Unocoin पर शुरू हुई Telegram के Toncoin की परचेज

इस वर्ष TON मेननेट को शुरू किया गया था। इसे मैनेज करने की जिम्मेदारी TON फाउंडेशन के पास है

विज्ञापन
राधिका पाराशर, अपडेटेड: 12 जुलाई 2022 15:52 IST
ख़ास बातें
  • Telegram के फाउंडर्स ने TON की योजना लगभग चार वर्ष पहले बनाई थी
  • इसे मैनेज करने की जिम्मेदारी TON फाउंडेशन के पास है
  • क्रिप्टो मार्केट में बिकवाली से क्रिप्टोकरेंसीज के प्राइसेज घटे हैं

Telegram के यूजर्स इस ऐप में चैट्स के अंदर Toncoin को सीधे भेज सकते हैं

मैसेजिंग ऐप Telegram की डीसेंट्रलाइज्ड लेयर-1 ब्लॉकचेन 'TON' के नेटिव टोकन Toncoin को भारतीय क्रिप्टो एक्सचेंज Unocoin पर खरीदने और एक्सचेंज के लिए उपलब्ध कराया गया है। Telegram के फाउंडर्स ने TON की योजना लगभग चार वर्ष पहले बनाई थी। इस वर्ष TON मेननेट को शुरू किया गया था। इसे मैनेज करने की जिम्मेदारी TON फाउंडेशन के पास है।

Telegram के यूजर्स इस ऐप में चैट्स के अंदर Toncoin को सीधे भेज सकते हैं लेकिन इससे पहले यूजर्स को अपने अटैचमेंट मेन्यू में Telegram के वॉलेट बॉट को जोड़ना होता है। Unocoin ने एक स्टेटमेंट में बताया, "Toncoin कुछ फीचर्स के कारण अन्य लेयर-1 ब्लॉकचेन्स से अलग है। यह ट्रांजैक्शन की कई जरूरतों को पूरा करता है। इसे उपलब्ध कराने के साथ हम तेज गति से ट्रांजैक्शंस की उम्मीद कर रहे हैं जिससे एक्सचेंज के यूजर्स की संख्या भी बढ़ सकती है।" हाल ही में TON फाउंडेशन ने डिवेलपमेंट की कोशिशों को आगे बढ़ाने के लिए डोनेशंस के जरिए लगभग एक अरब डॉलर जुटाए थे। 

अमेरिका के सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज कमीशन (SEC) के साथ विवाद के बाद Telegram को लगभग तीन वर्ष पहले अपना क्रिप्टोकरेंसीज से जुड़ा बिजनेस बंद करना पड़ा था। इसमें उसका नेटिव टोकन 'Gram' शामिल था। Telegram के CEO Pavel Durov और उनके भाई Nikolai ने शुरुआत में इस प्रोजेक्ट को Telegram Open Network (TON) के तौर पर डिवेलप किया था। Telegram के इस प्रोजेक्ट को छोड़ने के बाद डिवेलपर्स के एक ग्रुप ने इस पर काम जारी रखा था और उन्होंने बाद में Gram को Toncoin के तौर पर पेश किया था। Toncoin को अपने प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध कराने वाला Unocoin एकमात्र भारतीय क्रिप्टो एक्सचेंज है।

केंद्र सरकार के इस महीने की शुरुआत से क्रिप्टो ट्रांजैक्शंस पर एक प्रतिशत का TDS लागू करने के बाद क्रिप्टो एक्सचेंजों की ट्रेडिंग वॉल्यूम में काफी गिरावट आई है। पिछले कुछ महीनों से क्रिप्टो मार्केट में बिकवाली से बिटकॉइन सहित बहुत सी क्रिप्टोकरेंसीज के प्राइसेज काफी घटे हैं। इससे क्रिप्टो सेगमेंट से जुड़ी फर्मों की वित्तीय स्थिति पर भी असर पड़ा है। मार्केट कैपिटलाइजेशन के लिहाज से सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी बिटकॉइन ने पिछले वर्ष नवंबर में लगभग 69,000 डॉलर का हाई लेवल छुआ था। इसका प्राइस घटकर लगभग 20,400 डॉलर पर है। 
 
 

ये भी पढ़ेंभारतीय एक्सचेंजों में क्रिप्टोकरेंसी की कीमतें

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: Crypto, Telegram, Blockchain, Exchange, Market, America, Trading, SEC, Bitcoin
Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. OnePlus की अफोर्डेबल सेगमेंट में नया स्मार्टफोन लॉन्च करने की तैयारी, 8,000mAh तक हो सकती है बैटरी
#ताज़ा ख़बरें
  1. मोबाइल फोन की मैन्युफैक्चरिंग बढ़ाने के लिए सरकार लॉन्च करेगी 62,500 करोड़ रुपये की स्कीम
  2. भारत में क्रिप्टोकरेंसी को 'एसेट' का दर्जा नहीं मिला, सरकार ने दी जानकारी
  3. Just Corseca की नई स्मार्टवॉच, ईयरबड्स हुए लॉन्च, कीमत 1499 रुपये से शुरू
  4. 20000mAh बैटरी के साथ 22.5W फास्ट चार्जिंग वाला नया पावरबैंक Xiaomi ने किया लॉन्च, जानें कीमत व खास फीचर्स
  5. OnePlus की अफोर्डेबल सेगमेंट में नया स्मार्टफोन लॉन्च करने की तैयारी, 8,000mAh तक हो सकती है बैटरी
  6. Huawei FreeClip 2 S ईयरबड्स ग्लोबल मार्केट में लॉन्च, 38 घंटे की है बैटरी, जानें कीमत और फीचर्स
  7. GoBoult Tenet Pro ईयरबड्स भारत में लॉन्च, 75 घंटे तक चलेगी बैटरी, जानें कैसे हैं फीचर्स
  8. Redmi K100 सीरीज के हाई-एंड मॉडल में मिल सकती है 9,000mAh की बैटरी
  9. भारत के सबसे बड़े परमाणु प्लांट से जुड़ा डेटा लीक? हजारों डॉक्यूमेंट्स पहुंचे डार्क वेब पर!
  10. ₹3,400 सस्ता मिल रहा तीन 50 मेगापिक्सल कैमरा वाला Motorola स्मार्टफोन, ये है पूरी डील
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.