आर्टिफिशल रेडियोएक्टिविटी की खोजकर्ता Stefania Maracineanu को Google ने किया याद

पोलोनियम की हाफ लाइफ पर शोध करते हुए मारासिनिएनू ने पाया कि इसकी हाफ लाइफ उस धातु पर निर्भर करती है जिस पर यह रखा जाता है।

विज्ञापन
हेमन्त कुमार, अपडेटेड: 18 जून 2022 11:17 IST
ख़ास बातें
  • एस्ट्रोनॉमिकल ऑब्जर्वेटरी में चार साल काम करने के बाद वो रोमानिया लौटीं
  • रडियोएक्टिविटी की पढ़ाई के लिए उन्होंने अपनी पहली लैबोरेट्री बनाई
  • आज Google Doodle उनका 140वां जन्मदिन मना रहा है

आर्टीफिशल रेडियोएक्टिविटी की उनकी खोज को रोमानिया की साइंस अकादमी ने 1936 में मान्यता दी।

Google ने आज Doodle के माध्यम से रोमानिया की भौतिकी विज्ञानी स्टेफानिया मारासिनिएनू को याद किया है। आज Google Doodle उनका 140वां जन्मदिन मना रहा है। रेडियोएक्टिविटी के बारे में हम सब जानते हैं। इसकी खोज में मारासिनिएनू का अहम योगदान रहा है। स्टेफानिया ने 1910 में अपनी फिजिकल और केमिकल साइंस की डिग्री पूरी कर ली थी और उसके बाद उन्होंने बुचारेस्ट में लड़कियों के स्कूल में एक टीचर के रूप में पढ़ाना शुरू किया। इसी दौरान उन्हें रोमानिया के विज्ञान मंत्रालय से स्कोलरशिप भी मिली। उसके बाद स्टेफानिया ने पेरिस में रेडियम इंस्टीच्यूट में स्नातिकी शोध करने का फैसला किया। 

रेडियम को मैरी क्यूरी की खोज के रूप में जाना जाता है। उस वक्त रेडियम इंस्टीच्यूट मैरी क्यूरी के निर्देशन में विश्व भर में प्रसिद्ध होता जा रहा था। स्टेफानिया ने भी इसी संस्थान में अपनी रिसर्च करना शुरू किया था। यहां उन्होंने पोलोनियम पर अपनी पीएचडी थिसिस पर काम करना शुरू किया। पोलोनियम की खोज भी मैरी क्यूरी ने ही की थी। 

पोलोनियम की हाफ लाइफ पर शोध करते हुए मारासिनिएनू ने पाया कि इसकी हाफ लाइफ उस धातु पर निर्भर करती है जिस पर यह रखा जाता है। यहां पर वह जानकर हैरान हो गईं कि पोलोनियम से निकलने वाली एल्फा किरणों ने धातु के कुछ परमाणुओं को रेडियो एक्टिव आइसोटॉप में ट्रांसफर कर दिया। उनकी रिसर्च को आर्टिफिशिअल रेडियोएक्टिविटी की खोज कहा गया। 

म्यूडन में एस्ट्रोनॉमिकल ऑब्जर्वेटरी में चार साल तक काम करने के बाद वो रोमानिया लौट आईं और रडियोएक्टिविटी की पढ़ाई के लिए अपनी पहली लैबोरेट्री बनाई। उन्होंने कृत्रिम बरसात का अध्य्यन किया, जिसके लिए उन्होंने अल्जिरिया की एक यात्रा भी की। उन्होंने भूकंपों और बरसात के बीच के संबंध को भी स्टडी किया। उन्होंने सबसे पहले ये बताया था कि एपिकसेंटर में जब रेडियोएक्टिविटी बहुत ज्यादा बढ़ जाती है तो भूकंप आता है। 
Advertisement

1935 में मैरी क्यूरी की बेटी इरेनी क्यूरी और उनके पति को कृत्रिम रेडियोएक्टिविटी की खोज के लिए ज्वॉइंट नोबेल पुरस्कार मिला। मारासिनिएनू ने नोबेल के लिए दावा नहीं किया लेकिन कहा कि इस खोज में उनके योगदान को मान्यता दी जाए। उनकी इस खोज को रोमानिया की साइंस अकादमी ने 1936 में मान्यता दी। जहां पर स्टेफानिया को शोध निर्देशक के रूप में काम करने का अवसर मिला लेकिन विश्व स्तर पर उनको उनकी खोज के लिए कभी पहचान नहीं मिल पाई। 
Advertisement
 
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

हेमन्त कुमार Gadgets 360 में सीनियर ...और भी

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Upcoming Smartphones: 10,000mAh बैटरी के साथ Vivo, Oppo, Xiaomi के ये अपकमिंग स्मार्टफोन मचाएंगे तहलका!
  2. Honor Pad X10 Pro Max टैबलेट हुआ लॉन्च, 10,100 mAh बैटरी, फ्रंट में हैं दो कैमरा!
  3. Honor Turbo 5G लॉन्च हुआ 50MP दो कैमरा के साथ, 8560mAh बैटरी, IP69 रेटिंग
#ताज़ा ख़बरें
  1. Honor Turbo 5G लॉन्च हुआ 50MP दो कैमरा के साथ, 8560mAh बैटरी, IP69 रेटिंग
  2. ChatGPT आपका दिमाग 'खराब' कर देगा! रिसर्च में हुआ गंभीर खुलासा
  3. Upcoming Smartphones: 10,000mAh बैटरी के साथ Vivo, Oppo, Xiaomi के ये अपकमिंग स्मार्टफोन मचाएंगे तहलका!
  4. 11 हजार सस्ता खरीदें Vivo का खूबसूरत फोन, 6500mAh बैटरी, 50MP तीन कैमरा
  5. Tesla ने  रिकॉल किए 29 लाख EVs, सेफ्टी का है कारण 
  6. BMW लाई भारत में सस्ती लग्जरी कार X1 LWB, कीमत ₹49.90 लाख से शुरू, जानें फीचर्स
  7. Apple Jobs Cuts: 200 लोगों की Apple से छुट्टी, Siri, Vision Pro और सॉफ्टवेयर टीम से छंटनी
  8. Honor Pad X10 Pro Max टैबलेट हुआ लॉन्च, 10,100 mAh बैटरी, फ्रंट में हैं दो कैमरा!
  9. मोबाइल मार्केट में 'मेक इन इंडिया' की धूम! 99% से ज्यादा मोबाइल फोन भारत खुद बना रहा
  10. चाइनीज कंपनी Unitree के 'सुपरमैन' रोबोट ने तोड़े रिकॉर्ड, 46 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से दौड़ा, वीडियो वायरल
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.