60 हजार से ज्यादा Android ऐप्स है गड़बड़ी का शिकार, आपने तो नहीं किए डाउनलोड!

संक्रमित ऐप्स आधिकारिक Google Play Store पर नहीं, बल्कि Google सर्च के जरिए खोजे जाने पर योग्य थर्ड-पार्टी ऐप स्टोर या वेबसाइट्स पर मिल रहे हैं।

विज्ञापन
Written by नितेश पपनोई, अपडेटेड: 12 जून 2023 18:04 IST
ख़ास बातें
  • पिछले छह महीनों में कम से कम 60,000 Android ऐप में एडवेयर पाए गए हैं
  • एडवेयर्स अकसर बैकग्राउंड में विज्ञापन चलाने का काम करते हैं
  • ऐप्स Play Store पर नहीं, बल्कि थर्ड-पार्टी वेबसाइट्स पर उपलब्ध हैं

इनमें से कई थर्ड-पार्टी ऐप्स Netflix, YouTube, TikTok जैसे पॉपुलर ऐप्स की नकल करते हैं

एक साइबर सिक्योरिटी फर्म का कहना है कि पिछले छह महीने में 60 हजार से ज्यादा Android ऐप्स में एडवेयर मिले हैं, जो बुरे मकसद रखने वाले डेवलपर्स के लिए स्मार्टफोन में बैकग्राउंड या फोरग्राउंड में किसी न किसी तरीके से विज्ञापन चलाकर पैसे बनाने का काम करते हैं। एडवेयर्स को इस तरह से डिजाइन किया जाता है कि ये आम यूजर के पकड़ में नहीं आता है। रिपोर्ट का कहना है कि एडवेयर्स से संक्रमित ऐप्स आधिकारिक गूगल प्ले स्टोर पर मौजूद नहीं है। इसके बजाय ये थर्ड-पार्टी स्टोर्स और इंटरनेट पर apk के रूप में डाउनलोड के लिए उपलब्ध हैं।

Bitdefender की रिपोर्ट के अनुसार, पिछले छह महीनों में कम से कम 60,000 Android ऐप में एडवेयर पाए गए हैं। एडवेयर्स अकसर बैकग्राउंड में विज्ञापन चलाने का काम करते हैं और इनकी वजह से स्मार्टफोन के बैटरी बैकअप में भी बुरा प्रभाव पड़ता है। ये स्मार्टफोन की परफॉर्मेंस में भी असर डालते हैं।

रिपोर्ट बताती है कि संक्रमित ऐप्स आधिकारिक Google Play Store पर नहीं, बल्कि Google सर्च के जरिए खोजे जाने पर योग्य थर्ड-पार्टी ऐप स्टोर या वेबसाइट्स पर मिल रहे हैं। इतना ही नहीं, इनमें से कई थर्ड-पार्टी ऐप्स Netflix, YouTube, TikTok जैसे पॉपुलर ऐप्स की नकल करते हैं और साथ ही फ्री VPN या प्रीमियम ऐप्स का एड-फ्री अनुभव देने का दावा करते हैं।

आम यूजर को ये वेबसाइट अच्छे से बेवकूफ बना सकती है, क्योंकि जब कोई यूजर कथित तौर पर गूगल सर्च से किसी थर्ड-पार्टी वेबसाइट खोलता है, तो उसे एक विज्ञापन पेज पर ले जाया जाता है, जो एक वैध डाउनलोड पेज के समान दिखाई देता है, लेकिन यह वास्तव में डिवाइस पर एडवेयर इंस्टॉल करता है। 

एक बार जब ऐप इंस्टॉल हो जाता है और स्मार्टफोन में खोला जाता है, तो यह एरर मैसेज दिखाता है और ऐप को अनइंस्टॉल करने का ऑप्शन दिखाता है। अब, यदि कोई यूजर इसे अनइंस्टॉल कर भी देता है, तो भी एडवेयर स्मार्टफोन में ही रहता है और बैकग्राउंड में चलता रहता है।
 
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: Adwares, Adware Apps, Google Play Store
Nitesh has almost seven years of experience in news writing and reviewing tech ...और भी
Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Poco X8 Pro Max में हो सकता हैचिपसेट, Geekbench पर हुई लिस्टिंग
  2. Upcoming Smartphones March 2026: Oppo K14 5G, Xiaomi 17 Ultra, Oppo Find N6 समेत जानें पूरी लिस्ट
  3. Realme C83 5G भारत में लॉन्च: बजट में 7000mAh बैटरी और 144Hz डिस्प्ले, जानें कीमत और स्पेसिफिकेशन्स
#ताज़ा ख़बरें
  1. 365 दिनों तक डेली 2.5GB, अनलिमिटिड 5G, कॉलिंग, फ्री Jiohotstar, OTT, Adobe सब्सक्रिप्शन वाला धांसू Airtel प्लान!
  2. आग के गोले जैसा ग्रह मिला! बन सकता है चट्टानों से भरी सुपर-अर्थ!
  3. Upcoming Smartphones March 2026: Oppo K14 5G, Xiaomi 17 Ultra, Oppo Find N6 समेत जानें पूरी लिस्ट
  4. 14 हजार तक सस्ता खरीदें Oppo का 200MP का कैमरा वाला फोन! यहां मिल रहा तगड़ा डिस्काउंट
  5. Honor X80i में मिल सकती है 6,800mAh की बैटरी, TENAA पर हुई लिस्टिंग
  6. Poco C85x 5G जल्द होगा भारत में लॉन्च, डुअल रियर कैमरा यूनिट
  7. कौन सा ऐप खा रहा है फोन की बैटरी? जल्द खुद बताएगा Google
  8. Poco X8 Pro Max में हो सकता है MediaTek Dimensity 9500s चिपसेट, Geekbench पर हुई लिस्टिंग
  9. Google Pixel 10a की भारत में शुरू हुई बिक्री, 5,100mAh की बैटरी, जानें प्राइस, ऑफर्स
  10. itel ने भारत में लॉन्च किया Zeno 100 स्मार्टफोन, Rs 7 हजार में 5000mAh बैटरी और 90Hz डिस्प्ले
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.