F1 बेस्ड सेल्फ-ड्राइविंग रेस कार Minerva ने रचा इतिहास, बिना ड्राइवर के जीती रेस

रेस का आयोजन का मुख्य कारण दुनिया भर के छात्रों की टीमों को सेल्फ-ड्राइविंग व्हीकल्स की क्षमताओं को सभी के सामने पेश करने का मौका देना था।

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नितेश पपनोई, अपडेटेड: 11 जनवरी 2022 15:16 IST
ख़ास बातें
  • AI सेल्फ-ड्राइविंग टेक्नोलॉजी से लैस F1 पर बेस्ड रेस कार है Minerva
  • इटालियन अमेरिकी टीम PoliMOVE टीम ने की है विकसित
  • रेस के दौरान Minerva को Kaist नाम की टीम की कार ने दी थी कड़ी टक्कर

Minerva ने सेल्फ-ड्राइविंग के जरिए 185 kmph की टॉप स्पीड हासिल की है

Tesla के बाद वर्तमान में कई कंपनियां हैं, जो सेल्फ-ड्राइविंग या ऑटोनोमस ड्राइविंग सिस्टम पर काम कर रही हैं। अभी तक आपने इस तरह की टेक्नोलॉजी पर्सनल या कमर्शियल व्हीकल में देखी होगी। हालांकि, CES 2022 में एक कंपनी ने सेल्फ-ड्राइविंग रेस कार दिखाई है। इटालियन अमेरिकी टीम PoliMOVE ने फॉर्मूला वन (F1) कार पर आधारित एक सेल्फ-ड्राइविंग रेस कार विकसित की है, जिसका नाम Minerva रखा गया है। यह रेस कार CES 2022 में इवेंट के दौरान कथित तौर पर 185 kmph (किलोमीटर प्रति घंटा) की रफ्तार से दौड़ती नज़र आई है।

फ्रांसीसी न्यूज़ एजेंसी (Via HT Auto) की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि Minerva रेस कार ने सेल्फ-ड्राइविंग टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करते हुए इस स्पीड को हासिल कर वर्ल्ड रिकॉर्ड स्थापित कर दिया है। इस सेल्फ-ड्राइविंग रेस कार को इवेंट के दौरान अन्य सेल्फ-ड्राइविंग व्हीकल (Self driving vehicles) के साथ दौड़ाया गया था, जिसमें इसने करीब 185 किमी प्रति घंटे की रफ्तार पकड़ी। रिपोर्ट में कहा गया है कि इस सेल्फ ड्राइविंग कार को Kaist नाम की दक्षिण कोरियाई टीम ने कड़ी टक्कर दी थी।
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रेस का आयोजन का मुख्य कारण दुनिया भर के छात्रों की टीमों को सेल्फ-ड्राइविंग व्हीकल्स की क्षमताओं को सभी के सामने पेश करने का मौका देना था। इसने यह साबित कर दिया है कि इंसान ऑटोनोमस ड्राइविंग टेक्नोलॉजी के शुरुआती चरण को पूरा करने के काफी करीब है। जहां एक ओर यह टेक्नोलॉजी निजी वाहनों में सफलतापूर्वक काम कर रही है। वहीं, दूसरी ओर इसे रेस कार में शामिल कर दिया गया है।

रिपोर्ट आगे बताती है कि इंडी ऑटोनॉमस चैलेंज (IAC) के सह-आयोजक पॉल मिशेल (Paul Mitchell) ने कहा कि 'यह एक सफलता थी।' इसमें कोई शक नहीं है कि इस साल CES ऑटोमोटिव टेक्नोलॉजी के लिए अच्छा प्लेटफार्म साबित हुआ है। इस साल कई कंपनियों और स्टार्टअप्स ने इवेंट के दौरान अपने वाहनों में एडवांस ऑटोनोमस असिस्टेंस सिस्टम की पेशकश की।
 

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