Chandrayaan-1 ने खोला बड़ा राज, चंद्रमा पर पृथ्‍वी की वजह से बन रहा पानी!

Chandrayaan-1 : गौरतलब है कि चंद्रयान-1 ने चंद्रमा पर पानी के कणों की खोज में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

विज्ञापन
Written by प्रेम त्रिपाठी, अपडेटेड: 15 सितंबर 2023 19:32 IST
ख़ास बातें
  • चंंद्रयान-1 के डेटा की स्‍टडी से मिली बड़ी जानकारी
  • हाई-एनर्जी इलेक्‍ट्रॉन बना रहे पृथ्‍वी पर पानी
  • चंद्रयान-1 था भारत का पहला मून मिशन

चंद्रयान-1 भारत का पहला मून मिशन था, जिसे साल 2008 में शुरू किया गया था।

साल 2008 में भारतीय स्‍पेस एजेंसी इसरो (ISRO) ने चांद पर अपना पहला मिशन चंद्रयान-1 (Chandrayaan-1) भेजा था। चंद्रयान-1 मिशन ने चंद्रमा की सतह पर पानी की मौजूदगी का संकेत दिया था। ‘चंद्रयान-1' से मिले रिमोट सेंसिंग डेटा का विश्लेषण कर रहे वैज्ञानिकों ने पाया है कि पृथ्वी के उच्च ऊर्जा वाले इलेक्ट्रॉन (high-energy electrons) संभवत: चंद्रमा पर पानी बना रहे हैं। अमेरिका की हवाई ‍यूनिवर्सिटी के रिसर्चर्स की टीम ने पाया है कि पृथ्वी के प्लाज्मा आवरण यानी कवर में मौजूद ये इलेक्ट्रॉन चंद्रमा की सतह पर मौसमी प्रक्रिया में दखल दे रहे हैं। ‘नेचर एस्ट्रोनॉमी' मैगजीन में पब्लिश स्‍टडी में पाया गया है कि इलेक्ट्रॉन संभवत: चंद्रमा पर पानी बनाने में मदद कर सकते हैं।

रिसर्चर्स का कहना है कि यह स्‍टडी चंद्रमा पर जल की सांद्रता (water concentration) को जानने के लिए महत्‍वपूर्ण है। यह भविष्‍य में चांद पर इंसानी मिशन के लिए मददगार हो सकता है। गौरतलब है कि चंद्रयान-1 ने चंद्रमा पर पानी के कणों की खोज में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। यह भारत का पहला मून मिशन था, जिसे साल 2008 में शुरू किया गया था। 

इस साल भारत को बड़ी कामयाबी मिली, जब 23 अगस्‍त को इसरो के तीसरे मूशन चंद्रयान-3 (Chandrayaan-3) ने भारत में सफल लैडिंग कर ली। चंद्रयान-3 के विक्रम लैंडर और प्रज्ञान रोवर ने करीब 15 दिनों तक चांद पर अपने एक्‍सपेरिमेंट को पूरा किया। भारत दुनिया का चौथा देश बन गया था, जिसने चांद पर सफल लैंडिंग की। यही नहीं, चांद के दक्षिणी ध्रुव पर लैंड करने वाला भारत दुनिया का पहला देश बना है। 

विक्रम लैंडर और प्रज्ञान रोवर अभी चंद्रमा पर निष्क्रिय हैं। इसरो ने उन्‍हें स्‍लीप मोड में रखा और चांद के उस हिस्‍से में दोबारा सूर्य की रोशनी के पहुंचने का इंतजार किया जा रहा है। फ‍िर यह देखा जाएगा कि प्रज्ञान और विक्रम आगे काम कर पाते हैं या नहीं।  

 
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: , Earth, earth generate water on moon, science news hindi
Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Vivo X500 Pro में हो सकता है 50 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा, 7,500mAh की बैटरी
  2. 19000 रुपये सस्ता मिल रहा Google का 48 मेगापिक्सल कैमरा वाला Pixel स्मार्टफोन
  3. Honor की 14,000mAh की पावरफुल बैटरी वाला स्मार्टफोन लॉन्च करने की तैयारी
#ताज़ा ख़बरें
  1. अब जेब में लेकर घूम पाएंगे सिनेमा, प्रोजेक्टर वाला रग्ड फोन लॉन्च, जानें कीमत और फीचर्स
  2. स्मार्टफोन चोर अब पछताएंगे! मार्केट में आ रही अनोखी तकनीक
  3. 2200W इंडक्शन हीटिंग के साथ Xiaomi ने नया प्रेशर कुकर किया लॉन्च, जानें कीमत
  4. दुनिया की पहली नेरोगेज हाइड्रोजन ट्रेन इटली में पेश, धुएं की जगह छोड़ेगी भाप
  5. 19000 रुपये सस्ता मिल रहा Google का 48 मेगापिक्सल कैमरा वाला Pixel स्मार्टफोन
  6. Maruti Suzuki की e Vitara हुई महंगी
  7. Honor की 14,000mAh की पावरफुल बैटरी वाला स्मार्टफोन लॉन्च करने की तैयारी
  8. WhatsApp में बदल गया मैसेज एडिटिंग का अंदाज! अब ज्यादा आसानी से कर सकेंगे सुधार
  9. Elon Musk से छिना ट्रिलिनेयर का खिताब, SpaceX का शेयर प्राइस गिरने का असर
  10. GTA 6 खरीदना पड़ेगा महंगा? शुरू हुई प्री-बुकिंग, सामने आया ऑफिशियल प्राइस
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.