Aliens : अफ्रीका के रेगिस्‍तान में रहस्‍यमयी निशान, क्‍या एलियंस से है कनेक्‍शन? जानें

Aliens : ये घास के मैदान दक्षिण अफ्रीका, नामीबिया और अंगोला समेत पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया में मौजूद हैं।

विज्ञापन
Written by प्रेम त्रिपाठी, अपडेटेड: 30 अक्टूबर 2022 18:09 IST
ख़ास बातें
  • इनकी उत्‍पत्ति कैसे हुई, इसके बारे में कोई तय जवाब नहीं है
  • इलाके के लोग इन्‍हें एलियंस से जोड़कर देखते हैं
  • नामीबिया में इन छल्‍लों को लेकर सबसे ज्‍यादा भ्रम है

Aliens : स्थानीय लोग मानते हैं कि ये रहस्यमयी सर्कल ‘UFO या रात में नाचने वाली परियों’ के कारण हैं।

हमारी पृथ्‍वी पर कई अजीबोगरीब चीजें देखने को मिलती हैं। इनमें से कुछ इतनी रहस्‍यमयी हैं कि उनका ताल्‍लुक दूसरी दुनिया से बताया जाता है। ऐसा ही कुछ अफ्रीका के रेगिस्‍तान में देखने को मिलता है, जिसे लोग एलियंस या UFO की मौजूदगी मानते हैं। अफ्रीका के निर्जन इलाके में घास के छल्‍ले दिखाई देते हैं। इन्‍होंने वर्षों से वैज्ञानिकों को हैरान किया है। इनकी उत्‍पत्ति कैसे हुई, इसके बारे में कोई तय जवाब नहीं है। हालांकि इलाके के लोग इन्‍हें एलियंस से जोड़कर देखते हैं।      
ये घास के मैदान दक्षिण अफ्रीका, नामीबिया और अंगोला समेत पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया में मौजूद हैं। डेली स्‍टार ने बीबीसी के हवाले से लिखा है कि ये छल्‍ले 1.5 मीटर से 6 मीटर व्यास के हैं, जिनमें से कुछ 25 मीटर तक चौड़े हो सकते हैं। ये सबसे ज्‍यादा नामीबिया में नजर आते हैं और वहां हिम्बा जनजाति के लोगों का दावा है कि इनका कनेक्‍शन आत्‍माओं से है। लोग मानते हैं कि वो निशान उनके देवता मुकुरु के पैरों के निशान हैं।

एक अन्‍य थ्‍योरी कहती है कि इस तरह के छल्‍ले जानवरों द्वारा बनाए गए हो सकते हैं। वहीं, कुछ गाइड अपने टूरिस्‍टों को यह बताते आए हैं कि ये सर्कल एक अंडरग्राउंड ड्रैगन ने बनाए थे। 

नामीब-नौक्लुफ़्ट नेशनल पार्क के बाहर स्थित रोस्टॉक रिट्ज डेजर्ट लॉज के मालिक हेन शुल्त्स बताते हैं कि कुछ स्थानीय लोग यह भी मानते हैं कि ये रहस्यमयी सर्कल ‘UFO या रात में नाचने वाली परियों' के कारण हैं। हालांकि वैज्ञानिक वर्षों से यह जानने में जुटे हैं कि छल्‍ले बनाती हुई घास इलाके में क्‍यों उगती है। 

पहले रिसर्चर्स का मानना था कि इन सर्कलों का निर्माण दीमकों द्वारा किया जा सकता है। हालांकि ऑस्ट्रेलिया में घास के मैदानों का अध्ययन करने वाले वैज्ञानिकों का मानना है कि ये सर्कल खुद  घास बनाती है। इकोलॉजिस्‍ट, स्टीफन गेटजिन ने लाइव साइंस को बताया कि यह एक सकारात्मक प्रतिक्रिया है। ये घास 'सेल्‍फ-ऑर्गनाइज्‍ड पैच' हैं। ऐसा उस कठोर वातावरण में पानी का ज्‍यादा से ज्‍यादा लाभ लेने के लिए किया जाता है। 

हालांकि नामीबिया में इन सर्कलों की वजह जानने के लिए और अधिक शोध किया जा रहा है, क्योंकि वहां मिट्टी की संरचना अलग है। कीटविज्ञानी (Entomologist) यूजीन मरैस का मानना है कि ये सर्कल कई वजहों से बनते हैं, लेकिन इसका पता लगाया जाना अभी बाकी है। 
 

 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Honda ने भारत में पेश किया QC3 इलेक्ट्रिक स्कूटर, जानें फीचर्स, रेंज
  2. iQOO 15 Ultra के इंटरनेशनल मार्केट में लॉन्च की तैयारी, EEC पर हुई लिस्टिंग
  3. OnePlus N6x में मिलेगी 7,000mAh की बैटरी, इस महीने होगा लॉन्च
#ताज़ा ख़बरें
  1. 18,000Pa सक्शन पावर वायरलैस फ्लोर क्लीनर Xiaomi ने किया लॉन्च, जानें कीमत और फीचर्स
  2. Rapido, Uber, Ola कैब में महिलाएं कर सकेंगी महिला के साथ यात्रा, राइड पूलिंग के लिए आए नए नियम
  3. 10 हजार सस्ता खरीदें Vivo का 200MP कैमरा वाला फ्लैगशिप फोन!
  4. Samsung Galaxy F70 Pro जल्द होगा लॉन्च, Geekbench पर लिस्टिंग
  5. OnePlus N6x में मिलेगी 7,000mAh की बैटरी, इस महीने होगा लॉन्च
  6. Ola-Uber-Rapido ड्राइवर की मनमानी से परेशान? अब राइड कैंसल करने पर लगेगा भारी जुर्माना
  7. CJP Protest: बिना इंटरनेट चलने वाले Bitchat ऐप को सरकार ने किया बैन, जानें क्या था खतरा!
  8. Moto Pad 70 जल्द होगा भारत में लॉन्च, 10,200mAh की बैटरी
  9. Pixel Watch 5 में मिलेगी 3GB रैम, Qualcomm की चिप! गूगल प्ले कंसोल लिस्टिंग में खुलासा
  10. Honda ने भारत में पेश किया QC3 इलेक्ट्रिक स्कूटर, जानें फीचर्स, रेंज
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.