ब्रह्मांड में मिला 2 लाख प्रकाशवर्ष में फैला रेडियो जेट, Milky Way गैलेक्सी से दोगुना चौड़ा!

यह रेडियो जेट चौड़ाई में मिल्की वे आकाशगंगा से भी दोगुना है।

विज्ञापन
Written by हेमन्त कुमार, अपडेटेड: 15 फरवरी 2025 10:15 IST
ख़ास बातें
  • यह रेडियो जेट चौड़ाई में मिल्की वे आकाशगंगा से भी दोगुना है।
  • यह रेडियो जेट ब्रह्मांड की शुरुआत में बना होगा।
  • रेडियो जेट की खोज दो शक्तिशाली रेडियो टेलीस्कोप की मदद से की गई है।

खगोल वैज्ञानिकों ने एक विशाल रेडियो जेट की खोज की है जो दूर ब्रह्मांड में 2 लाख प्रकाशवर्ष तक फैला हुआ है।

अनंत ब्रह्मांड में अंतरिक्ष वैज्ञानिकों के हाथ एक बड़ी खोज लगी है। खगोल वैज्ञानिकों ने एक विशाल रेडियो जेट की खोज की है जो दूर ब्रह्मांड में 2 लाख प्रकाशवर्ष तक फैला हुआ है। यह रेडियो जेट चौड़ाई में मिल्की वे आकाशगंगा से भी दोगुना है। वैज्ञानिक कह रहे हैं कि यह शुरुआती ब्रह्मांडीय ढांचे की एक झलक दिखाता है। यह रेडियो जेट ब्रह्मांड की शुरुआत में बना होगा जब इसकी उम्र वर्तमान उम्र की केवल 10% थी। ब्रह्मांड को 13.8 अरब वर्ष पुराना माना जाता है। 

वैज्ञानिकों ने इस विशाल रेडियो जेट की खोज दो शक्तिशाली रेडियो टेलीस्कोप की मदद से की है। स्टडी को The Astrophysical Journal Letters में प्रकाशित किया गया है। दूरस्थ ब्रह्मांडीय घटनाओं को ऑब्जर्व करने के लिए इन एडवांस टेलीस्कोपों की मदद से अंतरिक्ष वैज्ञानिक वास्तव में ही अतीत में झांक सकते हैं। विशाल रेडियो जेट की खोज प्रारंभिक ब्रह्मांड के बारे में बहुमूल्य जानकारी देती है। यह खोज इस बात का पता लगाने में मदद कर सकती है कि सबसे पहला जेट कब बना होगा और कैसे इन्होंने समय के साथ आकाशगंगाओं के निर्माण की प्रक्रिया को प्रभावित किया होगा। 

National Science Foundation की NOIRLab में पोस्टडॉक्टोरल रिसर्च फ़ेलो Anniek Gloudemans स्टडी की मुख्य लेखक हैं। एनीक ने इस खोज को अभूतपूर्व बताया और कहा कि यह प्रारंभिक ब्रह्मांड में अब तक देखा गया सबसे बड़ा रेडियो जेट है। एनीक के मुताबिक, अब तक वैज्ञानिकों को इन विशाल रेडियो जेट की खोज के लिए संघर्ष करना पड़ा है। ये विशाल रेडियो जेट बिग बैंग के तुरंत बाद बने थे। इनको आसानी से खोज न पाने का कारण यह है कि ये बहुत दूर हैं, और इतनी दूरी के कारण इन्हें पहचानना मुश्किल है।

वैज्ञानिकों का कहना है कि ब्रह्मांडीय माइक्रोवेव बैकग्राउंड के कारण इनके रेडियो संकेत कम हो जाते हैं जो आसानी से पृथ्वी से नहीं पकड़े जा सकते हैं। इसलिए इनकी अनुपस्थिति ब्रह्मांडीय माइक्रोवेव के कारण मानी जाती थी। हाल ही में देखा गया यह रेडियो जेट 200,000 प्रकाश वर्ष से अधिक दूरी तक फैला हुआ है और ब्लैक होल्स से जुड़ा हो सकता है। ब्लैक होल अधिकतर आकाशगंगाओं के हृदय स्थल पर मौजूद होते हैं। जैसे ही यह पदार्थ ब्लैक होल में प्रवेश करता है, यह भारी मात्रा में ऊर्जा छोड़ता है जिनके कारण कासार (quasar) भी बनते हैं, ये ब्रह्मांड की सबसे चमकीली वस्तुओं में से एक होते हैं। 
 
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

हेमन्त कुमार Gadgets 360 में सीनियर ...और भी

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. 10,000mAh बैटरी के साथ Honor Win Turbo हुआ लॉन्च, 16GB रैम, 50MP कैमरा, जानें कीमत
  2. दिल्ली में फिर हुआ AC ब्लास्ट, ओवरहीटिंग बन सकती है जानलेवा; जानें कारण और सेफ्टी टिप्स
#ताज़ा ख़बरें
  1. Call of Duty: Modern Warfare 4 का इंतजार खत्म! जानें रिलीज डेट, स्टोरी और सपोर्टेड डिवाइस
  2. दिल्ली में फिर हुआ AC ब्लास्ट, ओवरहीटिंग बन सकती है जानलेवा; जानें कारण और सेफ्टी टिप्स
  3. RBI ला सकता है प्लास्टिक के नोट? जानें क्या होते हैं पॉलीमर नोट और कैसे काम करती है यह टेक्नोलॉजी
  4. 10,000mAh बैटरी के साथ Honor Win Turbo हुआ लॉन्च, 16GB रैम, 50MP कैमरा, जानें कीमत
  5. Aadhaar में ऑनलाइन कैसे बदले एड्रेस, नहीं पड़ेगी सेंटर में जाने की जरूरत
  6. Tata Tiago EV 2026 vs पुराना मॉडल: कीमत घटी, रेंज बदली, जानें दोनों में कितना अंतर
  7. Honor X80 में होगी 10000mAh से भी बड़ी बैटरी! जून में हो सकता है लॉन्च
  8. Acer Predator Atlas 8 लॉन्च, 8 इंच डिस्प्ले के साथ गजब के फीचर्स, गेमिंग में आएगा अलग ही मजा
  9. 5000 रुपये सस्ता मिल रहा Samsung का 50MP कैमरा, 5000mAh बैटरी वाला स्मार्टफोन
  10. 621 लीटर क्षमता वाला रेफ्रिजिरेटर Xiaomi ने किया लॉन्च, जानें कीमत और फीचर्स
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.