। चारों ओर से अपने प्रतिद्वंद‍ियों से घिरने के बावजूद तकनीक के दम पर इस देश ने अपना दम दिखाया है। भारत भी अपने दुश्‍मनों से मुकाबला करने के लिए तकनीक पर जोर दे रहा है।  रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन यानी DRDO के वैज्ञानिक खास 'चूहे' बना रहे हैं, जो दुश्मनों की खुफिया निगरानी कर सकेंगे। इन्‍हें ‘रैट साइबोर्ग' (‘rat cyborgs') कहा जा रहा है, जिनका उपयोग सैन्य बलों के अभियानों के दौरान भी किया जा सकेगा।

मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, इंडियन साइंस कांग्रेस में इसकी जानकारी दी गई है। डीआरडीओ यंग साइंटिस्ट लेबोरेटरी (DYSL) के निदेशक पी शिव प्रसाद बताया है कि विदेशों में कुछ जगहों पर यह तकनीक पहले से मौजूद है। भारत में ऐसी तकनीक पहली बार विकसित की गई है। रैट साइबोर्ग के सिर पर एक कैमरा लगा होगा, जो चूहे के मस्तिष्क में लगे इलेक्ट्रोड से संकेत प्राप्त कर सकता है।

इस तकनीक की मदद से दुश्मन के सैन्य ठिकानों की खुफिया निगरानी में मदद मिलेगी। पी शिव प्रसाद की मानें तो इस प्रोजेक्‍ट के पहले दौर का परीक्षण पूरा हो गया, जिसमें चूहों को ऑपरेटर की मदद से निर्देश देकर कंट्रोल किया जाएगा। दूसरे चरण में वैज्ञानिकों को रैट साइबोर्ग के सिर पर लगे कैमरों के जरिए इमेजेस मिल सकेंगी। इस तकनीक का इस्‍तेमाल दुश्‍मन देशों से होने वाली हमले के दौरान किया जा सकता है। 

मसलन- 26/11 जैसे आतंकी हमले की स्थिति में रैट साइबोर्ग को इस्‍तेमाल किया जा सकता है। ऐसे हमलों में बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान की जरूरत होती है, तब रैट साइबोर्ग अपनी क्षमता दिखा सकते हैं। वैज्ञानिकों की मानें, तो रैट साइबोर्ग किसी भी बिल्डिंग में घुसकर दीवारों पर चढ़कर अंदर की तस्वीरें भेज सकते हैं। चूहे संकरे रास्‍तों से गुजरते हुए हर उस जगह का ब्‍योरा भेज सकते हैं, जहां आतंकी मौजूद हों। 

पी शिव प्रसाद के मुताबिक चूहों में ऐसे कामों के लिए बहुत ज्‍यादा सहनशक्ति होती है। रैट साइबोर्ग के खाने-पीने पर विशेष ध्‍यान दिया जाएगा ताकि वो मुश्किल हालात में मदद पहुंचाने के लिए फ‍िट रहें। 
 

 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Samsung Galaxy S26 Ultra लॉन्च होने के बाद 26K से ज्यादा गिरी Galaxy S25 Ultra की कीमत, देखें पूरा ऑफर
#ताज़ा ख़बरें
  1. Huawei Mate 80 Pro का इंटरनेशनल मार्केट में लॉन्च, 50 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा
  2. Xiaomi QLED TV X Pro 75 की भारत में शुरू हुई बिक्री, जानें प्राइस, फीचर्स
  3. Lenovo लॉन्च कर सकती है MWC 2026 में 3D डिस्प्ले वाले लैपटॉप, लीक में खुलासा
  4. Apple खोलेगी 2 मार्च को अपना पिटारा! iPhone 17e, MacBook Air, iPad Air हो सकते हैं लॉन्च, जानें खास बातें
  5. Amazfit Active 3 Premium लॉन्च हुई 3000 निट्स ब्राइटनेस, 4GB रैम, 12 दिन बैटरी के साथ, जानें कीमत
  6. महंगे होंगे मोबाइल! 2026 में स्मार्टफोन मार्केट के लिए बुरी खबर
  7. पेमेंट्स कंपनी Block ने AI के चलते 4 हजार से ज्यादा कर्मचारियों को निकाला!
  8. Noise ने Master Buds 2 किए लॉन्च, 30 घंटे चलेगी बैटरी, जानें कैसे हैं फीचर्स
  9. Holi 2026: होली पर पार्टी के लिए बेस्ट रहेंगे ये ब्लूटूथ स्पीकर
  10. Samsung Galaxy S26 Ultra vs iPhone Air vs Google Pixel 10 Pro: जानें कौन सा फ्लैगशिप फोन है बेस्ट
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.